{"_id":"61361e278ebc3e883a4c0ec5","slug":"corona-and-swine-flu-will-be-tested-with-same-sample-in-brd-gorakhpur","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"खुशखबर: कोरोना और स्वाइन फ्लू की एक ही सैंपल से होगी जांच, 400 रुपये की होगी बचत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
खुशखबर: कोरोना और स्वाइन फ्लू की एक ही सैंपल से होगी जांच, 400 रुपये की होगी बचत
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Mon, 06 Sep 2021 09:04 PM IST
विज्ञापन
1 of 5
कोरोना वायरस और स्वाइन फ्लू की जांच।
- फोटो : Amar Ujala
Link Copied
गोरखपुर बीआरडी मेडिकल कॉलेज में कोरोना और स्वाइन फ्लू की जांच एक ही सैंपल से हो सकेगी। मेडिकल कॉलेज के माइक्रोबायोलॉजी विभाग की टीम ने यह फैसला लिया है। दोनों की जांच के लिए नाक या गले का स्वाब ही लिया जाता है। इससे मरीजों का समय और रुपये दोनों बचेंगे। मल्टीप्लेक्स किट के जरिए यह जांच होगी। जबकि अभी दोनों जांच के लिए अलग-अलग किट का प्रयोग करना पड़ता था। इसके लिए मरीजों को एक हजार रुपये के आसपास खर्च करने पड़ते थे। एक साथ जांच होने से मरीजों की 400 रुपये की बचत होगी।
जानकारी के मुताबिक, कोरोना महामारी की पहली और दूसरी लहर में करीब 50 हजार से अधिक लोग संक्रमित हुए। साथ ही हजारों की रिपोर्ट निगेटिव आई। निगेटिव रिपोर्ट आने वालों में भी कइयों में बुखार के लक्षण थे।
Trending Videos
2 of 5
बीआरडी मेडिकल कॉलेज।
- फोटो : अमर उजाला
ऐसे में लोगों की स्वाइन फ्लू की जांच भी की गई। इसके लिए मरीजों का दूसरी बार नमूना लेना पड़ा। इस परेशानी को देखते हुए बीआरडी मेडिकल कॉलेज की माइक्रोबायोलॉजी विभाग ने फैसला लिया है कि अब एक ही नमूनों के जरिए कोरोना और स्वाइन फ्लू की जांच की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
3 of 5
स्वाइन फ्लू
इस बीच अगर कोविड की रिपोर्ट पॉजिटिव आती है तो मरीज का इलाज कोविड प्रोटोकॉल के तहत किया जाएगा। जबकि निगेटिव आने पर स्वाइन फ्लू की जांच उसी नमूने से ही हो जाएगी।
4 of 5
स्वाइन फ्लू
- फोटो : Social Media
दोनों की जांच में लगते हैं पांच से छह घंटे
कोरोना की जांच हो या स्वाइन फ्लू की। दोनों की जांच में पांच से छह घंटे का समय लगता है। कुल मिलाकर अलग-अलग जांच में करीब 10 से 11 घंटे का समय लग जाता है। लेकिन एक ही किट के जरिए आरटीपीसीआर जांच में यह समय घटकर छह से सात घंटे हो जाएगा। साथ ही आरटीपीसीआर मशीन में एक साथ 92 नमूने जांच की जा सकती है।
विज्ञापन
5 of 5
कोरोना वायरस।
- फोटो : iStock
माइक्रोबायोलॉजी विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. अमरेश कुमार सिंह ने कहा कि मल्टीप्लेक्स किट के जरिए एक साथ कई बीमारियों की जांच हो सकती है। कई शहरों में इस किट से जांच की भी जा रही है। अब मेडिकल कॉलेज में भी एक साथ दो जांच की जाएगी। इससे समय के साथ-साथ मरीजों के खर्च और विभाग का भी समय बचेगा।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे| Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।