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लाॅकडाउन के दौरान भूखे-प्यासे लोगों को नहीं मिला भोजन तो मदद को आगे आई खाकी, यूं दिखा रही दरियादिली, तस्वीरें
Fri, 27 Mar 2020 01:35 AM IST
Dimple Sirohi
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बागपत
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बागपत
Published by: Dimple Sirohi
Updated Fri, 27 Mar 2020 01:35 AM IST
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- फोटो : lockdown india
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देश भर में लाॅकडाउन को लेकर जहां बाजार, यातायात सब बंद है ऐसे में गरीबों पर भोजन का संकट नजर आने लगा है। ऐसे माहौल में यूपी पुलिस मानवता की मिसाल पेश कर रही है। राह में मिल रहे ऐसे लोगों को पुलिस न सिर्फ भोजन करा रही है बल्कि उनके राशन की भी व्यवस्था करा रही है। आगे तस्वीरों में देखें खाकी की दरियादिली
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बागपत जिले में गुरुवार को लॉकडाउन के दूसरे दिन बिनौली थाने की पुलिस गांव में चेकिंग पर निकली थी। बाजार में एक असहाय व्यक्ति लेटा हुआ मिला। एसओ रवेंद्र यादव ने वजह पूछी तो कहा कि वह दो दिन से भूखा है। इस पर पुलिस ने पहले व्यक्ति को सैनिटाइज किया। उसके हाथ धुलवाए और फिर पुलिसकर्मियों से खाना मंगाकर उसे खाना खिलवाया गया।
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एसओ ने बताया कि खाना खाने के बाद व्यक्ति ने कहा कि वह अकेला है। उसका कोई ठिकाना नहीं है। उसे पांच सौ रुपये की आर्थिक सहायता की जरूरत है। एसओ ने अपनी जेब से पांच सौ रुपये दिए और सुरक्षित ठिकाने पर चले जाने के लिए कहा।
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कंकरखेडा के लाला मोहम्मदपुर गांव का रहने वाले मजदूर इमरान पुत्र हकीमुद्दीन के घर में दो दिन से खाना बनाने के लिये राशन तक नहीं था। उसका पूरा परिवार दो दिन से भूखा प्यासा घर के अंदर कैद था। बुधवार सुबह इमरान अपनी पत्नी आशिमा, दो बेटों और दो बेटियों के साथ कंकरखेडा थाने पहुंचा। जहां उसने कंकरखेड़ा थाना प्रभारी को अपनी व्यथा सुनाई।
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मेरठ लॉकडाउन
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मजदूर का दर्द सुनकर थाना प्रभारी बिजेन्द्र पाल सिंह राणा ने उसकी बात सुनकर उसके पूरे परिवार को अपने ऑफिस में बैठाया और तुरंत अपने घर से राशन मंगाकर दिया। थाना प्रभारी ने अपनी तरफ से इमरान को पांच सौ रुपये भी दिये।