{"_id":"5f17008d8ebc3e63de133a0d","slug":"kanpur-encounter-vikas-dubey-cashier-jai-bajpai-big-revealing-in-police-inquiry-so-that-car-number-is-not-captured-in-cctv-camera","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"कानपुर गोलीकांड: विकास के कैशियर जय ने इसलिए हटाईं थी कार की नंबर प्लेट, प्रशांत शुक्ला पर बड़ा खुलासा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कानपुर गोलीकांड: विकास के कैशियर जय ने इसलिए हटाईं थी कार की नंबर प्लेट, प्रशांत शुक्ला पर बड़ा खुलासा
अमर उजाला नेटवर्क, कानपुर
Published by: शाहरुख खान
Updated Tue, 21 Jul 2020 10:06 PM IST
विज्ञापन
kanpur encounter
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कानपुर के बिकरू कांड में पुलिस पूछताछ में विकास दुबे के खजांची जय बाजपेई ने चौंकाने वाला खुलासा किया है। जय बाजपेई को पहले से पता था कि वारदात में पुलिस उससे पूछताछ करेगी। इसलिए उसने पूरी तैयारी की थी। वो अपना मोबाइल घर पर छोड़कर बिकरू गया था।
Trending Videos
Kanpur encounter
- फोटो : अमर उजाला
जिस कार से गया था, उस पर नंबर प्लेट नहीं थी। यही वजह है कि पुलिस की जांच में उसकी लोकेशन घर पर मिल रही थी। हालांकि उसके साथी प्रशांत शुक्ला की लोकेशन बिकरू में मिली। जब पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की तो उसने पूरी वारदात की साजिश कबूली।
विज्ञापन
विज्ञापन
जय बाजपेई
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस के मुताबिक एक जुलाई को विकास ने जय को फोन किया था। तब उससे असलहा और रुपये मांगे थे। दो जुलाई की शाम को उसने असलहा और रकम विकास को पहुंचाई थी। हालांकि पूछताछ में उसने कहा था कि वह बिकरू गया ही नहीं। जब पुलिस ने सीडीआर निकाली, तो पता चला कि जय की लोकेशन घर पर ही है।
Kanpur encounter
- फोटो : अमर उजाला
हालांकि साथी प्रशांत शुक्ला की सीडीआर से पता चला कि वह बिकरू में था। तब पुलिस ने जय पर सख्ती की तो उसने बताया कि वह भी उसके साथ गया था। मोबाइल घर पर छोड़ा था।
विज्ञापन
जय बाजपेई
- फोटो : अमर उजाला
ताकि फुटेज में कैद न हो पाए कार नंबर
पुलिस के मुताबिक पूछताछ में जय ने बताया कि उसको आशंका थी कि जब पुलिस तहकीकात करेगी तो सीसीटीवी फुटेज जुटाएगी। ऐसे में कार अगर कैद भी हो जाए तो नंबर न होने से पता न चल पाए कि कार किसकी है। इसी वजह से उसने नंबर प्लेट हटा दी थी। काकादेव पुलिस ने लावारिस मिली तीनों कारों को सीज कर दिया था। तीनों गाड़ियां अलग-अलग व्यक्ति के नाम पर हैं। पैसा जय का लगा है।
पुलिस के मुताबिक पूछताछ में जय ने बताया कि उसको आशंका थी कि जब पुलिस तहकीकात करेगी तो सीसीटीवी फुटेज जुटाएगी। ऐसे में कार अगर कैद भी हो जाए तो नंबर न होने से पता न चल पाए कि कार किसकी है। इसी वजह से उसने नंबर प्लेट हटा दी थी। काकादेव पुलिस ने लावारिस मिली तीनों कारों को सीज कर दिया था। तीनों गाड़ियां अलग-अलग व्यक्ति के नाम पर हैं। पैसा जय का लगा है।

कमेंट
कमेंट X