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Bijnor News: अटका कोटरा माइनर खोदाई का कार्य, गजुपुरा के किसानों ने डाला अड़ंगा

Meerut Bureau मेरठ ब्यूरो
Updated Tue, 24 Mar 2026 12:39 AM IST
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Kotra Minor excavation work stalled, Gajpura farmers obstructed
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विभाग के प्रयास के बाद भी 25 सालों में अभी तक कंप्लीट नहीं हो सकी 41 किमी लंबी माइनर
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संवाद न्यूज एजेंसी

धामपुर। क्षेत्र के गांव गजपुरा के कुछ किसानों द्वारा अवरोध पैदा कर देने के कारण कोटरा माइनर की खोदाई का कार्य एक बार फिर से अटक गया है। अधिकारियों का कहना है कि केवल कुछ किसान ही अवरोध पैदा कर रहे हैं। जबकि अधिकांश अवरोधों को दूर कर खोदाई का कार्य तेजी से चल रहा है।
बता दें कि प्रदेश सरकार द्वारा करीब ढाई दशक पहले करीब 16 करोड़ रुपए की लागत से 41 किलोमीटर लंबे कोटरा माइनर को निकलने का कार्य शुरू हुआ था।लेकिन किसानों के अवरोधक बनने के कारण यह कार्य अभी तक पूरा नहीं हो सका है। पिछले साल 2025 में विधायक अशोक राणा ने हस्तक्षेप कर विभाग के अधिकारियों से वार्ता कर मृत पड़ी माइनर को फिर से जीवित करने का काम शुरू कराया था।
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शिखर सीनियर सेकेंडरी स्कूल और डिग्री कॉलेज के बीच अवरोध आने से खोदाई का कार्य अटका पड़ा था। जिसे विभाग ने दूर कर वहां पर भी खोदाई का कार्य पूरा कर दिया। लेकिन अब गजुपुरा गांव के कुछ किसानों ने एक बार फिर से अवरोध पैदा कर कार्य को अटका दिया। हालांकि विभाग की ओर से खोदाई कराने का पूरा प्रयास किया जा रहा है। लेकिन अभी सफलता नहीं मिल पाई है।


- मुआवजा प्राप्त करने के बाद भी नहीं छोड़ रहे कब्जा-टीसी लांबा, अधिशासी अभियंता, पूर्वी नहर निर्माण खंड -छह

पूर्वी नहर निर्माण खंड छह नजीबाबाद के अधिशासी अभियंता त्रिलोकचंद लांबा का कहना है कि गांव के कुछ किसानों ने -2004 में जमीन अधिग्रहण के दौरान मुआवजा भी ले लिया है। लेकिन उन्होंने अभी तक जमीन को कब्जामुक्त नहीं किया।विभाग कई बार जमीन को कब्जा मुक्त करने के लिए प्रक्रिया अनुसार नोटिस भी भेजता रहा है ।लेकिन इन पर कोई भी असर नहीं हो रहा। पिछले दिनों इन किसानों ने भाकियू की आड़ में विभाग के अधिकारियों को दबाव में लेकर कार्य में अड़ंगा डालने का प्रयास किया था। लेकिन जब उन्हें प्रक्रिया को समझाया गया कि तो वह बैक फुट पर आ गए।
मार्च माह के अंत तक माइनर को चालू कराने का लक्ष्य था। यही हालात रहे तो कार्य और पीछे लटक सकता है। उन्होंने सहायक अभियंता, अवर अभियंता को निर्देशित किया है कि वह कार्य को न रोकें। कोई गैर कानूनी ढंग से रोकने का प्रयास करें तो कानून की सहायता लें। जिसके कारण करोड़ों की लागत से तैयार हो रही माइनर का लाभ क्षेत्र के हजारों से अधिक किसानों को मिल सके।

- हरित क्रांति लाना है माइनर का उददेश्य

अधिकारियों का कहना है कि माइनर को धामपुर के निकट से निकलने का उद्देश्य क्षेत्र में हरित क्रांति लाना है। जिससे किसान नहर के पानी से फसलों की आसानी से फ्री में सरकार की योजना के तहत सिंचाई कर फसलों का सर्वोत्तम उत्पादन ले सकें। वाटर लेवल भी डाउन होने से बच सके।
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