सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Balrampur News ›   4950 Jal Sakhis will check the purity of water in 990 villages

Balrampur News: 990 गांवों में 4950 जल सखियां जांचेंगी पानी की शुद्धता

संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर Updated Mon, 20 Apr 2026 11:41 PM IST
विज्ञापन
4950 Jal Sakhis will check the purity of water in 990 villages
फोटो-8-बलरामपुर में जल सखी को प्रदान किया जा रहा किअ ।-स्रोत : विभाग
विज्ञापन
राकेश कश्यप
Trending Videos


बलरामपुर। जिले के 990 गांवों में पानी की शुद्धता जांचने के लिए 4950 जल सखियों की टीम लगाई गई है। जल निगम ग्रामीण विभाग की तरफ से जल सखियों को शुद्धता जांचने के लिए किट वितरित किया गया है। अब जल सखी गांव में जाकर पानी की जांच करेंगी और मौके पर प्रदूषण संबंधित रिपोर्ट देंगी।
जल जीवन मिशन के तहत पानी की टंकी से हर घर नल से शुद्ध जल पहुंचने का लक्ष्य है। नलों से टपकने वाले जल की शुद्धता कितनी है, यह किसी को पता नहीं चल पा रहा था। ऐसे में शासन स्तर से पानी जांच की योजना तैयार की गई और गांवों में जल सखियों का चयन किया गया। जल निगम ग्रामीण विभाग की तरफ से गांवों में पेयजल की गुणवत्ता की जांच के लिए जल सखियों की नियुक्ति की गई है। जिले की 990 राजस्व गांवों में पांच-पांच जल सखियों को पानी जांचने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। जल सखी पानी की टंकी से आपूर्ति के अलावा हैंडपंप व कुआँ आदि पानी के स्रोतों की भी जांच करेंगी। जांच करने के बाद जल सखियों को रिपोर्ट ऑनलाइन पोर्टल पर तत्काल भरना होगा। उतरौला स्थित प्रयोगशाला के कर्मचारी अब गांव-गांव जल सखियों को जांच किट प्रदान कर रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

दिया गया है विशेष प्रशिक्षण
जल निगम ग्रामीण के उतरौला स्थित प्रयोगशाला के प्रभारी शिवाजी मौर्य ने बताया कि पानी की शुद्धता जांचने के लिए ब्लॉकवार जल सखियों को विशेष प्रशिक्षण दिया गया है। पानी में पीएच का मान, लेड, आयरन व पारा के स्तर की कैसे जांच करनी है, इसके बारे में विस्तार से जानकारी प्रदान की गई है। जांच किट की मदद से अब जल सखी पानी की शुद्धता जांच सकेंगी।
अधिशासी अभियंता जल निगम ग्रामीण संदीप सिंह ने बताया कि प्रयोगशाला में कर्मचारियों की संख्या कम होने से प्रत्येक गांवों में पानी की जांच नहीं हो पाती है। अब 990 गांवों में 4950 जल सखियां आसानी से प्रत्येक हैंडपंप, कुआं व टंकी के पानी की जांच कर सकेंगी। रिपोर्ट के आधार पर प्रदूषण मिलने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed