जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद देशभर की सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट पर रखा गया है। भारत-पाक सीमा से सटे राजस्थान के बाड़मेर जिले में भी पुलिस, बीएसएफ और अन्य सुरक्षा एजेंसियां सतर्क मोड में हैं। बाड़मेर के पुलिस अधीक्षक नरेंद्र सिंह मीना ने सीमा से सटे इलाकों का दौरा कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया और अधिकारियों को जरूरी दिशा-निर्देश दिए।
एसपी नरेंद्र सिंह मीना ने बताया कि पहलगाम की घटना के बाद मुख्यमंत्री और मुख्य सचिव ने गुरुवार को एक उच्चस्तरीय बैठक की थी। पुलिस मुख्यालय से भी निर्देश जारी किए गए हैं। उन्होंने बताया कि बाड़मेर एक सीमा जिला है, जिसकी 270 किलोमीटर लंबी सीमा पाकिस्तान से लगती है, जिसमें से 250 किलोमीटर क्षेत्र भारतमाला योजना के अंतर्गत आता है।
एसपी ने बताया कि बॉर्डर के सभी पुलिस थानों को अलर्ट मोड में रखा गया है। आर्मी, बीएसएफ और एयरफोर्स के अधिकारियों के साथ बैठक कर सुरक्षा संबंधी आवश्यक चर्चा की गई है। बीती रात उन्होंने बॉर्डर के गांवों और थानों का दौरा किया, वहीं बीएसएफ ने भी गश्त और निगरानी बढ़ा दी है।
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जोधपुर रेंज के आईजी के निर्देश पर सोशल मीडिया पर भी निगरानी रखी जा रही है। किसी भी व्यक्ति द्वारा साम्प्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने वाली पोस्ट शेयर करने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन पूरी तरह सतर्क है और शांति समिति के सदस्यों से भी लगातार संपर्क बनाए हुए है।
उन्होंने आगे बताया कि जिले में संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने के लिए 'एरिया डोमिनेशन' और 'ऑपरेशन अनामिका' चलाया जा रहा है। रात के समय में एरिया डोमिनेशन के जरिए इलाके में गश्त की जा रही है, जबकि ऑपरेशन अनामिका के तहत आने-जाने वाले वाहनों की कड़ी जांच की जा रही है। संदिग्धों पर आईबी, सेंट्रल आईबी और अन्य सुरक्षा एजेंसियां नजर बनाए हुए हैं। यदि कोई असामाजिक तत्व पकड़ा गया, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।