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Mahapanchayat of the Road community held in Kurukshetra regarding the Harsh Road encounter case; effigies of Jagmohan Anand burned.
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कुरुक्षेत्र में हर्ष रोड एनकाउंटर मामले में रोड समाज की महापंचायत, जगमोहन आनंद के पुतले फूंके
बीरू हत्याकांड के बाद हुए एनकाउंटर में मारे गए गांव काला माजरा, नीलोखेड़ी निवासी हर्ष रोड के मामले को लेकर रोड समाज की ओर से कुरुक्षेत्र की रोड धर्मशाला में महापंचायत आयोजित की गई। महापंचायत में समाज और परिवार की ओर से एनकाउंटर को लेकर सवाल उठाए गए। वक्ताओं ने आरोप लगाया कि हर्ष ने सरेंडर कर दिया था, इसके बावजूद उसका एनकाउंटर किया गया। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग उठाई।
महापंचायत में समाज के लोगों ने आरोप लगाया कि हर्ष के खिलाफ कोई मामला नहीं था। उनके अनुसार हर्ष अकेले बाइक पर गया था और उसे आशंका थी कि कहीं उसका नाम मामले में न आ जाए, इसलिए उसने सरेंडर किया था। इसके बाद भी एनकाउंटर किए जाने पर समाज ने सवाल उठाए। महापंचायत में इस मामले को लेकर करनाल के एसपी की भूमिका पर भी सवाल उठाए गए।
जगमोहन आनंद के इस्तीफे तक आंदोलन जारी रखने का ऐलान
महापंचायत में करनाल के भाजपा विधायक जगमोहन आनंद का पुतला फूंका गया। समाज के लोगों ने कहा कि जब तक विधायक इस्तीफा नहीं देते, आंदोलन जारी रहेगा। साथ ही मुख्यमंत्री से मिलने का समय मांगते हुए एनकाउंटर की जांच कराने की मांग उठाई गई।
महापंचायत में भाजपा विधायक सतपाल जांबा और कैथल से जिला परिषद चेयरमैन करमवीर कोल भी शामिल हुए। विधायक सतपाल जांबा ने कहा कि वह पहले समाज के व्यक्ति हैं और बाद में विधायक। उन्होंने कहा कि 36 बिरादरी ने उन्हें विधायक बनाकर भेजा है।
हर्ष के छोटे भाई को 15 लाख की सहायता
महापंचायत में रोड महासभा के निजी कोष से हर्ष के परिवार को 15 लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की गई। बताया गया कि हर्ष के माता-पिता नहीं हैं। हर्ष की उम्र 17 वर्ष थी, जबकि उसका छोटा भाई करीब 14-15 वर्ष का है। ऐसे में समाज की ओर से परिवार की मदद की गई।
महापंचायत में समाज के लोगों ने कहा कि जब तक मामले की निष्पक्ष जांच और उनकी मांगों पर कार्रवाई नहीं होती, आंदोलन जारी रखा जाएगा।
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