दतिया के बड़ौनी थाना क्षेत्र के छता गांव में रिश्तों को तार-तार कर देने वाली खौफनाक वारदात का खुलासा हुआ है। महज 40 हजार रुपये के लिए एक कलयुगी बेटे ने सोते हुए पिता पर कुल्हाड़ी से वार कर उनकी हत्या कर दी। हैरानी की बात यह है कि हत्या के बाद शव को करीब छह महीने तक घर में रखे लोहे के बक्से में बंद रखा गया। जब बदबू फैलने का डर सताने लगा तो ताऊ की मदद से हड्डियां गांव के बाहर फेंक दीं। 11 महीने बाद पुलिस ने इस अंधे कत्ल से पर्दा उठाते हुए आरोपी बेटे और उसके ताऊ को गिरफ्तार कर लिया है।
मामले की शुरुआत 28 जून को हुई जब छता निवासी वीर सिंह बुंदेला बड़ौनी थाने पहुंचे। उन्होंने पुलिस को बताया कि उनका भाई उदय भान सिंह पिछले 11 महीने से लापता है। जब उन्होंने भतीजे नितिन बुंदेला से पिता के बारे में पूछा तो वह हर बार यही कहता कि पिताजी मुंबई गए हैं । वीर सिंह को भतीजे की बातों पर शक हुआ। उन्होंने पुलिस से आशंका जताई कि उनके भाई की हत्या कर दी गई है और इसमें नितिन का हाथ हो सकता है।
शिकायत मिलते ही बड़ौनी पुलिस हरकत में आई और नितिन बुंदेला को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। शुरुआत में नितिन पुलिस को गुमराह करता रहा। उसने कहानी गढ़ी कि ट्रैक्टर के कल्टीवेटर का पलटकर पिता के सिर पर गिर गया था, जिससे मौके पर ही उनकी मौत हो गई। डर के कारण उसने पुलिस को सूचना नहीं दी और शव को घर में रखे बक्से में छिपा दिया। लेकिन पुलिस को उसकी बातों पर यकीन नहीं हुआ। जब सख्ती से पूछताछ की गई तो नितिन टूट गया और उसने पिता की हत्या की बात कबूल कर ली।
पूछताछ में नितिन ने बताया कि अगस्त 2025 में पिता उदय भान ने उसे ट्रैक्टर की किश्त जमा करने के लिए 40 हजार रुपये दिए थे। नितिन ने वह रकम किश्त में जमा करने के बजाय खर्च कर दी। जब पिता बार-बार पैसे मांगने लगे तो दोनों के बीच कहासुनी होने लगी। गुस्से में आकर एक रात जब पिता खाट पर सो रहे थे, नितिन ने कुल्हाड़ी से उन पर कई वार कर दिए। मौके पर ही उदय भान की मौत हो गई।
हत्या के बाद नितिन ने शव को ठिकाने लगाने के बजाय घर में रखे बड़े लोहे के बक्से में डाल दिया और उसे कसकर पैक कर दिया ताकि बदबू बाहर न आए। करीब छह महीने तक शव उसी बक्से में बंद रहा। इसके बाद नितिन ने अपने ताऊ अष्पेंद्र बुंदेला की मदद ली। दोनों ने मिलकर बक्से से निकली हड्डियों को गांव के बाहर सुनसान जगह फेंक दिया।
ये भी पढ़ें- MP: पत्नी ने शराबी पति को खंभे पर रस्सी से बांधा, फिर मुंह पर टेप चिपकाकर पीटा भी; आंदोलन में डाल रहा था खलल
पुलिस ने नितिन की निशानदेही पर गांव के बाहर से कुछ हड्डियां बरामद की हैं। इन्हें फॉरेंसिक जांच और डीएनए टेस्ट के लिए भेजा गया है, ताकि पुष्टि हो सके कि ये अवशेष उदय भान के ही हैं। बड़ौनी पुलिस ने हत्या का खुलासा करते हुए आरोपी बेटे नितिन बुंदेला और हत्या में सहयोग करने वाले ताऊ अष्पेंद्र बुंदेला को गिरफ्तार कर लिया है।
इस पूरे मामले पर दतिया एसपी मयूर खंडेलवाल ने कहा कि यह घटना रिश्तों को शर्मसार करने वाली है। महज 40 हजार रुपये के लिए बेटे ने पिता की हत्या कर दी और 11 महीने तक शव को घर में छिपाए रखा। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। मामले में आगे की कार्रवाई जारी है। 11 महीने तक एक गांव में यह राज दफन रहा कि एक बेटा अपने ही पिता का हत्यारा है। फिलहाल पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है ।