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Balrampur News: ट्रेडिंग में मुनाफे का झांसा देकर युवक से 8.44 लाख की साइबर ठगी
Sat, 01 Aug 2026 11:09 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बलरामपुर
Updated Sat, 01 Aug 2026 11:09 PM IST
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बलरामपुर। ऑनलाइन ट्रेडिंग में मोटे मुनाफे का लालच देकर साइबर ठगों ने उतरौला निवासी युवक से 8.44 लाख रुपये की ठगी कर ली। जालसाजों ने शुरुआत में मामूली निवेश पर कैशबैक देकर उसका भरोसा जीता। इसके बाद अलग-अलग मोबाइल नंबरों से संपर्क कर डेढ़ महीने तक निवेश कराते रहे। पूरी रकम जमा होने के बाद भी अधिक निवेश का दबाव बनाने लगे। ठगी का एहसास होने पर पीड़ित ने राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (एनसीआरपी) पर शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर साइबर क्राइम थाने में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
पुलिस के अनुसार, मेरठ जिले के खरखौदा थाना क्षेत्र के बिजौली गांव के मूल निवासी विकास कुमार वर्तमान में उतरौला के गांधीनगर मोहल्ले में रहते हैं। उन्होंने बताया कि नौ जून को एक अज्ञात व्यक्ति ने फोन कर ऑनलाइन ट्रेडिंग में कम समय में अधिक मुनाफा कमाने का झांसा दिया। पहले दो हजार रुपये और फिर 2,300 रुपये निवेश कराए गए। शुरुआती निवेश पर दो हजार रुपये वापस मिलने से उन्हें योजना पर भरोसा हो गया।
इसके बाद जालसाज अलग-अलग मोबाइल नंबरों से संपर्क कर लगातार अधिक रकम निवेश कराने लगे। विकास ने अपने भारतीय स्टेट बैंक खाते से 75 हजार रुपये भेजे। इसके बाद पत्नी के आईडीएफसी फर्स्ट बैंक खाते से छह लाख रुपये, मित्र मनोज कुमार के यूनियन बैंक खाते से 1.19 लाख रुपये और स्टेट बैंक के दूसरे खाते से 50 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए। नौ जून से 17 जुलाई के बीच उन्होंने कुल 8.44 लाख रुपये विभिन्न बैंक खातों में भेज दिए।
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रकम जमा होने के बाद भी आरोपी और निवेश करने का दबाव बनाते रहे। संदेह होने पर विकास ने 24 जुलाई को एनसीआरपी पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद साइबर क्राइम थाने में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की।
प्रभारी निरीक्षक आरपी यादव ने बताया कि तहरीर और एनसीआरपी शिकायत के आधार पर संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। मामले में इस्तेमाल मोबाइल नंबरों, बैंक खातों, डिजिटल ट्रांजेक्शन और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार करने का प्रयास किया जा रहा है।
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पुलिस के अनुसार, मेरठ जिले के खरखौदा थाना क्षेत्र के बिजौली गांव के मूल निवासी विकास कुमार वर्तमान में उतरौला के गांधीनगर मोहल्ले में रहते हैं। उन्होंने बताया कि नौ जून को एक अज्ञात व्यक्ति ने फोन कर ऑनलाइन ट्रेडिंग में कम समय में अधिक मुनाफा कमाने का झांसा दिया। पहले दो हजार रुपये और फिर 2,300 रुपये निवेश कराए गए। शुरुआती निवेश पर दो हजार रुपये वापस मिलने से उन्हें योजना पर भरोसा हो गया।
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इसके बाद जालसाज अलग-अलग मोबाइल नंबरों से संपर्क कर लगातार अधिक रकम निवेश कराने लगे। विकास ने अपने भारतीय स्टेट बैंक खाते से 75 हजार रुपये भेजे। इसके बाद पत्नी के आईडीएफसी फर्स्ट बैंक खाते से छह लाख रुपये, मित्र मनोज कुमार के यूनियन बैंक खाते से 1.19 लाख रुपये और स्टेट बैंक के दूसरे खाते से 50 हजार रुपये ट्रांसफर कर दिए। नौ जून से 17 जुलाई के बीच उन्होंने कुल 8.44 लाख रुपये विभिन्न बैंक खातों में भेज दिए।
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रकम जमा होने के बाद भी आरोपी और निवेश करने का दबाव बनाते रहे। संदेह होने पर विकास ने 24 जुलाई को एनसीआरपी पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई। इसके बाद साइबर क्राइम थाने में तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की।
प्रभारी निरीक्षक आरपी यादव ने बताया कि तहरीर और एनसीआरपी शिकायत के आधार पर संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। मामले में इस्तेमाल मोबाइल नंबरों, बैंक खातों, डिजिटल ट्रांजेक्शन और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार करने का प्रयास किया जा रहा है।