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Barabanki News: शहर में अवैध तरीके से संचालित हो रहे चार वाहन स्टैंड
Wed, 22 Jul 2026 01:43 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
संवाद न्यूज एजेंसी, बाराबंकी
Updated Wed, 22 Jul 2026 01:43 AM IST
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बाराबंकी। शहर की ट्रैफिक व्यवस्था सुधारने के दावों पर अमल होता नहीं दिख रहा है। इसकी वजह है जिम्मेदारों की मनमानी। शहर में आठ वाहन स्टैंड संचालित हो रहे हैं, जिनमें से चार अवैध हैं। शहर की सड़कों पर ऑटो, ई रिक्शा का कब्जा है। सबसे बड़ा सवाल यह है कि किसकी शह पर अवैध वाहन स्टैंडों का संचालन किया जा रहा है।
शहर में दशहराबाग, लखनऊ रोड डीएम आवास के पास, देवा रोड और पल्हरी में स्टैंड घोषित किया गया है। सुबह से देर शाम तक पटेल तिराहा, लखपेड़ाबाग चौराहा, बड़ेल चौराहा, नाका चौराहा, जमुरिया नाला, रामनगर तिराहा सहित कई प्रमुख चौराहों पर ऑटो और ई रिक्शा सड़क पर ही कतार लगाकर खड़े रहते हैं।
सवारी बैठाने की होड़ में चालक बीच सड़क पर वाहन रोक देते हैं। इससे यातायात प्रभावित होता है। सबसे ज्यादा परेशानी स्कूल बसों, एंबुलेंस, मरीजों, महिलाओं, बुजुर्गों और कार्यालय जाने वाले लोगों को उठानी पड़ती है। यातायात पुलिस समय-समय पर अभियान चलाने और चेकिंग करने का दावा करती है लेकिन अवैध स्टैंड जस के तस बने हुए हैं।
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सड़क पर वाहनों की पार्किंग
अवैध स्टैंडों के कारण सड़क का किनारा वाहनों के कब्जे में रहता है। कई जगह फुटपाथ तक ऑटो और ई रिक्शा खड़े कर दिए जाते हैं, जिससे पैदल यात्रियों को सड़क पर उतरकर चलना पड़ता है। दुर्घटना का खतरा लगातार बना रहता है। जाम के कारण बाजारों में आने वाले ग्राहकों को भी परेशानी होती है।
हर चौराहे पर सवारियों को लेकर मारामारी
सवारी बैठाने की प्रतिस्पर्धा में कई चालक अचानक ब्रेक लगा देते हैं या बीच सड़क पर वाहन मोड़ देते हैं। कई बार आगे निकलने की होड़ में वाहन एक-दूसरे के सामने खड़े हो जाते हैं। सवारियों को बैठाने के लिए मारामारी होती है। इससे न सिर्फ यातायात बाधित होता है बल्कि दुर्घटनाओं की आशंका भी बढ़ जाती है।
बैठक हुई, सहमति बनी... लेकिन व्यवस्था नहीं बदली
यातायात निरीक्षक ने पूर्व में पुलिस लाइन में ऑटो-टेंपो यूनियन के पदाधिकारियों के साथ बैठक की थी। बैठक के बाद भी व्यवस्था धरातल पर नहीं उतर सकी। ऑटो चालक सेवा समिति के अध्यक्ष वीरेंद्र प्रताप का कहना है कि शहर के भीतर भी छोटे-छोटे अधिकृत स्टैंड बनाए जाने चाहिए, ताकि यात्रियों को सुविधा मिल सके।
हर चौराहे पर ट्रैफिक पुलिस की ड्यूटी लगाई गई है और लगातार चेकिंग की जा रही है। किसी भी दशा में अवैध स्टैंड नहीं चलने दिए जाएंगे। वाहन निर्धारित स्टैंड से ही संचालित हों। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
- रामयतन यादव, टीएसआई
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शहर में दशहराबाग, लखनऊ रोड डीएम आवास के पास, देवा रोड और पल्हरी में स्टैंड घोषित किया गया है। सुबह से देर शाम तक पटेल तिराहा, लखपेड़ाबाग चौराहा, बड़ेल चौराहा, नाका चौराहा, जमुरिया नाला, रामनगर तिराहा सहित कई प्रमुख चौराहों पर ऑटो और ई रिक्शा सड़क पर ही कतार लगाकर खड़े रहते हैं।
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सवारी बैठाने की होड़ में चालक बीच सड़क पर वाहन रोक देते हैं। इससे यातायात प्रभावित होता है। सबसे ज्यादा परेशानी स्कूल बसों, एंबुलेंस, मरीजों, महिलाओं, बुजुर्गों और कार्यालय जाने वाले लोगों को उठानी पड़ती है। यातायात पुलिस समय-समय पर अभियान चलाने और चेकिंग करने का दावा करती है लेकिन अवैध स्टैंड जस के तस बने हुए हैं।
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सड़क पर वाहनों की पार्किंग
अवैध स्टैंडों के कारण सड़क का किनारा वाहनों के कब्जे में रहता है। कई जगह फुटपाथ तक ऑटो और ई रिक्शा खड़े कर दिए जाते हैं, जिससे पैदल यात्रियों को सड़क पर उतरकर चलना पड़ता है। दुर्घटना का खतरा लगातार बना रहता है। जाम के कारण बाजारों में आने वाले ग्राहकों को भी परेशानी होती है।
हर चौराहे पर सवारियों को लेकर मारामारी
सवारी बैठाने की प्रतिस्पर्धा में कई चालक अचानक ब्रेक लगा देते हैं या बीच सड़क पर वाहन मोड़ देते हैं। कई बार आगे निकलने की होड़ में वाहन एक-दूसरे के सामने खड़े हो जाते हैं। सवारियों को बैठाने के लिए मारामारी होती है। इससे न सिर्फ यातायात बाधित होता है बल्कि दुर्घटनाओं की आशंका भी बढ़ जाती है।
बैठक हुई, सहमति बनी... लेकिन व्यवस्था नहीं बदली
यातायात निरीक्षक ने पूर्व में पुलिस लाइन में ऑटो-टेंपो यूनियन के पदाधिकारियों के साथ बैठक की थी। बैठक के बाद भी व्यवस्था धरातल पर नहीं उतर सकी। ऑटो चालक सेवा समिति के अध्यक्ष वीरेंद्र प्रताप का कहना है कि शहर के भीतर भी छोटे-छोटे अधिकृत स्टैंड बनाए जाने चाहिए, ताकि यात्रियों को सुविधा मिल सके।
हर चौराहे पर ट्रैफिक पुलिस की ड्यूटी लगाई गई है और लगातार चेकिंग की जा रही है। किसी भी दशा में अवैध स्टैंड नहीं चलने दिए जाएंगे। वाहन निर्धारित स्टैंड से ही संचालित हों। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
- रामयतन यादव, टीएसआई