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UP News: रिश्वतखोरी में जेल गए बाल विकास विभाग के दो बाबू... किए गए निलंबित, जांच के बाद होगी आगे की कार्रवाई
अमर उजाला नेटवर्क, बलरामपुर
Published by: भूपेन्द्र सिंह
Updated Thu, 05 Feb 2026 02:02 PM IST
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सार
बलरामपुर में रिश्वतखोरी में जेल गए बाल विकास विभाग के दो बाबू निलंबित कर दिए गए हैं। विभागीय जांच पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई होगी। 30 जनवरी 2026 को 1.40 लाख रुपये के रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार हुए थे।
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- फोटो : Adobe Stock
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विस्तार
यूपी के बलरामपुर में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता चयन प्रक्रिया में रिश्वतखोरी में जेल गए दोनों कर्मचारियों को निलंबित कर दिया गया है। 30 जनवरी 2026 को दोनों बाबुओं के खिलाफ नगर कोतवाली में मुकदमा दर्ज करके गिरफ्तार किया गया था। बाल विकास एवं पुष्टाहार निदेशालय ने जिला कार्यक्रम अधिकारी की संस्तुति पर निलंबन के आदेश जारी किए हैं।
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घटना तुलसीपुर क्षेत्र के लालबोझी गांव की है। यहां आंगनबाड़ी कार्यकर्ता भर्ती प्रक्रिया-2025 के दौरान चयन के नाम पर 1.40 लाख रुपये रिश्वत लिए जाने का आरोप लगा था। इस संबंध में आवेदक रूबी सिंह के पति महेंद्र प्रताप सिंह ने जिलाधिकारी से शिकायत की थी। शिकायत पर गठित जांच टीम की रिपोर्ट में आरोपों की पुष्टि हुई थी। इसके बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए दो कर्मचारियों और एक बिचौलिये के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर तीनों को गिरफ्तार किया था।
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निलंबित किए गए कर्मचारियों में परियोजना लिपिक जमुना प्रसाद और आंगनबाड़ी नियुक्ति पटल पर तैनात रामसूचित वर्मा शामिल हैं। दोनों की भूमिका रिश्वत लेकर चयन प्रभावित करने में पाए जाने पर विभागीय कार्रवाई की गई है। जिला कार्यक्रम अधिकारी इफ्तखार अहमद ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए दोनों कर्मचारियों के निलंबन की संस्तुति निदेशालय को भेजी गई थी। इस पर अब आदेश जारी कर दिया गया है।
इसी के बाद ही दोनों के खिलाफ विभागीय जांच भी शुरू हो गई है। इसकी रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी बताया कि जिले में पूर्व में हुई आंगनबाड़ी चयन प्रक्रियाओं की भी समीक्षा कराई जा रही है, ताकि यदि कहीं अनियमितता सामने आए तो कार्रवाई की जा सके।
