{"_id":"697e638111866e2a5f0da474","slug":"district-jail-in-full-lockdown-mode-body-worn-cameras-switched-on-barabanki-news-c-315-1-brp1006-157705-2026-02-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Barabanki News: जिला जेल फुल लॉकडाउन मोड में, बॉडीवॉर्न कैमरे ऑन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Barabanki News: जिला जेल फुल लॉकडाउन मोड में, बॉडीवॉर्न कैमरे ऑन
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
Updated Sun, 01 Feb 2026 01:48 AM IST
विज्ञापन
बाराबंकी जिला जेल का मुख्य गेट।
विज्ञापन
बाराबंकी। अयोध्या जिला जेल से बंदियों के भागने की घटना के बाद बाराबंकी जिला जेल में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पूरी सतर्कता बरती जा रही है। जेल प्रशासन ने हाई अलर्ट घोषित करते हुए पूरी जेल को लगभग फुल लॉकडाउन मोड में डाल दिया है। इस वक्त जिला जेल में करीब 1100 बंदी निरुद्ध हैं, जिनकी हर गतिविधि पर कड़ी नजर रखी जा रही है।
जेल में लगे 50 सीसीटीवी कैमरों की विशेष जांच कराई गई, जिसमें एक कैमरा खराब मिला। उसे तुरंत दुरुस्त कराया जा रहा है। सुरक्षा को और मजबूत बनाने के लिए अब बंदी रक्षकों को बॉडी वॉर्न कैमरे पहनाए गए हैं, ताकि जेल परिसर के भीतर होने वाली हर हलचल रिकॉर्ड हो सके।
सबसे खास बात यह है कि जेल के बाहर खेतों में काम करने वाले बंदियों और कैदियों की सुरक्षा व्यवस्था भी कई गुना बढ़ा दी गई है। इन क्षेत्रों में अतिरिक्त निगरानी और गश्त शुरू कर दी गई है, ताकि किसी भी तरह की चूक न हो। अयोध्या की घटना के बाद शुक्रवार को डीएम शशांक त्रिपाठी और एसपी अर्पित विजयवर्गीय ने संयुक्त मासिक निरीक्षण किया। दोनों अधिकारियों ने जेल की सुरक्षा व्यवस्था की सघन समीक्षा करते हुए हर संवेदनशील बिंदु की जांच की।
जेल अधिकारियों के अनुसार, हाई सिक्योरिटी बैरक को सीधे कैमरों की निगरानी में रखा गया है। इसी बैरक में खतरनाक किस्म के कैदियों को बंद किया जाता है। जेल के चारों कोनों पर बनाए गए निगरानी टावर अभी तक पूरी तरह सक्रिय नहीं हो सके हैं। इसके लिए जेल विभाग ने निदेशालय को पत्र भेजकर अलग से स्टाफ तैनात करने की मांग की है, ताकि इन टावरों से चौबीसों घंटे निगरानी शुरू हो सके। जेलर राजेंद्र सिंह ने बताया कि सुरक्षा के मद्देनजर दिन में दो बार बैरकों की तलाशी कराई जा रही है। जेल की सभी दीवारों पर कैमरे क्रियाशील कर दिए गए हैं, जिनकी निगरानी के लिए 24 घंटे एक विशेष कर्मचारी तैनात किया गया है। वहीं जेल के बाहर स्थित खुली पुलिस चौकी को भी पूरी तरह अलर्ट कर दिया गया है।
___
एआई कैमरे संभालेंगे सुरक्षा, सर्विलांस यूनिट होगी स्थापित
बाराबंकी जेल को अत्याधुनिक बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। जेल को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) से लैस करने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। सब कुछ ठीक रहा तो आने वाले समय में बाराबंकी जिला जेल की दीवारें और कैमरे भी इस तकनीक से लैस होंगे। जेल अधिकारियों के मुताबिक, इस योजना के तहत ड्यूल व्यू बैगेज स्कैनर, फुल ह्यूमन बॉडी वॉर्न स्कैनर, कांटैक्टलेस ग्लास वाला मुलाकात घर और नई तकनीक से लैस उपकरण लगाए जाएंगे। इसके साथ ही सीसीटीवी सर्विलांस यूनिट की स्थापना की जाएगी। जेल के संवेदनशील स्थलों को चिह्नित कर वहां एआई कैमरे लगाए जाएंगे, जो संदिग्ध गतिविधियों को खुद पहचान सकेंगे।
Trending Videos
जेल में लगे 50 सीसीटीवी कैमरों की विशेष जांच कराई गई, जिसमें एक कैमरा खराब मिला। उसे तुरंत दुरुस्त कराया जा रहा है। सुरक्षा को और मजबूत बनाने के लिए अब बंदी रक्षकों को बॉडी वॉर्न कैमरे पहनाए गए हैं, ताकि जेल परिसर के भीतर होने वाली हर हलचल रिकॉर्ड हो सके।
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे खास बात यह है कि जेल के बाहर खेतों में काम करने वाले बंदियों और कैदियों की सुरक्षा व्यवस्था भी कई गुना बढ़ा दी गई है। इन क्षेत्रों में अतिरिक्त निगरानी और गश्त शुरू कर दी गई है, ताकि किसी भी तरह की चूक न हो। अयोध्या की घटना के बाद शुक्रवार को डीएम शशांक त्रिपाठी और एसपी अर्पित विजयवर्गीय ने संयुक्त मासिक निरीक्षण किया। दोनों अधिकारियों ने जेल की सुरक्षा व्यवस्था की सघन समीक्षा करते हुए हर संवेदनशील बिंदु की जांच की।
जेल अधिकारियों के अनुसार, हाई सिक्योरिटी बैरक को सीधे कैमरों की निगरानी में रखा गया है। इसी बैरक में खतरनाक किस्म के कैदियों को बंद किया जाता है। जेल के चारों कोनों पर बनाए गए निगरानी टावर अभी तक पूरी तरह सक्रिय नहीं हो सके हैं। इसके लिए जेल विभाग ने निदेशालय को पत्र भेजकर अलग से स्टाफ तैनात करने की मांग की है, ताकि इन टावरों से चौबीसों घंटे निगरानी शुरू हो सके। जेलर राजेंद्र सिंह ने बताया कि सुरक्षा के मद्देनजर दिन में दो बार बैरकों की तलाशी कराई जा रही है। जेल की सभी दीवारों पर कैमरे क्रियाशील कर दिए गए हैं, जिनकी निगरानी के लिए 24 घंटे एक विशेष कर्मचारी तैनात किया गया है। वहीं जेल के बाहर स्थित खुली पुलिस चौकी को भी पूरी तरह अलर्ट कर दिया गया है।
___
एआई कैमरे संभालेंगे सुरक्षा, सर्विलांस यूनिट होगी स्थापित
बाराबंकी जेल को अत्याधुनिक बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। जेल को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) से लैस करने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। सब कुछ ठीक रहा तो आने वाले समय में बाराबंकी जिला जेल की दीवारें और कैमरे भी इस तकनीक से लैस होंगे। जेल अधिकारियों के मुताबिक, इस योजना के तहत ड्यूल व्यू बैगेज स्कैनर, फुल ह्यूमन बॉडी वॉर्न स्कैनर, कांटैक्टलेस ग्लास वाला मुलाकात घर और नई तकनीक से लैस उपकरण लगाए जाएंगे। इसके साथ ही सीसीटीवी सर्विलांस यूनिट की स्थापना की जाएगी। जेल के संवेदनशील स्थलों को चिह्नित कर वहां एआई कैमरे लगाए जाएंगे, जो संदिग्ध गतिविधियों को खुद पहचान सकेंगे।
