नवोदय छात्रा की कथित हत्या के मामले में जांच कर रही एसआईटी (विशेष जांच दल) अब फोरेंसिक एक्सपर्ट की मदद लेगी। इसके लिए एसआईटी ने लखनऊ से फोरेंसिक एक्सपर्ट की टीम को बुलाया है। जल्द ही टीम मैनपुरी पहुंच सकती है। फोरेंसिक टीम के आने के बाद ही अब जांच आगे बढ़ सकेगी। दो साल पहले जवाहर नवोदय विद्यालय में हुई छात्रा की कथित मौत के मामले में एसआईटी बीते आठ दिन से जांच कर रही है। इस बीच सात दिन तक लगातार जहां जवाहर नवोदय विद्यालय में जांच की गई तो वहीं लोगों से पूछताछ का सिलसिला जारी है। इसके बाद भी एसआईटी छात्रा की कथित हत्या की गुत्थी नहीं सुलझा पा रही है। ऐसे में अब एसआईटी ने फोरेंसिक एक्सपर्ट की मदद लेने का निर्णय लिया है।
मैनपुरी नवोदय छात्रा की मौत का मामला: फोरेंसिक एक्सपर्ट की मदद लेगी एसआईटी, क्राइम सीन खंगाल रही टीम
एसआईटी अध्यक्ष एडीजी कानपुर जोन भानु भास्कर ने लखनऊ से फोरेंसिक एक्सपर्ट की टीम को जांच में सहयोग के लिए आदेशित किया है। इसी सप्ताह फोरेंसिक टीम मैनपुरी पहुंच सकती है। इसके बाद जांच आगे बढ़ सकेगी। एक्सपर्ट घटनास्थल, पोस्टमार्टम की वीडियोग्राफी आदि की गहनता के साथ जांच कर सुराग तलाशेंगे। एसआईटी का मानना है कि फोरेंसिक एक्सपर्ट के सहयोग से जांच में जरूर कोई अहम सुराग हाथ लगेगा।
सोमवार को भी कैंप कार्यालय पर हुई पूछताछ
एसआईटी सदस्य ट्रांजिस्ट हॉस्टल स्थित कैंप कार्यालय में रुके हुए हैं। वे लगातार शक के दायरे में आने वाले लोगों और छात्रा के करीबियों से पूछताछ कर रहे हैं। सोमवार को भी कैंप कार्यालय पर कुछ लोगों से पूछताछ की गई। ये लोग नवोदय स्टाफ से संबंधित थे या फिर छात्रा के परिवार से इस बारे में जानकारी नहीं हो सकी।
दो घंटे तक नवोदय में एसआईटी ने की पूछताछ
छात्रा की कथित हत्या के मामले में जांच के लिए सोमवार को एसआईटी भोगांव स्थित जवाहर नवोदय विद्यालय पहुंची। एसआईटी के सदस्यों ने यहां स्टाफ से पूछताछ की। लगभग दो घंटे तक पूछताछ का सिलसिला जारी रहा। इसके बाद एसआईटी वापस लौट गई।
रविवार को एसआईटी जांच के लिए जवाहर नवोदय विद्यालय भोगांव नहीं पहुंची थी। इससे नवोदय प्रशासन और स्टाफ ने राहत की सांस ली थी। लेकिन सोमवार को सुबह 11 बजे ही एसआईटी के सदस्य नवोदय जा पहुंचे। तीन गाडिय़ों से पहुंचे अधिकारी सीधे नवोदय विद्यालय के कार्यालय पहुंचे। यहां एसआईटी के कुछ सदस्यों ने जहां पूछताछ शुरू कर दी तो वहीं कुछ सदस्यों ने एक बार फिर क्राइम सीन पर छानबीन की। लगभग दो घंटे तक छानबीन और स्टाफ से पूछताछ का सिलसिला जारी रहा। इस बीच एसआईटी परिसर के आसपस भी निरीक्षण करती रही। दोपहर एक बजे के करीब वे कैंप कार्यालय मैनपुरी लौट गए।
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