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UP: 40 वाली भिंडी ऑस्ट्रेलिया में 900 रुपये किलो, लोकल से ग्लोबल तक...फूड एक्सपो में मिला सफलता का मंत्र
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: Dhirendra Singh
Updated Mon, 15 Jun 2026 09:37 AM IST
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सार
फूड एक्सपो में विशेषज्ञों ने कहा कि खाद्य उत्पादों की गुणवत्ता, स्वाद, पैकेजिंग और ब्रांडिंग से ही कारोबार को वैश्विक स्तर तक पहुंचाया जा सकता है। एपीडा अधिकारियों ने बताया कि भारत की भिंडी विदेशों में कई गुना अधिक कीमत पर बिक रही है, जिससे निर्यात की अपार संभावनाएं हैं।
फूड एक्सपो
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
अब जमाना रेडी टू ईट का है। कई बहुराष्ट्रीय कंपनियां उत्पाद लेकर आई हैं लेकिन कोविड काल के बाद उपभोक्ता स्वास्थ्यवर्धक उत्पादों की ओर देख रहे हैं। पैकेटबंद उत्पादों में स्वाद और गुणवत्ता बेहतर है, तभी कारोबार बढ़ेगा। इसके साथ ही आकर्षक पैकेजिंग भी हो, लेकिन इसकी सामग्री खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुरूप होनी चाहिए। बायोडिग्रेडेबल एवं बैक्टीरिया-फ्री पैकेजिंग की मांग तेजी से बढ़ रही है। यह कहना था फूड एक्सपो में पहुंचे खाद्य प्रसंस्करण प्रशिक्षण विभाग के प्रधानाचार्य लोकेश सेंगर का, जिन्होंने फूड साइंस सेंटर और खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों के लिए अनुदान की जानकारी दी।
उन्होंने एक्सपो के दूसरे सत्र में लोकल टू ग्लोबल विषय पर कहा कि खाद्य प्रसंस्करण उत्पादों की गुणवत्ता, पैकेजिंग, ब्रांडिंग के जरिए ही अपना कारोबार बढ़ाया जा सकता है। चैंबर ऑफ फूड प्रोसेसिंग इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के उपाध्यक्ष आशीष गर्ग ने बताया कि दुनिया के खाद्य प्रसंस्करण बाजार में भारत की हिस्सेदारी 8.02 प्रतिशत है, जबकि उत्तर भारत का योगदान केवल 2.8 प्रतिशत है। इसे बढ़ाया जा सकता है।
उन्होंने कहा कि आगरा के लिए संभावनाएं बहुत हैं। खाद्य उद्योग केवल व्यापार नहीं, विश्वास और गुणवत्ता का क्षेत्र है। एपीडा के प्रतिनिधि आलोक मिश्रा ने निर्यात के लिए नए बाजार तलाशने, दुनिया में पहुंचाने के लिए नीतियों का लाभ उठाने का आह्वान किया।
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40 की भिंडी ऑस्ट्रेलिया में 900 रुपये किलो
एपीडा के क्षेत्रीय प्रमुख सीबी सिंह ने बताया कि दुनिया के खाद्य बाजार में भारतीय सामग्री मजबूती से जगह बना रही है। दुबई तक भारतीय लीची पहुंची है, जिसका फायदा किसानों को हुआ है। पहली बार लीची का निर्यात दुबई में किया गया है, जिसका स्वाद लोगों को पसंद आया। वहीं 40 रुपये किलो की भिंडी ऑस्ट्रेलिया में 900 रुपये किलो पर बिक रही है। किसानों को फूड सेफ्टी के नियमों को जानकार पेस्टिसाइड रहित भिंडी उगानी होगी। उन्होंने कहा कि आगरा भविष्य में फूड पार्क एवं खाद्य प्रसंस्करण उद्योग के महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में विकसित हो सकता है।
आज डेयरी, बैंकिंग, निवेश और कौशल विकास पर सत्र
सोमवार को एक्सपो के दूसरे दिन खाद्य प्रसंस्करण उद्योग, डेयरी सेक्टर, बैंकिंग सहयोग, निवेश और कौशल विकास पर सत्र होंगे। दोपहर में कौशल विकास एवं व्यावसायिक शिक्षा विभाग के राज्य मंत्री कपिल देव अग्रवाल आएंगे। उनके साथ लघु उद्योग निगम के अध्यक्ष राकेश गर्ग और एमडी रोहित आनंद होंगे। शाम को एफएसडीए अधिकारी खाद्य सुरक्षा, सेल्फ लाइफ, खाद्य रंगों की गुणवत्ता एवं मानकों पर जानकारी देंगे।
उन्होंने एक्सपो के दूसरे सत्र में लोकल टू ग्लोबल विषय पर कहा कि खाद्य प्रसंस्करण उत्पादों की गुणवत्ता, पैकेजिंग, ब्रांडिंग के जरिए ही अपना कारोबार बढ़ाया जा सकता है। चैंबर ऑफ फूड प्रोसेसिंग इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के उपाध्यक्ष आशीष गर्ग ने बताया कि दुनिया के खाद्य प्रसंस्करण बाजार में भारत की हिस्सेदारी 8.02 प्रतिशत है, जबकि उत्तर भारत का योगदान केवल 2.8 प्रतिशत है। इसे बढ़ाया जा सकता है।
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उन्होंने कहा कि आगरा के लिए संभावनाएं बहुत हैं। खाद्य उद्योग केवल व्यापार नहीं, विश्वास और गुणवत्ता का क्षेत्र है। एपीडा के प्रतिनिधि आलोक मिश्रा ने निर्यात के लिए नए बाजार तलाशने, दुनिया में पहुंचाने के लिए नीतियों का लाभ उठाने का आह्वान किया।
40 की भिंडी ऑस्ट्रेलिया में 900 रुपये किलो
एपीडा के क्षेत्रीय प्रमुख सीबी सिंह ने बताया कि दुनिया के खाद्य बाजार में भारतीय सामग्री मजबूती से जगह बना रही है। दुबई तक भारतीय लीची पहुंची है, जिसका फायदा किसानों को हुआ है। पहली बार लीची का निर्यात दुबई में किया गया है, जिसका स्वाद लोगों को पसंद आया। वहीं 40 रुपये किलो की भिंडी ऑस्ट्रेलिया में 900 रुपये किलो पर बिक रही है। किसानों को फूड सेफ्टी के नियमों को जानकार पेस्टिसाइड रहित भिंडी उगानी होगी। उन्होंने कहा कि आगरा भविष्य में फूड पार्क एवं खाद्य प्रसंस्करण उद्योग के महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में विकसित हो सकता है।
आज डेयरी, बैंकिंग, निवेश और कौशल विकास पर सत्र
सोमवार को एक्सपो के दूसरे दिन खाद्य प्रसंस्करण उद्योग, डेयरी सेक्टर, बैंकिंग सहयोग, निवेश और कौशल विकास पर सत्र होंगे। दोपहर में कौशल विकास एवं व्यावसायिक शिक्षा विभाग के राज्य मंत्री कपिल देव अग्रवाल आएंगे। उनके साथ लघु उद्योग निगम के अध्यक्ष राकेश गर्ग और एमडी रोहित आनंद होंगे। शाम को एफएसडीए अधिकारी खाद्य सुरक्षा, सेल्फ लाइफ, खाद्य रंगों की गुणवत्ता एवं मानकों पर जानकारी देंगे।