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VIDEO : Niti Aayog member inspected health centers in Sonipat, fourth class employee not found in two
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VIDEO : सोनीपत में नीति आयोग के सदस्य ने स्वास्थ्य केंद्रों किया निरीक्षण, दो में नहीं मिला चतुर्थ श्रेणी कर्मी
नीति आयोग के सदस्य डॉ. विनोद कुमार पॉल व सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय के सचिव अमित यादव ने शनिवार को तीन स्वास्थ्य केंद्रों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने चिकित्सकों व स्टाफ कर्मियों से बात करते हुए व्यवस्थाओं की जांच की। जांच के दौरान रायपुर स्थित हेल्थ वेलनेस सेंटर और जटवाड़ा स्थित शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में कोई भी चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी नहीं मिला।
गांव जाखौली स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में भी टीम ने दौरा किया।
गांव रायपुर स्थित हेल्थ वेलनेस सेंटर के स्टाफ कर्मियों ने बताया कि चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के अभाव में खुद सफाई करनी पड़ रही है। चतुर्थ श्रेणी कर्मी के नियुक्ति के लिए मांग भेजी गई है। नीति आयोग के सदस्य ने दवाओं की जानकारी लेने लगे तभी उपायुक्त डॉ. मनोज कुमार ने कहा कि अस्पतालों में खांसी के लिए कफ सिरप और दर्द निवारक दवाओं की किल्लत रहती है। लघु सचिवालय में लगाए जा रहे समाधान शिविर में इन दो दवाओं की पूर्ति की मांग ज्यादा आ रही है। इसको लेकर मुख्यालय अवगत करा रखा है। दवाओं की पूर्ति होने के बाद मरीजों को वितरण कराया जाएगा।
मानसिक रोगियों को नहीं मिलता टेली मानस सेवा का लाभ
राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के लिए सरकार ने टेली मानस सेवा की शुरुआत कर रखी है। इस सेवा के बारे में जब आयोग के सदस्य डॉ. विपिन कुमार पॉल ने जानकारी ली तो रायपुर स्वास्थ्य केंद्र की इंचार्ज डॉ. दीपांशी ने बताया कि टेली मानस सेवा ज्यादा व्यस्त रहता है। जिसकी वजह से मानसिक रोगियों को इलाज के लिए रेफर कर दिया जाता है।
शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में डिलिवरी की व्यवस्था नहीं
व्यवस्थाओं की जांच करने के बाद टीम जटवाड़ा स्थित शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में पहुंची। वहां केंद्र की इंचार्ज डॉ. शैलजा ने बताया कि 70 हजार की आबादी पर सात एएनएम काम कर रही है। अस्पताल में डिलिवरी हट की सुविधा नहीं है। इस क्षेत्र की गर्भवती को डिलिवरी कराने के लिए जिला नागरिक अस्पताल में लेकर जाना पड़ता है। यहां सभी तरह के जरूरी लैब टेस्ट की सुविधा है।
मरीजों की आंखों की जांच के लिए नेत्र विशेषज्ञ नहीं है। उप सिविल सर्जन डॉ. नीरज यादव ने बताया कि यहां पर एनएचएम के जरिए नेत्र विशेषज्ञ की नियुक्ति की गई थी, लेकिन बाद में उसने त्यागपत्र देकर नौकरी छोड़ दी थी। चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी छोटूराम धर्मशाला में संचालित स्वास्थ्य केंद्र में डेपुटेशन पर गई हुई है। टीम के साथ उपायुक्त डॉ. मनोज कुमार, एसडीएम अमित कुमार, सिविल सर्जन डॉ. जयंत आहुजा, उप सिविल सर्जन डॉ. नीरज यादव भी मौजूद रहे।
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