{"_id":"69c7d3a2129b8504750c0b51","slug":"bullion-trader-duped-of-17-lakhs-after-being-sold-fake-silver-2026-03-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"UP: आभूषण मंगाकर भेज दी गोरखपुर से नकली चांदी, कारोबारी को लगाई 17 लाख की चपत; जांच में जुटी पुलिस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
UP: आभूषण मंगाकर भेज दी गोरखपुर से नकली चांदी, कारोबारी को लगाई 17 लाख की चपत; जांच में जुटी पुलिस
संवाद न्यूज एजेंसी, आगरा
Published by: Arun Parashar
Updated Sat, 28 Mar 2026 06:42 PM IST
विज्ञापन
सार
ठग ने खुद को सर्राफ बताते हुए चांदी की पायल का ऑर्डर दिया। माल के एवज में भुगतान के रूप में चांदी देने की बात कही। माल मिलने के बाद ठग ने नकली चांदी भेज दी। पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
विस्तार
आगरा के कोतवाली के किनारी बाजार के रस्तोगी ज्वैलर्स एंड संस को गोरखपुर की फर्म के नाम से चांदी के आभूषण का आर्डर देकर शातिर ने नकली चांदी भेज दी। पीड़ित की शिकायत पर थाना कोतवाली पुलिस प्राथमिकी दर्ज कर जांच कर रही है।
रस्तोगी ज्वैलर्स एंड संस के साझेदार शगुन रस्तोगी ने बताया कि 6 नवंबर 2025 को उनके मोबाइल पर एक व्यक्ति का फोन आया, जिसने अपना नाम मुकेश सर्राफ बताते हुए स्वयं को गोरखपुर स्थित जायसवाल ज्वैलर्स श्री राधाकृष्ण वस्त्रालय का मालिक बताया। आरोपी ने व्हाट्सएप पर चांदी की पायल के डिजाइन मंगवाए और लगभग 15 किलोग्राम चांदी के आर्डर की बात कही।
बाद में 11.259 किलोग्राम माल तैयार होने पर आरोपी ने फ्लाई लॉजिस्टिक, आगरा डिलीवरी कंपनी के माध्यम से माल भेजने को कहा और बदले में चांदी भेजने का भरोसा दिया। उन्होंने 27 दिसंबर 2025 को माल बुक कराया, जो 28 दिसंबर को गोरखपुर पहुंच गया। इसके बाद 29 दिसंबर को आरोपी की ओर से चांदी के 10 टुकड़े टंच स्लिप के साथ प्राप्त हुए।
कुछ समय बाद जब उस चांदी को आभूषण बनाने को कारीगर को दिया गया तो पता चला कि वह शुद्ध चांदी न होकर गिलट है। इसके बाद संपर्क करने पर आरोपी का फोन बंद मिला। उसकी तलाश में पीड़ित गोरखपुर और बलरामपुर पहुंचा, जहां जांच में संबंधित फर्म और ब्रांच फर्जी निकली। स्थानीय लोगों ने बताया कि रवि कुमार वर्मा उर्फ मुकेश सर्राफ नामक व्यक्ति गिरोह के साथ मिलकर इस प्रकार की ठगी करता है। थाना प्रभारी कोतवाली ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज कर आरोपी की तलाश की जा रही है।
Trending Videos
रस्तोगी ज्वैलर्स एंड संस के साझेदार शगुन रस्तोगी ने बताया कि 6 नवंबर 2025 को उनके मोबाइल पर एक व्यक्ति का फोन आया, जिसने अपना नाम मुकेश सर्राफ बताते हुए स्वयं को गोरखपुर स्थित जायसवाल ज्वैलर्स श्री राधाकृष्ण वस्त्रालय का मालिक बताया। आरोपी ने व्हाट्सएप पर चांदी की पायल के डिजाइन मंगवाए और लगभग 15 किलोग्राम चांदी के आर्डर की बात कही।
विज्ञापन
विज्ञापन
बाद में 11.259 किलोग्राम माल तैयार होने पर आरोपी ने फ्लाई लॉजिस्टिक, आगरा डिलीवरी कंपनी के माध्यम से माल भेजने को कहा और बदले में चांदी भेजने का भरोसा दिया। उन्होंने 27 दिसंबर 2025 को माल बुक कराया, जो 28 दिसंबर को गोरखपुर पहुंच गया। इसके बाद 29 दिसंबर को आरोपी की ओर से चांदी के 10 टुकड़े टंच स्लिप के साथ प्राप्त हुए।
कुछ समय बाद जब उस चांदी को आभूषण बनाने को कारीगर को दिया गया तो पता चला कि वह शुद्ध चांदी न होकर गिलट है। इसके बाद संपर्क करने पर आरोपी का फोन बंद मिला। उसकी तलाश में पीड़ित गोरखपुर और बलरामपुर पहुंचा, जहां जांच में संबंधित फर्म और ब्रांच फर्जी निकली। स्थानीय लोगों ने बताया कि रवि कुमार वर्मा उर्फ मुकेश सर्राफ नामक व्यक्ति गिरोह के साथ मिलकर इस प्रकार की ठगी करता है। थाना प्रभारी कोतवाली ने बताया कि प्राथमिकी दर्ज कर आरोपी की तलाश की जा रही है।