फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

शर्मनाक: लड़ते रहे डॉक्टर और कर्मचारी, तड़पते रहे मरीज, अटकी रहीं सांसें, तीमारदार बोले- शर्म करो...

Sat, 01 May 2021 11:59 AM IST
कपिल kapil अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ
अमर उजाला नेटवर्क, मेरठ Published by: कपिल kapil Updated Sat, 01 May 2021 11:59 AM IST
सार

मेरठ के मेडिकल कॉलेज में शर्मसार करने वाली घटना हुई। कोविड वार्ड में मारपीट और तोड़फोड़ से भर्ती मरीजों की सांसें अटक गईं। तीमारदारों का भी बुरा हाल था।

विज्ञापन
There was fight between doctors and staff at Meerut Medical College and was stopped treatment of patients and see photos
मेडिकल कॉलेज में तड़प रहे मरीज। - फोटो : amar ujala

पूरा देश जहां कोरोना महामारी से जूझ रहा है वहीं, मेरठ के मेडिकल कॉलेज में शुक्रवार को शर्मसार करने वाली घटना हुई। कोविड वार्ड में मारपीट और तोड़फोड़ से भर्ती मरीजों की सांसें अटक गईं। तीमारदारों का भी बुरा हाल था। वे कहते रहे कि शर्म करो... हमारे अपने तो पहले से ही मौत की दहलीज पर हैं। तुम ऐसा करोगे तो वे मर जाएंगे। हंगामे के दौरान मरीजों की सांसें अटकी रहीं।

There was fight between doctors and staff at Meerut Medical College and was stopped treatment of patients and see photos
मेडिकल कॉलेज में तड़प रहे मरीज। - फोटो : amar ujala

कोविड वार्ड में शुक्रवार शाम को चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों और डॉक्टरों में विवाद के बाद मारपीट और तोड़फोड़ की घटना ने व्यवस्था की पोल खोल दी। कर्मचारी जहां हंगामा कर रहे थे वहीं, कोरोना से जूझ रहे मरीजों की सांसें अटक रहीं थी। पहले से ही मौत के डर से सहमे मरीज समझ नहीं पा रहे थे कि ये क्या हो रहा है। हर तरफ अफरातफरी का माहौल था। मेडिकल कॉलेज में अराजकता के ऐसे हालात देखकर कई तीमारदार सिर पकड़कर बैठ गए। कई घंटे तक मेडिकल कॉलेज में हालात खराब रहे। सवाल ये है कि डॉक्टर जिन स्वास्थ्य कर्मचारियों पर मारपीट के गंभीर आरोप लगा रहे हैं उन पर प्रशासन कितनी सख्त कार्रवाई करता है ताकि आगे से ऐसी घटना न हो।

There was fight between doctors and staff at Meerut Medical College and was stopped treatment of patients and see photos
मेडिकल कॉलेज में बिलखते परिजन। - फोटो : amar ujala

लगातार मिल रही थी कर्मचारियों की शिकायत 
मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. ज्ञानेंद्र कुमार के मुताबिक, चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों ने चार जूनियर डॉक्टर के साथ मारपीट की। इस मामले की जानकारी मिलने के बाद डॉक्टर और कर्मचारी आमने-सामने आ गए। प्राचार्य ने बताया कि चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों की शिकायतें लगातार आ रही हैं। कोविड वार्ड में मरने वालों की बॉडी पैक करने के लिए उनको बुलाया जाता है तो वे अक्सर देरी करते हैं। उनको बॉडी पैकिंग के अलग से दौ सौ रुपये भी दिए जाते हैं। उनके देरी से पहुंचने की लगातार शिकायतें आ रही हैं। डिग्गी के रहने वाले दो-तीन कर्मचारियों के नाम सामने आए हैं, उनके खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।

विज्ञापन
विज्ञापन
There was fight between doctors and staff at Meerut Medical College and was stopped treatment of patients and see photos
मेडिकल कॉलेज में तोड़फोड़। - फोटो : amar ujala

दौड़ पड़े पुलिस-प्रशासनिक अधिकारी 
पूरे मामले की सूचना पर एडीएम सिटी अजय तिवारी, सीओ सिविल लाइन और कई थानों की पुलिस मौके पर पहुंच गई। किसी तरह हालात पर काबू पाया। लेकिन सवाल ये है कि मेडिकल कॉलेज में हुए इस बवाल के मामले में मेडिकल पुलिस क्या कर रही थी। कोविड वार्ड में इतना बवाल कैसे हो गया और पुलिस तोड़फोड़ के इतनी देर बाद कैसे पहुंची। तीमारदारों का कहना था कि ऐसा मंजर था कि जैसे दंगा हो गया हो। ऐसे में कई मरीजों के तो दिल की धड़कन भी तेज हो गईं।

विज्ञापन
There was fight between doctors and staff at Meerut Medical College and was stopped treatment of patients and see photos
मेडिकल कॉलेज में तोड़फोड़। - फोटो : amar ujala

मुख्यमंत्री को भी किया ट्वीट
भाजपा नेता विनीत शारदा अग्रवाल मेडिकल में डॉक्टरों और कर्मचारियों के बीच हुए विवाद के बाद कोरोना पॉजिटिव के मरीजों का हाल बेहाल हो गया था। यह गंभीर विषय है जिसको लेकर भाजपा नेता ने मुख्यमंत्री को ट्वीट किया है।

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed