राजस्थान में अलवर जिले के रामगढ़ कस्बे में अल्पसंख्यक आवासीय विद्यालय में गार्ड ने महिलाओं से बदसलूकी की। महिलाओं ने गार्ड की चप्पलों से की जमकर धुनाई और पीटते हुए थाने ले गई। महिलाओं ने गार्ड को पुलिस के हवाले कर दिया। साथ ही महिलाओं की ओर से रिपोर्ट भी दर्ज कराई गई है।
इस मामले की जांच पुलिस उपाधीक्षक को सौंपी गई है और उन्होंने जांच भी शुरू कर दी है। रामगढ़ के आवासीय विद्यालय में भाजपा प्रत्याशी सुखवंत की जीत को लेकर गार्ड ने महिलाओं को गाली दी और अनाप-शनाप कहा। इससे महिलाएं क्रुद्ध हो गई और उन्होंने गार्ड को पकड़ लिया और चप्पलों से पीटते हुए पुलिस थाने ले गई। वहां पहले तो इस गार्ड के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई और उसके बाद गार्ड को पुलिस के हवाले कर दिया। मामले में गार्ड की ओर से भी एक रिपोर्ट पुलिस को दी गई है, जिसमें महिलाओं पर बेवजह मारपीट का आरोप लगाया गया है। मामले की जांच उपाधीक्षक कर रहे हैं।
महिलाए जिस समय गार्ड को पीटते हुए थाने ले जा रही थी, उस समय इज्जत पर हाथ डालने की बात भी कह रही थी। कस्बे में अच्छा खासा जमघट भी लोगों का लग गया था। लोग बड़ी संख्या में एकत्र हो गए, महिलाओं के साथ थाने की ओर चल दिए। इन महिलाओं ने गार्ड पर और भी कई आरोप लगाए, जिसको लेकर लोग भी गार्ड को ठोकने को तैयार हो गए। लेकिन महिलाएं ही उसे इतना पीट रही थी कि किसी और की जरूरत ही नही पड़ी।
अब तक नहीं हो सकी झाड़ियों में मिले शव की पहचान
अलवर शहर के विजय मंदिर थाना क्षेत्र अंतर्गत बायोडायवर्सिटी पार्क की झाड़ियों में 25 नवंबर सोमवार शाम को मिले शव की शिनाख्त पुलिस अभी तक नहीं करवा पाई है। अभी पुलिस अपने स्तर पर शव का पोस्टमॉर्टम करवा दाह संस्कार करने का काम करेगी।
विजय मंदिर थाना प्रभारी गुरुदत्त सैनी ने बताया कि 25 नवंबर सोमवार शाम पांच बजे पुलिस को सूचना मिली थी कि बायोडायवर्सिटी पार्क के समीप झाड़ियों में एक महिला का क्षत-विक्षत शव गिरा हुआ है। मौके पर पहुंचकर पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लिया था। शुरुआत में देखने को मिला था कि महिला की हत्या कर शव को यहां पहुंचाया गया था। जहा एक बड़ा पत्थर भी गिरा हुआ पाया गया था।
वहीं, महिला ने राजस्थानी वेशभूषा पहन रखी थी, जिसकी शिनाख्त के लिए जिले भर के थानों में सर्कुलेट किया गया था। लेकिन सात दिन बाद भी जिले भर के चार थानों की टीम और DST की टीम महिला की शिनाख्त कराने में असफल रही। काफी प्रयास के बाद भी जब महिला के शव की पहचान नहीं हो पाई तो आखिर में विजय मंदिर थाने के पुलिस कर्मियों द्वारा महिला का मेडिकल बोर्ड से पोस्टमॉर्टम करवाया गया है और इसके बाद दाह संस्कार भी पुलिस द्वारा करवाने का काम किया जाएगा।
इस महिला की शिनाख्तगी के पुरजोर प्रयास पुलिस की ओर से किए गए। लेकिन शिनाख्त नहीं हो सकी। पुलिस को आशंका है कि इस महिला की हत्या बहुत ही निर्मम तरीके से की गई है। लेकिन हत्या किसने की ओर किस कारण से की, इसका पता तभी चल सकता है जब मृतक महिला की शिनाख्त होगी और फिलहाल शिनाख्तगी के आसार कम ही दिखाई पड़ रहे हैं।
रामगढ़ रोड के केसरोली मोड़ पर मिला अज्ञात शव
उद्योग नगर थाना क्षेत्र अंतर्गत केसरोली मोड़ के समीप सोमवार सुबह करीब 25 वर्षीय युवक का शव सड़क किनारे संदिग्ध अवस्था में गिरा हुआ मिला। इसकी सूचना के बाद मौके पर पुलिसकर्मी पहुंचे और शव को जिला अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया।
मृतक के पिता अर्जुन जाटव ने बताया कि उनका बेटा संदीप जाटव रविवार शाम को अपने गांव बहाला इंदिरा कॉलोनी से अपनी ससुराल दिवाकरी हिंगोटिया बास में आया था। ससुराल पर मिलने जुलने के बाद जब शाम को पांच बजे आखिरी समय बात हुई तो वह वहां से निकल चुका था और पैदल-पैदल अपने घर की ओर आ रहा था। उसके बाद उससे बातचीत नहीं हुई। लेकिन सोमवार सुबह बगड़ तिराहा थाना कर्मी घर पर पहुंचे, जिन्होंने सड़क किनारे गिरे हुए संदीप की फ़ोटो दिखाकर पुष्टि करवाई।
मौके पर पहुंचे तो पुलिसकर्मियों ने शव को उठाकर जिला अस्पताल की मोर्चरी में रखवा दिया था। पुलिस ने बताया कि आपका लड़का सड़क किनारे गिरा हुआ पाया गया था, जिससे लगता है कि शायद रात के समय किसी अज्ञात वाहन ने युवक को टक्कर मार दी, जिसकी वजह से मौत हो गई।
मृतक के पिता अर्जुन जाटव ने बताया कि छोटे बेटे संदीप जाटव की पिछले वर्ष 10 मई को शादी हुई थी, जिनके करीब चार महीने का बेटा भी है, जो किराए पर गाड़ी चलाता था और मजदूरी किया करता था। वहीं, पिता अर्जुन जाटव जो आर्मी में कांस्टेबल के पद से रिटायर्ड हैं, जो मूल रूप से भरतपुर के नंदवाई गांव के रहने वाले हैं। जो पिछले तीन वर्ष से बहाला गांव की इंद्रा कॉलोनी में रहते हैं।
उद्योग नगर थाना हेड कांस्टेबल खेम सिंह ने बताया कि, थाने पर सूचना मिली थी केसरोली मोड के समीप सड़क किनारे एक नौजवान युवक का शव गिरा हुआ है। मौके पर पुलिस ने पहुंचकर शव को अपने कब्जे में लिया और जिला अस्पताल की मोर्चरी घर में रखवा दिया। वहीं, आसपास पूछताछ कर शव की पहचान करवाई गई। परिजनों ने शव को पहचाना और उसका नाम पता बताया। अभी शव का पोस्टमॉर्टम करवाने की प्रक्रिया जारी है। प्रथम दृष्टा युवक सड़क दुर्घटना का शिकार लगता है। बाकी अधिकतम जानकारी पोस्टमॉर्टम होने के बाद पता लग पाएगी। क्योंकि मृतक युवक के शरीर पर चोट के गंभीर निशान नहीं मिले हैं।
अपहरण कर सामूहिक दुष्कर्म मामला
अलवर में खैरथल के कोटकासिम थाना क्षेत्र अंतर्गत पिछले कुछ दिनों पहले एक नाबालिग बच्ची के साथ गांव के कुछ लोगों ने अपहरण कर गैंगरेप की वारदात को अंजाम दिया था। मामले में मुकदमा दर्ज करवाने के बाद भी पुलिस ने अभी तक अपराधियों को गिरफ्तार नहीं किया है। इसकी वजह से पीड़ित परिवार बहुत डरा और सहमा हुआ है।
पीड़ित परिवार ने बताया कि एक नवंबर को दोपहर में उनकी 13 वर्षीय बच्ची गांव की दुकान पर कुछ सामान लेने के लिए गई थी। तभी वहां गांव के दो युवक बच्ची को कार में अगवाकर दूर किसी सुनसान जगह में ले गए। वहां बच्ची के साथ बारी-बारी से दुष्कर्म किया और बच्ची को जान से मारने की धमकी दी गई।
जहां बच्ची के साथ दुष्कर्म की पूरी वारदात को उन्होंने मोबाइल में रिकॉर्ड कर लिया और बच्ची को कहा, अगर तुमने घर पर किसी भी व्यक्ति को बताया तो इस वीडियो को वायरल कर कर तेरे को बदनाम किया जाएगा। उसके बाद बच्ची डरी सहमी हुई थी। लेकिन कुछ दिनों बाद जब परिवार को पता लगा तो उन्होंने कोटकासिम थाने में पहुंचकर दोनों आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करवाया। बच्ची के अभी तक धारा-164 के बयान के साथ-साथ बाकी अन्य भी बयान हो चुके हैं। लेकिन काफी दिन बीत जाने के बाद पुलिस ने अभी तक दोनों युवकों को गिरफ्तार नहीं किया है।
पीड़ित परिवार का आरोप है कि हम थानाधिकारी डिप्टी एसपी को बार-बार अवगत करवा चुके हैं कि उन उक्त आरोपियों गिरफ्तार करो और आगे कानूनी कार्रवाई करो। लेकिन पुलिस अभी तक हाथ पर हाथ रख कर बैठी हुई है। पीड़ित परिवार के लोग आज नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली से भी मिले। ये लोग जूली से उस समय मिले, जब वे अपने कार्यालय पर जनसुनवाई कर रहे थे। उस समय कोटकासिम से आये पीड़ित परिवार ने बताया कि हमारी 13 वर्ष की बच्ची के साथ गांव के कुछ बदमाश और रसूखदार प्रवृत्ति के लोगों ने अगवा कर गैंगरेप किया है, जिसकी शिकायत हमारी ओर से कोटकासिम थाने में दर्ज करवा दी गई। बार-बार बड़े आलाधिकारियों को इस पूरे घटनाक्रम के बारे में अवगत भी करवा दिया। लेकिन अभी तक दोनों आरोपी खुलेआम घूम रहे हैं। न तो पुलिस द्वारा अभी तक उनको पूछताछ के लिए बुलाया गया। न ही मुकदमा दर्ज होने के बाद गिरफ्तार किया गया।
नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली ने मौके पर खैरथल एसपी से फोन पर बातचीत की और जल्द और निष्पक्ष कार्रवाई करने का आग्रह किया। नेता प्रतिपक्ष ने बताया कि एसपी से हुई बातचीत के बाद उन्होंने कहा कि वे जल्द इस पूरे मामले का संज्ञान लेंगे और जो भी घटनाक्रम है, उसको जांचने के बाद उक्त आरोपियों की गिरफ्तारी भी जल्द की जाएगी।