Ballia News: कार की डिक्की तोड़कर पुलिस ने महिला को बचाया, आरोपियों का खंगाला जा रहा आपराधिक इतिहास
Ballia News: बलिया जिले में एक शख्स की शिकायत पर पुलिस सक्रिय हुई और मोबाइल के लोकेशन को खंगालते हुए कार के पास पहुंची। यहां कार की डिक्की तोड़कर महिला को बाहर निकाला गया।
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बलिया सिकंदरपुर थाना क्षेत्र के बिच्छीबोझ नहर के समीप पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक बड़ी सफलता हासिल की। पुलिस ने एक कार की डिक्की तोड़कर उसमें बंद 55 वर्षीय महिला को सुरक्षित बाहर निकाला। महिला की हालत काफी खराब थी। उसे अस्पताल पहुंचाया गया, जहां इलाज के बाद महिला ने पूरी कहानी बताई।
क्या है पूरा मामला
जानकारी के अनुसार थाना क्षेत्र के उचराव गांव निवासी नीतीश राम सोमवार की रात करीब दो बजे सिकंदरपुर थाने पहुंचे और पुलिस को सूचना दी कि उनकी बुआ का फोन आया है, उन्होंने बताया कि वह किसी गाड़ी में बंद हैं और अज्ञात स्थान पर रखी गई हैं। सूचना मिलते ही पुलिस सक्रिय हुई और मोबाइल लोकेशन के आधार पर महिला के संभावित स्थान का पता लगाया।
पुलिस टीम जब बताए गए स्थान बिच्छीबोझ नहर के पास पहुंची तो वहां एक कार खड़ी मिली, जिसके आसपास कोई मौजूद नहीं था। इसी दौरान कार की डिक्की से महिला की आवाज सुनाई दी। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिसकर्मियों ने तत्काल प्रभारी थाना अध्यक्ष चंद्रशेखर यादव को सूचना दी। उनके निर्देश पर एएसआई राम सकल यादव के नेतृत्व में सेकंड मोबाइल टीम मौके पर भेजी गई।
काफी प्रयास के बावजूद कार की डिक्की नहीं खुल सकी, जिसके बाद रात में ही एक मिस्त्री को बुलाकर डिक्की तुड़वाई गई। डिक्की खुलते ही अंदर से एक महिला रोती हुई और अत्यंत घबराई हुई अवस्था में मिली। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए महिला को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिकंदरपुर पहुंचाया, जहां उसका उपचार कराया गया।
पुलिस ने रात में ही कार मालिक को हिरासत में ले लिया। पूछताछ में कार मालिक ने बताया कि एक युवक उसकी गाड़ी धुलवाने के बहाने लेकर गया था, जो पेशे से बस चालक है। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने बस मालिक को भी हिरासत में लिया है, हालांकि मुख्य आरोपी व बाइक सवार दोनों युवक अभी भी पुलिस की पकड़ से बाहर है।
पीड़ित महिला ने पुलिस को बताया कि वह ऊंचवार में अपनी मां की तबीयत खराब होने की सूचना पर उनसे मिलने गई थी। वहां से उसी दिन पैदल घर लौटते समय बाइक सवार दो युवकों ने उसे रोका और छोड़ने की बात कही। आगे ले जाकर आरोपियों ने उसे कुछ सुंघा दिया, जिसके बाद उसे कुछ भी याद नहीं है। होश आने पर उसने खुद को कार की डिक्की में बंद पाया। किसी तरह अपने छोटे मोबाइल से उसने भतीजे नीतीश को फोन कर मदद मांगी।
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इस संबंध में प्रभारी थाना अध्यक्ष चंद्रशेखर यादव ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस ने त्वरित कार्रवाई कर महिला को सुरक्षित मुक्त कराया। पूरे मामले की अपहरण सहित हर एंगल से गहन जांच की जा रही है। आरोपियों के आपराधिक इतिहास खंगाले जा रहे हैं और विधिक कार्रवाई की जा रही है।
