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अपहरण, दुष्कर्म व हत्या: हत्याकांड पीड़ित परिवार को 10 लाख की आर्थिक सहायता, प्रशासन करेगा आवास उपलब्ध
Sat, 08 Aug 2026 02:25 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर
Published by: गोरखपुर ब्यूरो
Updated Sat, 08 Aug 2026 02:25 AM IST
सार
शासन की योजना के तहत यह सहायता पीड़ित परिवार को तत्काल राहत देने के उद्देश्य से दी गई है। पीड़ित परिवार मूल रूप से आजमगढ़ जिले का रहने वाला है और वर्तमान में गोरखपुर शहर में किराये के कमरे में रहकर जीवनयापन कर रहा है। परिवार की आर्थिक और सामाजिक स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने आवास उपलब्ध कराने की पहल की है।
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मासूम के स्कूल जाने वाले कपड़े
- फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
गोरखपुर में बालिका के अपहरण, दुष्कर्म और हत्या के मामले में न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल होने के बाद जिला प्रशासन ने पीड़ित परिवार को महारानी लक्ष्मीबाई योजना के तहत 10 लाख रुपये की आर्थिक सहायता उपलब्ध करा दी है।
शासन से स्वीकृत धनराशि पीड़िता के माता-पिता के संयुक्त बैंक खाते में भेज दी गई है। प्रशासन अब परिवार को आवास उपलब्ध कराने की प्रक्रिया भी शुरू कर रहा है। अधिकारियों के अनुसार, बुधवार को न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल होने के बाद आर्थिक सहायता जारी करने की औपचारिकताएं पूरी की गईं।
शासन की योजना के तहत यह सहायता पीड़ित परिवार को तत्काल राहत देने के उद्देश्य से दी गई है। पीड़ित परिवार मूल रूप से आजमगढ़ जिले का रहने वाला है और वर्तमान में गोरखपुर शहर में किराये के कमरे में रहकर जीवनयापन कर रहा है। परिवार की आर्थिक और सामाजिक स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने आवास उपलब्ध कराने की पहल की है।
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संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
उधर, घटना के बाद से बालिका की मां का इलाज शहर के एक निजी अस्पताल में चल रहा है। 30 जुलाई की रात उन्होंने एक पुत्र को जन्म दिया था। प्रसव के बाद से वह चिकित्सकों की निगरानी में हैं और अभी अस्पताल से छुट्टी नहीं मिली है।
11 अगस्त को होगी सुनवाई
बालिका हत्याकांड मामले में बर्खास्त सिपाही अभिषेक यादव की न्यायिक अभिरक्षा बढ़ाने को लेकर 11 अगस्त को अदालत में सुनवाई होगी। न्यायालय के फैसले के बाद मुकदमे की आगे की प्रक्रिया को गति मिलने की उम्मीद है। पुलिस की ओर से मामले में आरोप पत्र दाखिल किया जा चुका है। अब न्यायालय में होने वाली सुनवाई पर पीड़ित परिवार और जांच एजेंसियों की नजर है।
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शासन से स्वीकृत धनराशि पीड़िता के माता-पिता के संयुक्त बैंक खाते में भेज दी गई है। प्रशासन अब परिवार को आवास उपलब्ध कराने की प्रक्रिया भी शुरू कर रहा है। अधिकारियों के अनुसार, बुधवार को न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल होने के बाद आर्थिक सहायता जारी करने की औपचारिकताएं पूरी की गईं।
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शासन की योजना के तहत यह सहायता पीड़ित परिवार को तत्काल राहत देने के उद्देश्य से दी गई है। पीड़ित परिवार मूल रूप से आजमगढ़ जिले का रहने वाला है और वर्तमान में गोरखपुर शहर में किराये के कमरे में रहकर जीवनयापन कर रहा है। परिवार की आर्थिक और सामाजिक स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने आवास उपलब्ध कराने की पहल की है।
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संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
उधर, घटना के बाद से बालिका की मां का इलाज शहर के एक निजी अस्पताल में चल रहा है। 30 जुलाई की रात उन्होंने एक पुत्र को जन्म दिया था। प्रसव के बाद से वह चिकित्सकों की निगरानी में हैं और अभी अस्पताल से छुट्टी नहीं मिली है।
11 अगस्त को होगी सुनवाई
बालिका हत्याकांड मामले में बर्खास्त सिपाही अभिषेक यादव की न्यायिक अभिरक्षा बढ़ाने को लेकर 11 अगस्त को अदालत में सुनवाई होगी। न्यायालय के फैसले के बाद मुकदमे की आगे की प्रक्रिया को गति मिलने की उम्मीद है। पुलिस की ओर से मामले में आरोप पत्र दाखिल किया जा चुका है। अब न्यायालय में होने वाली सुनवाई पर पीड़ित परिवार और जांच एजेंसियों की नजर है।