{"_id":"69cecb478559cd8c9a0d890a","slug":"a-dip-of-faith-was-taken-on-the-banks-of-the-manorama-kuano-confluence-basti-news-c-207-1-bst1026-155988-2026-04-03","type":"story","status":"publish","title_hn":"Basti News: मनोरमा-कुआनो संगम के तट पर लगाई आस्था की डुबकी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Basti News: मनोरमा-कुआनो संगम के तट पर लगाई आस्था की डुबकी
विज्ञापन
मनवर संगम तट पर स्नान करते लोग-संवाद
विज्ञापन
लालगंज। चैत्र पूर्णिमा पर लालगंज स्थित कुआनो-मनवर संगम के तट पर बृहस्पतिवार को भोर से श्रद्धालुओं तांता लगना शुरू हो गया।लोगों ने पवित्र संगम में आस्था की डुबकी लगाई। अन्न एवं गोदान के साथ पूजन-अर्चन किया गया।
जिले के समीप वर्ती वालिया, अयोध्या धाम, गोंडा बहराइच, आंबेडकरनगर, बाराबंकी, जलालपुर, वाराणसी, संतकबीरनगर, सुल्तानपुर, गोरखपुर के अलावा क्षेत्रीय गांव ठोकवा, सिसई पंडित, जनजन, कुरमौल, चैबाह, बारीघाट, मसुरिहा, मेहनौना, कल्यानपुर, हथियाव, कुदरहा, महादेवा, मुंडेरवा, पिपरपाती, चकिया, परसाव, सेल्हरा आदि गांवों साथ स्थानीय कस्बे के लोग बुधवार से ही संगम तट पहुंचने लगे। यहां परंपरा के अनुसार लोग लिट्टी-चोखे का भोजन कर रात्रि विश्राम किया।
बृहस्पतिवार की भोर में पांच बजे से ही कुआनो-मनवर संगम में डुबकी लगानी शुरू कर दी। यह सिलसिला पूरे दिन चलता रहा। श्रद्धालुओं ने संगम तट पर स्थित बाबा मोक्षेश्वर नाथ शिव मंदिर में भगवान शिव की आराधना की। पूरे दिन पुण्य अर्जित करने की होड़ मची रही। पौराणिक मान्यता है कि त्रेता काल में यहां भगवान राम ने लिट्टी चोखा खाकर रात में विश्राम किया था। तभी से यहां पूजन-अर्चन के साथ लिट्टी-चोखा खाने की परंपरा आज भी कायम है।
चैत्र पूर्णिमा पर श्रद्धालुओं ने बारहछत्तर धाम में किया जलाभिषेक : टिनिच। चैत्र पूर्णिमा के अवसर पर बाराह छत्तर धाम के कुआनो नदी पर लोगों ने स्नान-दान कर शिव लिंग पर जलाभिषेक किया। इस अवसर पर खेलकूद प्रतियोगिता का भी आयोजन हुआ। बृहस्पतिवार को सल्टौआ ब्लॉक के अजगैवाजंगल स्थित पर्यटन स्थल बारह छत्तर धाम में भोर से ही बड़ी संख्या में कुआनो नदी में श्रद्धालुओं ने स्नान कर गोदान कर शिव लिंग पर जलाभिषेक किया। इस स्थान पर वर्ष में कार्तिक व चैत्र पूर्णिमा पर मेला लगता है। जिसमे जनपद के विभिन्न क्षेत्रों से लोग यहां आते हैं। पंडूलघाट पर लगा मेला, मनोरमा नदी में किया स्नान : दुबौलिया। ब्लॉक क्षेत्र के पंडूल घाट पर बृहस्पतिवार को मेले का आयोजन हुआ। इसमें सुबह से ही लोगों की भीड़ जुुटने लगी और मनोरमा नदी में स्नान भी किया। इसके साथ ही लगे मेले में सूप, चलनी, केला एवं मिट्टी की मटकी आदि की लोगो ने खरीदारी भी की। मेले के इतिहास को लेकर लोगों ने कहना है कि मनोरमा नदी के पावन तट पर स्थित पंडूल घाट पर एक छोटी सा मंदिर व एक कुआं मौजूद है। किवदंती के अनुसार अज्ञातवास के दौरान यहां पांडव अपना भेष बदलकर रहते थे और उसी कुएं से पानी पीते थे। यहां कई असुरों का संहार किया था। इसी महात्मय को लेकर बाद से यहां मेले का आयोजन होने लगा।
Trending Videos
जिले के समीप वर्ती वालिया, अयोध्या धाम, गोंडा बहराइच, आंबेडकरनगर, बाराबंकी, जलालपुर, वाराणसी, संतकबीरनगर, सुल्तानपुर, गोरखपुर के अलावा क्षेत्रीय गांव ठोकवा, सिसई पंडित, जनजन, कुरमौल, चैबाह, बारीघाट, मसुरिहा, मेहनौना, कल्यानपुर, हथियाव, कुदरहा, महादेवा, मुंडेरवा, पिपरपाती, चकिया, परसाव, सेल्हरा आदि गांवों साथ स्थानीय कस्बे के लोग बुधवार से ही संगम तट पहुंचने लगे। यहां परंपरा के अनुसार लोग लिट्टी-चोखे का भोजन कर रात्रि विश्राम किया।
विज्ञापन
विज्ञापन
बृहस्पतिवार की भोर में पांच बजे से ही कुआनो-मनवर संगम में डुबकी लगानी शुरू कर दी। यह सिलसिला पूरे दिन चलता रहा। श्रद्धालुओं ने संगम तट पर स्थित बाबा मोक्षेश्वर नाथ शिव मंदिर में भगवान शिव की आराधना की। पूरे दिन पुण्य अर्जित करने की होड़ मची रही। पौराणिक मान्यता है कि त्रेता काल में यहां भगवान राम ने लिट्टी चोखा खाकर रात में विश्राम किया था। तभी से यहां पूजन-अर्चन के साथ लिट्टी-चोखा खाने की परंपरा आज भी कायम है।
चैत्र पूर्णिमा पर श्रद्धालुओं ने बारहछत्तर धाम में किया जलाभिषेक : टिनिच। चैत्र पूर्णिमा के अवसर पर बाराह छत्तर धाम के कुआनो नदी पर लोगों ने स्नान-दान कर शिव लिंग पर जलाभिषेक किया। इस अवसर पर खेलकूद प्रतियोगिता का भी आयोजन हुआ। बृहस्पतिवार को सल्टौआ ब्लॉक के अजगैवाजंगल स्थित पर्यटन स्थल बारह छत्तर धाम में भोर से ही बड़ी संख्या में कुआनो नदी में श्रद्धालुओं ने स्नान कर गोदान कर शिव लिंग पर जलाभिषेक किया। इस स्थान पर वर्ष में कार्तिक व चैत्र पूर्णिमा पर मेला लगता है। जिसमे जनपद के विभिन्न क्षेत्रों से लोग यहां आते हैं। पंडूलघाट पर लगा मेला, मनोरमा नदी में किया स्नान : दुबौलिया। ब्लॉक क्षेत्र के पंडूल घाट पर बृहस्पतिवार को मेले का आयोजन हुआ। इसमें सुबह से ही लोगों की भीड़ जुुटने लगी और मनोरमा नदी में स्नान भी किया। इसके साथ ही लगे मेले में सूप, चलनी, केला एवं मिट्टी की मटकी आदि की लोगो ने खरीदारी भी की। मेले के इतिहास को लेकर लोगों ने कहना है कि मनोरमा नदी के पावन तट पर स्थित पंडूल घाट पर एक छोटी सा मंदिर व एक कुआं मौजूद है। किवदंती के अनुसार अज्ञातवास के दौरान यहां पांडव अपना भेष बदलकर रहते थे और उसी कुएं से पानी पीते थे। यहां कई असुरों का संहार किया था। इसी महात्मय को लेकर बाद से यहां मेले का आयोजन होने लगा।