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Ballia News: छात्रों को थाली की जगह हाथों में रोटी-सब्जी देने की जांच शुरू
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बलिया। सरकारी स्कूल के बच्चों को मिड डे मील की रोटी-सब्जी थाली की जगह हाथों में दिए जाने की जांच शुरू हो गई है। बीएसए ने पूरे मामले की जांच खंड शिक्षा अधिकारी सीयर को दी है। साथ ही कंपोजिट विद्यालय पलिया की प्रभारी प्रधानाध्यापक, विद्यालय के दूसरे स्टाफ और रसोइयों को शनिवार को अभिलेख के साथ तलब किया है।
बीएसए मनीष कुमार सिंह ने कहा कि आपसी रंजिश में ऐसी हरकत अक्षम्य है। विद्यालय में कार्यरत महिला अनुदेशक ने अपने मोबाइल से वीडियो और फोटो दूसरी जगह भेजे हैं। इसके प्रमाण मिले हैं। वायरल वीडियो व फोटो सीयर के कंपोजिट विद्यालय पलिया का ही है। इस विद्यालय में आठ सहायक अध्यापक हैं। दो अनुदेशक औी एक शिक्षा मित्र की तैनाती है। चार रसोइया सहित 15 कर्मचारी काम करते हैं। विद्यालय में 154 छात्र-छात्राएं पढ़ाई कर रहे हैं। इन सबके खाने के लिए 160 थालियां हैं, फिर भी खाना हाथ में परोसा गया। प्रारंभिक जांच से पता चला कि वायरल फोटो व वीडियो 20 अप्रैल 2026 का है। इसे अनुदेशक निर्मला भारती ने दूसरी जगह भेजकर अपने मोबाइल फोन से डिलीट कर दिया था। अब फोटो रिस्टोर हो गया है। निर्मला भारती ने प्रभारी प्रधानाध्यापक को ब्लैकमेल करने की नीयत से फोटो खींचे थे। जानबूझकर वीडियो और फोटो सोशल मीडिया पर साझा किया गया जो अब वायरल हो रहा है। अनुदेशक की वजह से विद्यालय और विभाग की छवि धूमिल हुई है। मामले में कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
बीएसए ने बताया कि एक अगस्त को दोपहर साढ़े तीन बजे प्रधानध्यापक, शिक्षक, अनुदेशक, रसोइया और कर्मचारियों को बुलाया गया है। स्पष्टीकरण मिलने के बाद विभागीय कार्रवाई की जाएगी। मामले में जिम्मेदारी तय होगी ताकि भविष्य में ऐसा न हो सके।
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बीएसए मनीष कुमार सिंह ने कहा कि आपसी रंजिश में ऐसी हरकत अक्षम्य है। विद्यालय में कार्यरत महिला अनुदेशक ने अपने मोबाइल से वीडियो और फोटो दूसरी जगह भेजे हैं। इसके प्रमाण मिले हैं। वायरल वीडियो व फोटो सीयर के कंपोजिट विद्यालय पलिया का ही है। इस विद्यालय में आठ सहायक अध्यापक हैं। दो अनुदेशक औी एक शिक्षा मित्र की तैनाती है। चार रसोइया सहित 15 कर्मचारी काम करते हैं। विद्यालय में 154 छात्र-छात्राएं पढ़ाई कर रहे हैं। इन सबके खाने के लिए 160 थालियां हैं, फिर भी खाना हाथ में परोसा गया। प्रारंभिक जांच से पता चला कि वायरल फोटो व वीडियो 20 अप्रैल 2026 का है। इसे अनुदेशक निर्मला भारती ने दूसरी जगह भेजकर अपने मोबाइल फोन से डिलीट कर दिया था। अब फोटो रिस्टोर हो गया है। निर्मला भारती ने प्रभारी प्रधानाध्यापक को ब्लैकमेल करने की नीयत से फोटो खींचे थे। जानबूझकर वीडियो और फोटो सोशल मीडिया पर साझा किया गया जो अब वायरल हो रहा है। अनुदेशक की वजह से विद्यालय और विभाग की छवि धूमिल हुई है। मामले में कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
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बीएसए ने बताया कि एक अगस्त को दोपहर साढ़े तीन बजे प्रधानध्यापक, शिक्षक, अनुदेशक, रसोइया और कर्मचारियों को बुलाया गया है। स्पष्टीकरण मिलने के बाद विभागीय कार्रवाई की जाएगी। मामले में जिम्मेदारी तय होगी ताकि भविष्य में ऐसा न हो सके।
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