प्लान: अब पीएनजी से रोशन होंगे काशी के रसोईघर, रोज 130 घरों को मिल रहा कनेक्शन; ऐसे करें रजिस्ट्रेशन
Varanasi News: वर्तमान में प्रशासन की टीमें प्रतिदिन लगभग 130 नए घरों को एलपीजी से पीएनजी कनेक्शन में परिवर्तित कर रही हैं। बीएचयू, डीएलडब्ल्यू, सुंदरपुर, चितईपुर, पांडेयपुर, शिवपुर और सारनाथ जैसे कई रिहायशी इलाकों में यह सुविधा पहले ही सुचारू रूप से कार्य कर रही है।
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Varanasi News: वाराणसी जिले में बीते कुछ दिनों से एलपीजी सिलेंडरों की आपूर्ति में आ रही बाधाओं के बीच जिला प्रशासन ने राहत भरा प्लान तैयार किया है। शहर की रसोई को ईंधन के संकट से मुक्त करने के लिए अब पाइप्ड नेचुरल गैस (पीएनजी) के दायरे को युद्ध स्तर पर बढ़ाने का निर्णय लिया गया है। जिला प्रशासन और गेल इंडिया लिमिटेड के संयुक्त प्रयासों से अब घर-घर तक सुरक्षित और सुलभ गैस पाइपलाइन पहुंचाने की तैयारी पूरी कर ली गई है।
कमिश्नरी सभागार में बुधवार को गेल के कार्यकारी निदेशक एचके गर्ग ने मंडलायुक्त एस. राजलिंगम और नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल के साथ साझा प्रेसवार्ता में बताया कि शहर के भीतर पीएनजी के बुनियादी ढांचे को मजबूत किया जा रहा है। वाराणसी के लगभग 1.23 लाख से अधिक घरों में पीएनजी का ढांचा तैयार हो चुका है, जिनमें से 69,485 घरों में सक्रिय रूप से गैस की आपूर्ति की जा रही है।
क्यूआर कोड से कर सकेंगे पंजीकरण
सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन के चीफ मैनेजर प्रवीण गौतम ने बताया कि जिन मोहल्लों में पीएनजी नेटवर्क पूरी तरह बिछ चुका है, उन्हें चरणबद्ध तरीके से एलपीजी मुक्त क्षेत्र घोषित किया जाएगा। ऐसे क्षेत्रों में नागरिकों के लिए पीएनजी कनेक्शन लेना अनिवार्य किया जा सकता है। गेल द्वारा विभिन्न इलाकों में विशेष कैंप लगाए जाएंगे, जहां क्यूआर कोड के माध्यम से ऑनलाइन पंजीकरण की सुविधा उपलब्ध होगी।
हर दिन 30 टीमें दे रहीं पीएनजी कनेक्शन
मंडलायुक्त एस. राजलिंगम ने कहा कि इस पूरी परियोजना की दैनिक स्तर पर मॉनिटरिंग की जा रही है। उपभोक्ताओं को अब सिलिंडर खत्म होने या बुकिंग के इंतजार जैसी समस्याओं से मुक्ति मिलेगी। वर्तमान में शहर के विभिन्न कोनों में 30 टीमें कनेक्शन देने का कार्य कर रही हैं। एक टीम औसतन प्रतिदिन 3 से 4 घरों में मीटर और पाइपलाइन इंस्टॉलेशन का कार्य पूरा कर रही है।
अफवाहों पर न दें ध्यान : मंडलायुक्त
शहर में एलपीजी और पेट्रोल की कमी को लेकर फैल रही अफवाहों पर विराम लगाते हुए मंडलायुक्त ने कहा कि जिले में ईंधन का पर्याप्त स्टॉक मौजूद है। लोग घबराकर स्टॉक न करें, क्योंकि अनावश्यक जमाखोरी से बाजार का संतुलन बिगड़ सकता है। स्कूलों में मिड-डे मील और धर्मशालाओं जैसे सार्वजनिक स्थानों के लिए गैस की कोई कमी नहीं होने दी जाएगी।