{"_id":"69c57c25456f6bdd81076559","slug":"preparations-underway-to-stop-benami-transactions-along-the-shamli-gorakhpur-expressway-bijnor-news-c-27-1-smrt1004-175511-2026-03-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bijnor News: शामली-गोरखपुर एक्सप्रेसवे के रास्ते में बैनामों पर रोक की तैयारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bijnor News: शामली-गोरखपुर एक्सप्रेसवे के रास्ते में बैनामों पर रोक की तैयारी
विज्ञापन
विज्ञापन
बिजनौर। शामली-गोरखपुर एक्सप्रेसवे के निर्माण के रास्ते में बैनामों (रजिस्ट्री) पर रोक लगाने की तैयारी चल रही है। इस संबंध में एसएलओ विभाग सक्रिय हो गया है और संबंधित गाटा संख्याओं के साथ एक सूची तैयार कर रहा है। इस सूची को रजिस्ट्री ऑफिस को भेजा जाएगा, जिसके बाद प्रभावित भूमि के बैनामों पर रोक लगा दी जाएगी।
एसएलओ विभाग द्वारा एक्सप्रेसवे प्रभावित क्षेत्रों में भूमि के स्वामित्व की जांच की जा रही है। इस प्रक्रिया के तहत, उन गाटा संख्याओं की पहचान की जा रही है जो सीधे तौर पर एक्सप्रेसवे के निर्माण के दायरे में आ रही हैं। विभाग का लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि एक्सप्रेसवे के लिए अधिग्रहित की जाने वाली भूमि का कोई भी हिस्सा अनधिकृत रूप से हस्तांतरित न हो।
तीन सूचियों का एकीकरण : शामली-गोरखपुर एक्सप्रेसवे पर जिले में रुड़की, नजीबाबाद और मुरादाबाद डिवीजन काम कर रही है। पहले रुड़की और मुरादाबाद से लिस्ट आ गई थी। बाद में नजीबाबाद से भी गांवों की सूची भेजी गई। फिलहाल, एसएलओ विभाग तीन अलग-अलग सूचियों को एक साथ मिलाने के कार्य में जुटा हुआ है। इन सूचियों में विभिन्न स्रोतों से प्राप्त भूमि संबंधी जानकारी शामिल हो सकती है, जैसे सरकारी अभिलेख, राजस्व विभाग के रिकॉर्ड और अन्य संबंधित दस्तावेज। इन सभी जानकारियों को एक साथ लाकर एक व्यापक और सटीक सूची तैयार की जा रही है, जो बैनामों पर रोक लगाने के निर्णय को आधार प्रदान करेगी।
Trending Videos
एसएलओ विभाग द्वारा एक्सप्रेसवे प्रभावित क्षेत्रों में भूमि के स्वामित्व की जांच की जा रही है। इस प्रक्रिया के तहत, उन गाटा संख्याओं की पहचान की जा रही है जो सीधे तौर पर एक्सप्रेसवे के निर्माण के दायरे में आ रही हैं। विभाग का लक्ष्य यह सुनिश्चित करना है कि एक्सप्रेसवे के लिए अधिग्रहित की जाने वाली भूमि का कोई भी हिस्सा अनधिकृत रूप से हस्तांतरित न हो।
विज्ञापन
विज्ञापन
तीन सूचियों का एकीकरण : शामली-गोरखपुर एक्सप्रेसवे पर जिले में रुड़की, नजीबाबाद और मुरादाबाद डिवीजन काम कर रही है। पहले रुड़की और मुरादाबाद से लिस्ट आ गई थी। बाद में नजीबाबाद से भी गांवों की सूची भेजी गई। फिलहाल, एसएलओ विभाग तीन अलग-अलग सूचियों को एक साथ मिलाने के कार्य में जुटा हुआ है। इन सूचियों में विभिन्न स्रोतों से प्राप्त भूमि संबंधी जानकारी शामिल हो सकती है, जैसे सरकारी अभिलेख, राजस्व विभाग के रिकॉर्ड और अन्य संबंधित दस्तावेज। इन सभी जानकारियों को एक साथ लाकर एक व्यापक और सटीक सूची तैयार की जा रही है, जो बैनामों पर रोक लगाने के निर्णय को आधार प्रदान करेगी।