भविष्य ज्योति सम्मान 2026: 300 मेधावी छात्राओं को किया गया सम्मानित, एडीसीपी लिपि नगायच ने बढ़ाया हौसला
Varanasi News: अमर उजाला भविष्य ज्योति सम्मान-2026 में हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की 300 मेधावी छात्राओं को सम्मानित किया गया। इस दौरान मुख्य अतिथि एडीसीपी लिपि नगायच ने कहा कि परीक्षा में रैंक या नौकरी में पद पाना सफलता के मानक नहीं, आपकी संतुष्टि ही सफलता है।
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अमर उजाला की ओर से भविष्य ज्योति सम्मान-2026 के तहत शुक्रवार को हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के सभी बोर्ड की 300 मेधावी छात्राओं को सम्मानित किया गया। मंच से सम्मान पाकर मेधावियों के चेहरे खिल उठे। कमिश्नरी सभागार में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि एडीसीपी लिपि नगायच ने कहा कि आपके लक्ष्य के प्रति आपकी प्रतिबद्धता ही अनुशासन है। किसी भी परीक्षा में टॉप करना, रैंक पाना या नौकरी में पद पाना, इसे सफलता का मानक नहीं माना जाता। अगर आप कोई काम कर संतुष्ट हैं तो आप सफल हैं।
कॅरिअर और हॉबी के बीच चुनाव के सवाल पर उन्होंने दोनों को साथ लेकर चलने का सुझाव दिया। उन्होंने यूपीएससी की तैयारी के लिए छात्राओं को कई जरूरी टिप्स किए। कई किताबों के बारे में भी बताया। कार्यक्रम में सभी छात्राओं को मेडल और प्रमाण पत्र तथा उनके विद्यालय के समन्वयकों व शिक्षकों को मोमेंटो देकर सम्मानित किया गया।
इस दौरान वहां मौजूद सभी अतिथियों, शिक्षकों और अभिभावकों ने अमर उजाला के इस कार्यक्रम की सराहना की। संचालन शुभम तिवारी ने किया। इस दौरान मीडिया थीम के निदेशक एसबी तिवारी समेत आदि मौजूद रहे।
डीआईओएस भोलेंद्र प्रताप सिंह ने कहा कि छात्राओं को छात्रों की अपेक्षा अधिक चुनौतियां झेलनी पड़ती हैं। ऐसे में छात्राएं अपने भीतर के हुनर को पहचानें और उसी दिशा में आगे बढ़ें। लक्ष्य के प्रति प्रतिबद्धता ही आपको सफल बनाएगी। इसके लिए आपको सबसे पहने खुद से लड़ना होगा। खुद को हर परिस्थितियों के लिए तैयार कर लें और जो भी लक्ष्य तय करें उस ओर दृढ़ निश्चय से आगे बढ़ें।
कैटजी के निदेशक एसके अग्रवाल ने बच्चों को गीता के श्लोक से सफलता के मंत्र बताए। उन्होंने छात्र जीवन से लेकर सफल होने तक आने वाली चुनौतियों के बारे में बताने के साथ ही उसके समाधान भी बताए। उन्होंने कहा कि अपने 30 वर्ष की शैक्षणिक यात्रा में यह देखा है कि जो बच्चे लगातार मेहनत करते हैं वो जरूर सफल होते हैं।
हरे कृष्ण ज्वेलर्स के अधिष्ठाता संतोष अग्रवाल ने कहा कि जीवन में लक्ष्य तय करें, तभी आगे बढ़ पाएंगे। लक्ष्य को पूरा करने में जो बाधाएं आ रही हैं उनका डट कर सामना करें। भगवान राम का उदाहरण देते हुए कहा कि ईश्वर होने के बावजूद उन्हें वनवास काटना पड़ा।
बैंक ऑफ बड़ौदा के लोन अधिकारी नीरज श्रीवास्तव ने बैंकिंग क्षेत्र में कॅरिअर बनाने के बारे में बताया। साथ ही बैंक की विभिन्न स्कीम जो छात्रों से जुड़ी हैं और एजुकेशन लोन के बारे में जानकारी दी।

ये हैं प्रायोजक
कार्यक्रम के मुख्य प्रायोजक सनबीम कॉलेज फॉर विमेन है। पावर्ड बाई कैटजी और श्री हरे कृष्ण ज्वेलर्स हैं।
ये हैं सह प्रायोजक
कार्यक्रम के सह प्रायोजकों में बनारस इंस्टीट्यूट ऑफ टीचर्स एजुकेशन, डॉ. विपिन सिंह, जालान्स, अनंत हॉस्पिटल, श्री गणपति होंडा है। बैंकिंग पार्टनर बैंक ऑफ बड़ौदा है।

अमर उजाला की ओर से आयोजित यह कार्यक्रम बहुत ही शानदार रहा। छात्राओं को सम्मानित करने से उनका मनोबल बढ़ेगा। इससे वे आगे और अच्छा करेंगी। यह बेहद सराहनीय पहल है। ऐसे सम्मान से मेधावियों को आगे बढ़ाने की प्रेरणा मिलती है। -दीपक मधोक, चेयरमैन, सनबीम ग्रुप
इन विद्यालयों के छात्राओं और शिक्षकों को किया गया सम्मानित
1- सेठ आनंदराम जयपुरिया स्कूल तरना से कोऑर्डिनेटर मीनू सिंह
2- आर्य महिला इंटर कॉलेज, चेतगंज
3- गुरु नानक इंग्लिश स्कूल शिवपुर से कोऑर्डिनेटर आकाश सिन्हा
4- हरिश्चंद्र बालिका इंटर कॉलेज, मैदागिन से कोऑर्डिनेटर रंजना गिरी
5- कस्तूरबा बालिका इंटर कॉलेज, अर्दली बाजार से कोऑर्डिनेटर संदीप गौतम
6- निवेदिता शिक्षा सदन बालिका इंटर कॉलेज, महमूरगंज से कोऑर्डिनेटर अंजली पटेल
7- रानी मुरार कुमारी बालिका इंटर कॉलेज, यूपी कॉलेज कैंपस से वाइस प्रिंसिपल डॉ. ममता रानी व कोऑर्डिनेटर डॉ. नीरजा सिंह
8- विकास इंटर कॉलेज परमानंदपुर