{"_id":"6602b7452ce53956b7086f1d","slug":"video-palthan-sholi-the-worshipable-deity-of-nankhadi-area-left-for-the-phag-fair-site-only-after-the-firing","type":"video","status":"publish","title_hn":"VIDEO : फायरिंग के बाद ही फाग मेला स्थल के रवाना हुए ननखड़ी क्षेत्र के आराध्य देवता पल्थान शोली","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
VIDEO : फायरिंग के बाद ही फाग मेला स्थल के रवाना हुए ननखड़ी क्षेत्र के आराध्य देवता पल्थान शोली
हिमाचल प्रदेश के शिमला जिले के रामपुर में जिलास्तरीय फाग मेले के पहले दिन ही पुलिस थाना रामपुर के बाहर हजारों की संख्या में देवलू उमड़ गए। ननखड़ी क्षेत्र के आराध्य देवता पल्थान शोली के साथ आए देवलुओं और श्रद्धालुओं ने वी वांट फायर के नारे लगाए। करीब पौने घंटे तक नेशनल हाईवे पर मंदिर कमेटी, पुलिस प्रशासन और मेला कमेटी के बीच गतिरोध चलता रहा। आखिर फायरिंग करने के बाद ही देवता पल्थान शोली यहां से आगे मेला स्थल की ओर रवाना हुए। पुलिस थाना रामपुर के बाहर करीब पौने घंटे तक माहौल संवेदनशील बना रहा। दरअसल, देव आगमन के साथ ही रामपुर में जिलास्तरीय फाग मेले का आगाज हो गया है। मेले में पहुंचे देवी-देवताओं के अपने-आने कायदे-कानून हैं, जिसका निर्वहन सदियों से होता चला आ रहा है। ऐसा ही नियम ननखड़ी के आराध्य देवता साहिब पल्थान शोली का भी है। रामपुर क्षेत्र में शोली ऐसे देवता हैं, जो जब मंदिर से बाहर कहीं निकलते हैं तो उनका कारवां जैसे जैसे आगे बढ़ता है, वैसे-वैसे विभिन्न स्थानों पर फायरिंग होती है। मंगलवार को जब देवता शोली मेले में शामिल होने जा रहे थे तो नियमों के मुताबिक पुलिस थाना रामपुर के बाहर देवता ने फायरिंग के आदेश दिए, लेकिन चुनाव आर्दश आचार संहिता के चलते पुलिस प्रशासन ने फायरिंग से मनाही कर दी। फिर क्या था, देवता यहीं रुक गए और पुलिस और मेला कमेटी की कई मिन्नतों के बाद भी यहां से आगे नहीं बढ़े। मौके पर तनावपूर्ण हुए माहौल को शांत करने के लिए पुलिस प्रशासन और मेला कमेटी ने ऐड़ी-चोटी का जोर लगा दिया, लेकिन फायरिंग नहीं होने के कारण देवता यहां से आगे नहीं बढ़े। करीब पौने घंटे तक नेशनल हाईवे पांच पर हजारों लोग उमड़े रहे, वहीं मेले में आने वाले अन्य देवी-देवता भी शोली देवता के पीछे ही रहे। किसी भी देवता ने यहां से आगे आने में अपनी सहमति नहीं जताई। मामले की गंभीरता को देखते हुए डीएसपी रामपुर नरेश शर्मा भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने देवता के कार करिंदों और देवता के साथ आए श्रद्धालुओं को आगे बढ़ाने का प्रयास किया, लेकिन देवता और श्रद्धालु फायरिंग करने की मांग पर अड़े रहे। आखिर दोपहर 2:41 बजे फायरिंग हुई
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
अमर उजाला प्रीमियम वीडियो सिर्फ सब्सक्राइबर्स के लिए उपलब्ध है
प्रीमियम वीडियो
सभी विशेष आलेख
फ्री इ-पेपर
सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।