UP News: भारत का आधार कार्ड और नेपाल का नागरिकता प्रमाण पत्र, सीमा पर दोहरी पहचान वाला युवक गिरफ्तार; केस दर्ज
भारत का आधार कार्ड और नेपाल के नागरिकता प्रमाण पत्र के साथ बलरामपुर जिले में नेपाल सीमा पर दोहरी पहचान वाला युवक गिरफ्तार किया गया है। इसके खिलाफ केस दर्ज करके आगे की कार्रवाई की जा रही है। आगे पढ़ें पूरा मामला...
विस्तार
नेपाल में चुनावी प्रक्रिया के मद्देनजर भारत-नेपाल अंतरराष्ट्रीय सीमा पर सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हैं। इसी कड़ी में बलरामपुर के जरवा कोतवाली क्षेत्र में कोयलाबास सीमा पर दोहरी पहचान के साथ नेपाल में प्रवेश करने की कोशिश कर रहे युवक को गिरफ्तार किया गया है। मामला सामने आने के बाद सुरक्षा एजेंसियां इसकी व्यापक जांच में जुट गई हैं।
एसएसबी की 9वीं वाहिनी की ओर से चलाए जा रहे विशेष चेकिंग अभियान के दौरान जवानों ने संदिग्ध गतिविधि के आधार पर एक युवक को रोका। पूछताछ में उसने अपना नाम सुंदर केसी पुत्र प्रेम बहादुर निवासी अंगलुंग, थाना पुरुकोतदा, जिला गुलमी (नेपाल) बताया। जांच के दौरान सामने आया कि वह तुलसीपुर क्षेत्र के पटियाला ग्रंट गांव में भी रह रहा था। लंबे समय से यहीं पर मजदूरी कर रहा था। नेपाल जाने के उद्देश्य के बारे में पूछने पर उसने मतदान करने की बात कही।
दो देशों के दस्तावेज मिलने से बढ़ी शंका
तलाशी में युवक ने पहले भारतीय आधार कार्ड प्रस्तुत किया। इसमें उसका पता तुलसीपुर क्षेत्र के पटियाला ग्रंट गांव का दर्ज था। आगे पूछताछ में उसने नेपाल का नागरिकता प्रमाण पत्र भी दिखाया। एक ही व्यक्ति के पास दो देशों के वैध दस्तावेज मिलने से सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई हैं। प्रारंभिक स्तर पर भारतीय आधार कार्ड के फर्जी होने की आशंका जताई गई है।
नेपाल में चुनाव के दौरान सीमा पार आवाजाही को लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है। ऐसे में दोहरी पहचान के साथ मतदान के नाम पर सीमा पार करने की कोशिश को सुरक्षा एजेंसियां संभावित चुनावी प्रभाव या दस्तावेजों के दुरुपयोग के दृष्टिकोण से भी जांच रही हैं। हालांकि, अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही किसी निष्कर्ष पर पहुंचा जाएगा।
एफआईआर दर्ज करके छानबीन शुरू
एसएसबी ने युवक को कोतवाली जरवा पुलिस के सुपुर्द कर दिया। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक राकेश कुमार पाल ने बताया कि एसएसबी की तहरीर पर आरोपी के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। दस्तावेजों की सत्यता की जांच कराई जा रही है। संबंधित विभागों से रिपोर्ट मांगी गई है। यदि आधार कार्ड फर्जी पाया जाता है या किसी संगठित गिरोह की भूमिका सामने आती है तो कानूनी कार्रवाई की जाएगी।खुली सीमा और पहचान सत्यापन की चुनौती
भारत-नेपाल के बीच खुली सीमा व्यवस्था वर्षों से दोनों देशों के नागरिकों के आवागमन को सहज बनाती रही है। बड़ी संख्या में नेपाली नागरिक भारत में कामकाज करते हैं। भारतीय नागरिक भी नेपाल आते-जाते हैं। ऐसे में पहचान दस्तावेजों की सत्यता सुनिश्चित करना सुरक्षा एजेंसियों के लिए एक बड़ी चुनौती है।नेपाल चुनाव जैसे संवेदनशील अवसर पर सीमा पर सख्ती बढ़ा दी गई है, ताकि किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधि, फर्जी दस्तावेजों के उपयोग या चुनाव प्रक्रिया को प्रभावित करने की आशंका को समय रहते रोका जा सके। गिरफ्तारी की कार्रवाई में एसएसबी कोयलाबास चौकी के सहायक उपनिरीक्षक रंजीत नाथ सहित पुलिस व एसएसबी के अन्य जवान शामिल रहे। सीमा पर बढ़ी निगरानी के बीच यह मामला दस्तावेज सत्यापन और चुनावी सतर्कता को देखते हुए अहम मानी जा रही।
