इस बार मानसून अपने नियत समय पर ही गोरखपुर में दस्तक देगा। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, गोरखपुर में 15 जून को मानसून के दस्तक देने की संभावना है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार दक्षिणी पश्चिमी मानसून 31 मई को केरल के तट से टकराने की संभावना है। यास तूफान के कारण पहले से ही मानसून जैसी स्थिति बनी हुई है। यदि एक जून तक मानसून का आगमन भारत में हो रहा है तो यह समय से ही माना जाएगा। गोरखपुर एनवायरमेंटल एक्शन ग्रुप के मौसम विशेषज्ञ कैलाश पांडे ने बताया कि इस बार मानसून सामान्य तौर पर अपने निर्धारित समय पर ही आ रहा है। ऐसे में इसकी गोरखपुर भी समय पर आने की संभावना है। अब तक के ठंड के अनुसार 15 जून को गोरखपुर में मानसून की दस्तक मानी जाती है। बता दें कि गोरखपुर बीते तीन दिनों से लगातार बारिश हो रही है। रविवार को मौसम खुलने के आसार हैं हालांकि सुबह से ही आसमान में बादल छाए हुए हैं और कई क्षेत्रों में रिमझिम बारिश हो रही है। आगे की स्लाइड्स में पढ़ें पूरी खबर ...
मौसम अपडेट: 15 जून को गोरखपुर पहुंच जाएगा मानसून, कल केरल में दे सकता है दस्तक
मौसम विभाग ने इस साल दक्षिण-पश्चिम मानसून के सामान्य रहने की संभावना जताई है। जून से सितंबर तक सामान्य बारिश होगी। वहीं, पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय ने मानसून की लंबी अवधि का औसत ( LPA ) 98 प्रतिशत होगा, जो सामान्य श्रेणी में आता है।
एलपीए के 96-104 प्रतिशत के बीच वर्षा को सामान्य माना जाता है। भारतीय मौसम विभाग के अनुसार, पूरे देश में मौसमी वर्षा (जून से सितंबर) लंबी अवधि के औसत से 96 से 104 प्रतिशत के साथ सामान्य रहने की संभावना है।
मानसून के पहले मानसून जैसी बारिश
इस वर्ष बारिश के लिहाज से मौसम का मिजाज काफी बेहतर कहा जा सकता है। मई महीने में ही इतनी बारिश हो चुकी है, जितने 125 वर्ष के दौरान नहीं हुई है। शनिवार तक मई के महीने में 385 मिलीमीटर बारिश हो चुकी है जो कि अपने सामान्य 45 मिलीमीटर बारिश की तुलना में तकरीबन 8 गुना ज्यादा है।
2010- 26.0
2011- 107.7
2012- 0.2
2013- 32.8
2014- 44.9
2015- 29.9
2016- 93.1
2017- 53.0
2018- 87.1
2019- 7.1
2020- 89.0
