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Aadhaar Services: आधार में दूसरी बार जन्मतिथि बदलना हुआ आसान, अब नहीं लगेगी SDM की संस्तुति; जानें नया नियम
अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा
Published by: Dhirendra Singh
Updated Wed, 17 Jun 2026 11:58 AM IST
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सार
आधार कार्ड में दूसरी बार जन्मतिथि संशोधन कराने वाले आवेदकों को बड़ी राहत मिली है, क्योंकि अब क्रॉस लिमिटेड मामलों में एसडीएम की संस्तुति जरूरी नहीं होगी। आवेदक 10 रुपये के शपथपत्र और पहले इस्तेमाल किए गए जन्म प्रमाणपत्र के आधार पर संशोधन करा सकेंगे।
आधार कार्ड
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
आधार कार्ड में दूसरी बार जन्मतिथि संशोधित कराने की प्रक्रिया में राहत दी गई है। अब क्रॉस लिमिटेड मामलों में एसडीएम की संस्तुति की अनिवार्यता समाप्त कर दी गई है। ऐसे मामलों में आवेदक 10 रुपये के स्टांप पेपर पर शपथपत्र जमा कर जन्मतिथि में संशोधन करा सकता है।
इस प्रक्रिया के लिए एक महत्वपूर्ण शर्त निर्धारित की गई है। आवेदक को वही जन्म प्रमाणपत्र प्रस्तुत करना होगा, जिसके आधार पर पहले आधार में जन्मतिथि अपडेट कराई गई थी। नए आवेदन में जन्म प्रमाणपत्र का रजिस्ट्रेशन नंबर पहले दर्ज नंबर से मेल खाना अनिवार्य होगा। रजिस्ट्रेशन नंबर अलग होने पर आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा। अब तक क्रॉस लिमिटेड मामलों में जन्मतिथि संशोधन के लिए एसडीएम से सत्यापन और अनुशंसापत्र प्राप्त करना पड़ता था, जिससे प्रक्रिया लंबी और जटिल हो जाती थी। नई व्यवस्था से आवेदकों को अनावश्यक भागदौड़ से राहत मिलेगी और आधार अपडेट प्रक्रिया अधिक सरल होगी। नई व्यवस्था से समय और खर्च दोनों की बचत होगी। साथ ही जन्म प्रमाण पत्र के रजिस्ट्रेशन नंबर के मिलान की शर्त से रिकॉर्ड की प्रमाणिकता भी सुनिश्चित की जा सकेगी। यूआईडीएआई के अन्य नियम और आवश्यक दस्तावेज पूर्व की तरह लागू रहेंगे।
ऐसे जाने क्रॉस लिमिटेड क्या है
आधार कार्ड अपडेट प्रक्रिया में क्रॉस लिमिटेड केस का मतलब होता है कि आधार में दर्ज जन्मतिथि और प्रस्तुत दस्तावेज में दर्ज जन्मतिथि के बीच का अंतर निर्धारित सीमा से अधिक होता है।
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आधार सेवा केंद्र संचालकों के अनुसार शपथ पत्र का प्रारूप आधार केंद्र की ओर से उपलब्ध कराया जाएगा। आवेदक को निर्धारित प्रारूप में विवरण भरकर उसे नोटरी से प्रमाणित कराना होगा। 18 वर्ष या उससे अधिक आयु के आवेदकों के लिए अलग प्रारूप निर्धारित है। 18 वर्ष से आयु के बच्चों के लिए अलग प्रारूप है।
1- जन्मतिथि में 2 बार अपडेट करा सकते हैं।
2- जेंडर में अपडेट सिर्फ 1 बार करा सकते हैं, मेडिकल कंडीशन पर भी बदला जा सकता है।
3- नाम में संशोधन 2 बार करा सकता हैं।
4- पूरा नाम बदलवाने में व 2 बार से अधिक संशोधन कराने के लिए गजट नोटिफिकेशन के माध्यम से होता है।
5- मोबाइल नंबर, पता और फोटो कितनी बार भी संशोधित करा सकते हैं।
इस प्रक्रिया के लिए एक महत्वपूर्ण शर्त निर्धारित की गई है। आवेदक को वही जन्म प्रमाणपत्र प्रस्तुत करना होगा, जिसके आधार पर पहले आधार में जन्मतिथि अपडेट कराई गई थी। नए आवेदन में जन्म प्रमाणपत्र का रजिस्ट्रेशन नंबर पहले दर्ज नंबर से मेल खाना अनिवार्य होगा। रजिस्ट्रेशन नंबर अलग होने पर आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा। अब तक क्रॉस लिमिटेड मामलों में जन्मतिथि संशोधन के लिए एसडीएम से सत्यापन और अनुशंसापत्र प्राप्त करना पड़ता था, जिससे प्रक्रिया लंबी और जटिल हो जाती थी। नई व्यवस्था से आवेदकों को अनावश्यक भागदौड़ से राहत मिलेगी और आधार अपडेट प्रक्रिया अधिक सरल होगी। नई व्यवस्था से समय और खर्च दोनों की बचत होगी। साथ ही जन्म प्रमाण पत्र के रजिस्ट्रेशन नंबर के मिलान की शर्त से रिकॉर्ड की प्रमाणिकता भी सुनिश्चित की जा सकेगी। यूआईडीएआई के अन्य नियम और आवश्यक दस्तावेज पूर्व की तरह लागू रहेंगे।
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ऐसे जाने क्रॉस लिमिटेड क्या है
आधार कार्ड अपडेट प्रक्रिया में क्रॉस लिमिटेड केस का मतलब होता है कि आधार में दर्ज जन्मतिथि और प्रस्तुत दस्तावेज में दर्ज जन्मतिथि के बीच का अंतर निर्धारित सीमा से अधिक होता है।
आधार सेवा केंद्र संचालकों के अनुसार शपथ पत्र का प्रारूप आधार केंद्र की ओर से उपलब्ध कराया जाएगा। आवेदक को निर्धारित प्रारूप में विवरण भरकर उसे नोटरी से प्रमाणित कराना होगा। 18 वर्ष या उससे अधिक आयु के आवेदकों के लिए अलग प्रारूप निर्धारित है। 18 वर्ष से आयु के बच्चों के लिए अलग प्रारूप है।
1- जन्मतिथि में 2 बार अपडेट करा सकते हैं।
2- जेंडर में अपडेट सिर्फ 1 बार करा सकते हैं, मेडिकल कंडीशन पर भी बदला जा सकता है।
3- नाम में संशोधन 2 बार करा सकता हैं।
4- पूरा नाम बदलवाने में व 2 बार से अधिक संशोधन कराने के लिए गजट नोटिफिकेशन के माध्यम से होता है।
5- मोबाइल नंबर, पता और फोटो कितनी बार भी संशोधित करा सकते हैं।