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Gorakhpur News: लालच में पार्टनर ने की थी प्रिंटिंग प्रेस संचालिका की हत्या, शटर बंद कर भाग गया था
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गोरखपुर। कैंट इलाके के जिला पंचायत रोड स्थित प्रिंटिंग प्रेस संचालिका गंगोत्री यादव (25) की हत्या उसके ही पार्टनर अनिल गुप्ता ने गला दबाकर की थी। पुलिस की जांच में पता चला कि गंगोत्री यादव ने जमीन खरीदने के लिए चार लाख रुपये जुटाए थे। इसकी जानकारी अनिल को भी थी। इस रकम को लेकर दोनों के बीच रविवार को विवाद हो गया और फिर गंगोत्री ने गुस्से में अनिल को थप्पड़ मार दिया था। इससे नाराज अनिल ने गंगोत्री को धक्का दे दिया और गिरने पर गला दबाकर मौत के घाट उतार दिया। हत्या के बाद आरोपी प्रिंटिंग प्रेस का शटर बंद कर भाग गया था।
पुलिस ने बृहस्पतिवार को उसे बस्ती जिले के हरैया टोल प्लाजा के पास से गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया, जहां से जेल भेज दिया गया। एसपी सिटी निमिष पाटील ने बताया कि मूलरूप से महराजगंज जिले के पुरंदरपुर थाना क्षेत्र के करमैनी गांव निवासी गंगोत्री यादव और कोतवाली के जगन्नाथपुर निवासी अनिल कुमार गुप्ता पिछले आठ वर्षों से साथ काम कर रहे थे और दोनों के बीच पांच साल से करीबी संबंध भी बन गए थे। गंगोत्री कर्ज लेकर दुकान चला रही थीं। धीरे-धीरे कर्ज चुकाने के साथ जमीन खरीदने के लिए रुपये जुटा रही थीं।
इसी दौरान अनिल को रुपये के बारे में जानकारी हो गई और वह लगातार इन रुपयों को व्यापार में लगाने का दबाव बना रहा था, लेकिन गंगोत्री इसके लिए तैयार नहीं थी। रविवार को इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद बढ़ गया। गुस्से में आकर गंगोत्री ने अनिल को थप्पड़ मार दिया। इससे नाराज अनिल ने उसे धक्का दे दिया और गिरने के बाद गला दबाकर उसकी हत्या कर दी।
वारदात के बाद आरोपी पहले केबिन इसके बाद शटर बंद कर मौके से भाग गया। हत्या के बाद अनिल घर गया, कपड़े बदले और बिना किसी को बताए दिल्ली के लिए निकल गया। उधर, गंगोत्री के भाई रमेश यादव और उमाकांत उसकी तलाश में बुधवार को दुकान पहुंचे। बुधवार को दुकान से दुर्गंध आने पर पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने शव बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया और जांच शुरू की।
शुरुआती जांच में ही पुलिस का शक अनिल पर गया लेकिन उसका मोबाइल बंद मिला। लोकेशन के आधार पर पुलिस की एक टीम दिल्ली रवाना हुई, जबकि दूसरी टीम ने पीछा करते हुए बस्ती जिले के हरैया टोल प्लाजा के पास से आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
शादी का दबाव बनाना भी एक वजह बनी
रुपयों के अलावा गंगोत्री और अनिल की दोस्ती भी गहरी हो गई थी। बताया जा रहा है कि गंगोत्री ने शादी करने पर भी चर्चा भी की थी, लेकिन अनिल ने पहले से शादीशुदा होने की बात कहते हुए टाल दिया था। पहले अनिल ने शादी की बात छिपाई थी। गंगोत्री को इसकी जानकारी होने पर दोनों के रिश्तों में खटास आ गई थी। गंगोत्री के परिजन उसकी शादी के लिए रिश्ता देख रहे थे।
पोस्टमार्टम के बाद परिजन महाराजगंज ले गए शव
बृहस्पतिवार को दो डॉक्टरों के पैनल ने वीडियोग्राफी के साथ गंगोत्री का पोस्टमार्टम किया। रिपोर्ट में सिर में चोट के साथ ही गला दबाने से मौत की पुष्टि हुई है। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने शव को परिजनों को सुपुर्द कर दिया। इसके बाद परिजन शव लेकर गृह जनपद महाराजगंज रवाना हो गए।
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पुलिस ने बृहस्पतिवार को उसे बस्ती जिले के हरैया टोल प्लाजा के पास से गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया, जहां से जेल भेज दिया गया। एसपी सिटी निमिष पाटील ने बताया कि मूलरूप से महराजगंज जिले के पुरंदरपुर थाना क्षेत्र के करमैनी गांव निवासी गंगोत्री यादव और कोतवाली के जगन्नाथपुर निवासी अनिल कुमार गुप्ता पिछले आठ वर्षों से साथ काम कर रहे थे और दोनों के बीच पांच साल से करीबी संबंध भी बन गए थे। गंगोत्री कर्ज लेकर दुकान चला रही थीं। धीरे-धीरे कर्ज चुकाने के साथ जमीन खरीदने के लिए रुपये जुटा रही थीं।
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इसी दौरान अनिल को रुपये के बारे में जानकारी हो गई और वह लगातार इन रुपयों को व्यापार में लगाने का दबाव बना रहा था, लेकिन गंगोत्री इसके लिए तैयार नहीं थी। रविवार को इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद बढ़ गया। गुस्से में आकर गंगोत्री ने अनिल को थप्पड़ मार दिया। इससे नाराज अनिल ने उसे धक्का दे दिया और गिरने के बाद गला दबाकर उसकी हत्या कर दी।
वारदात के बाद आरोपी पहले केबिन इसके बाद शटर बंद कर मौके से भाग गया। हत्या के बाद अनिल घर गया, कपड़े बदले और बिना किसी को बताए दिल्ली के लिए निकल गया। उधर, गंगोत्री के भाई रमेश यादव और उमाकांत उसकी तलाश में बुधवार को दुकान पहुंचे। बुधवार को दुकान से दुर्गंध आने पर पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने शव बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया और जांच शुरू की।
शुरुआती जांच में ही पुलिस का शक अनिल पर गया लेकिन उसका मोबाइल बंद मिला। लोकेशन के आधार पर पुलिस की एक टीम दिल्ली रवाना हुई, जबकि दूसरी टीम ने पीछा करते हुए बस्ती जिले के हरैया टोल प्लाजा के पास से आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
शादी का दबाव बनाना भी एक वजह बनी
रुपयों के अलावा गंगोत्री और अनिल की दोस्ती भी गहरी हो गई थी। बताया जा रहा है कि गंगोत्री ने शादी करने पर भी चर्चा भी की थी, लेकिन अनिल ने पहले से शादीशुदा होने की बात कहते हुए टाल दिया था। पहले अनिल ने शादी की बात छिपाई थी। गंगोत्री को इसकी जानकारी होने पर दोनों के रिश्तों में खटास आ गई थी। गंगोत्री के परिजन उसकी शादी के लिए रिश्ता देख रहे थे।
पोस्टमार्टम के बाद परिजन महाराजगंज ले गए शव
बृहस्पतिवार को दो डॉक्टरों के पैनल ने वीडियोग्राफी के साथ गंगोत्री का पोस्टमार्टम किया। रिपोर्ट में सिर में चोट के साथ ही गला दबाने से मौत की पुष्टि हुई है। पोस्टमार्टम के बाद पुलिस ने शव को परिजनों को सुपुर्द कर दिया। इसके बाद परिजन शव लेकर गृह जनपद महाराजगंज रवाना हो गए।
