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Firozabad News: किशोरी की मौत पर ट्रॉमा सेंटर में हंगामा, डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप
Tue, 18 Aug 2026 12:04 AM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
Updated Tue, 18 Aug 2026 12:04 AM IST
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ट्रामा सेंटर में हंगामा के बाद बाहर विलाप करते परिजन। संवाद
- फोटो : ट्रामा सेंटर में हंगामा के बाद बाहर विलाप करते परिजन। संवाद
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फिरोजाबाद। थाना उत्तर क्षेत्र के कृष्णा नगर निवासी 14 वर्षीय किशोरी की तबीयत बिगड़ने और इलाज के दौरान मौत होने पर परिजन ने रविवार रात को ट्रॉमा सेंटर में जमकर हंगामा किया। परिजन ने चिकित्सकों और स्वास्थ्यकर्मियों पर समय से इलाज न देने और लापरवाही बरतने का गंभीर आरोप लगाते हुए नारेबाजी की। पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद स्थिति को संभाला और शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया।
कृष्णा नगर निवासी प्रताप चौहान की 14 वर्षीय पुत्री साक्षी चौहान उर्फ श्वेता कक्षा छह की छात्रा थी। अचानक उसके पेट में तेज दर्द उठा। परिजन के मुताबिक तबीयत बिगड़ने पर वे उसे लेकर ट्रॉमा सेंटर पहुंचे। जहां प्रारंभिक परीक्षण के बाद डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। छात्रा को मृत घोषित करते ही परिजन आक्रोशित हो गए। उन्होंने आरोप लगाया कि अस्पताल पहुंचने के बाद भी बच्ची को समय से उपचार नहीं मिला। जिससे उसकी हालत बिगड़ती गई और उसने दम तोड़ दिया। परिजन ने ट्रॉमा सेंटर परिसर में ही स्वास्थ्यकर्मियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कार्रवाई की मांग की और हंगामा शुरू कर दिया।
पर्यटन मंत्री तक पहुंचा मामला
सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। आक्रोशित परिजन को समझाकर जांच का भरोसा दिया। इसी बीच परिजन पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह को फोन लगाकर सीएमओ को निलंबित करने की मांग करने लगे। करीब दो घंटे बाद पुलिस के समझाने पर हंगामा शांत हो सका। सीओ सिटी संतोष कुमार और थाना उत्तर प्रभारी रवि कुमार त्यागी शव लेकर पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे। सीओ के अनुसार पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का पता चल सकेगा। मृतका पांच बहनों और एक भाई में चौथे नंबर पर थी। उसके पिता पल्लेदारी कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं।
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सीसीटीवी बंद, पड़ताल में पुलिस को हुई परेशानी
थाना उत्तर पुलिस को ट्रॉमा सेंटर में सीसीटीवी कैमरे बंद मिलने से जांच करने में काफी दिक्कत का सामना करना पड़ा। पुलिस अधिकारी यह स्पष्ट करना चाहते थे कि किशोरी को किस समय अस्पताल लाया गया और उसके पहुंचने के बाद इलाज की प्रक्रिया क्या रही। सीसीटीवी कैमरे बंद होने के कारण पुलिस को फुटेज नहीं मिल सके। कैमरों के खराब होने से अस्पताल प्रशासन की व्यवस्थाओं पर सवाल उठ रहे हैं।
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कृष्णा नगर निवासी प्रताप चौहान की 14 वर्षीय पुत्री साक्षी चौहान उर्फ श्वेता कक्षा छह की छात्रा थी। अचानक उसके पेट में तेज दर्द उठा। परिजन के मुताबिक तबीयत बिगड़ने पर वे उसे लेकर ट्रॉमा सेंटर पहुंचे। जहां प्रारंभिक परीक्षण के बाद डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। छात्रा को मृत घोषित करते ही परिजन आक्रोशित हो गए। उन्होंने आरोप लगाया कि अस्पताल पहुंचने के बाद भी बच्ची को समय से उपचार नहीं मिला। जिससे उसकी हालत बिगड़ती गई और उसने दम तोड़ दिया। परिजन ने ट्रॉमा सेंटर परिसर में ही स्वास्थ्यकर्मियों के खिलाफ नारेबाजी करते हुए कार्रवाई की मांग की और हंगामा शुरू कर दिया।
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पर्यटन मंत्री तक पहुंचा मामला
सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। आक्रोशित परिजन को समझाकर जांच का भरोसा दिया। इसी बीच परिजन पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह को फोन लगाकर सीएमओ को निलंबित करने की मांग करने लगे। करीब दो घंटे बाद पुलिस के समझाने पर हंगामा शांत हो सका। सीओ सिटी संतोष कुमार और थाना उत्तर प्रभारी रवि कुमार त्यागी शव लेकर पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे। सीओ के अनुसार पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का पता चल सकेगा। मृतका पांच बहनों और एक भाई में चौथे नंबर पर थी। उसके पिता पल्लेदारी कर परिवार का भरण-पोषण करते हैं।
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सीसीटीवी बंद, पड़ताल में पुलिस को हुई परेशानी
थाना उत्तर पुलिस को ट्रॉमा सेंटर में सीसीटीवी कैमरे बंद मिलने से जांच करने में काफी दिक्कत का सामना करना पड़ा। पुलिस अधिकारी यह स्पष्ट करना चाहते थे कि किशोरी को किस समय अस्पताल लाया गया और उसके पहुंचने के बाद इलाज की प्रक्रिया क्या रही। सीसीटीवी कैमरे बंद होने के कारण पुलिस को फुटेज नहीं मिल सके। कैमरों के खराब होने से अस्पताल प्रशासन की व्यवस्थाओं पर सवाल उठ रहे हैं।