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Hapur News: ग्रामीण महिला उद्यमिता की उड़ान का उत्सव मनाया
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विकास भवन में आयोजित कार्यक्रम भाग लेते डीएम।स्रोत विभाग
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हापुड़। कनेक्टिंग ड्रीम्स फाउंडेशन द्वारा इंद्रप्रस्थ गैस लिमिटेड के सहयोग से संचालित प्रोजेक्ट उड़ान के अंतर्गत सोमवार को विकास भवन के सभागार में भव्य उत्सव कार्यक्रम का आयोजन हुआ। यह कार्यक्रम जिले और मुरादनगर की ग्रामीण महिला उद्यमियों की एक वर्ष की परिवर्तनकारी यात्रा का उत्सव था।
मुख्य अतिथि व डीएम अभिषेक पांडेय, सीडीओ हिमांशु गौतम ने महिलाओं के प्रयासों की सराहना करते हुए इस पहल को ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।
डीएम ने कहा कि प्रोजेक्ट उड़ान जैसे कार्यक्रम ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। विशेष रूप से यह महिला उद्यमिता को बढ़ावा दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रयास स्थानीय स्तर पर सूक्ष्म उद्यमों को सशक्त बनाकर उन्हें स्थाई आजीविका के अवसरों में परिवर्तित कर रहे हैं।
उन्होंने आश्वस्त किया कि जिला प्रशासन इस प्रकार की पहलों को निरंतर समर्थन देता रहेगा, जिससे ग्रामीण उद्यमों को व्यापक बाजार से जोड़कर उनके विस्तार को गति दी जा सके। सीडीओ हिमांशु गौतम ने बताया कि पिछले एक वर्ष में जिले और मुरादनगर से 50 से अधिक स्वयं सहायता समूहों की 400 महिलाओं को प्रशिक्षित किया गया है।
इसके परिणामस्वरूप 80 से अधिक महिला नेतृत्व वाले उद्यम स्थापित हुए हैं और 200 महिलाएं सक्रिय रूप से इन उद्यमों से जुड़ी हैं।
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मुख्य अतिथि व डीएम अभिषेक पांडेय, सीडीओ हिमांशु गौतम ने महिलाओं के प्रयासों की सराहना करते हुए इस पहल को ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।
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डीएम ने कहा कि प्रोजेक्ट उड़ान जैसे कार्यक्रम ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। विशेष रूप से यह महिला उद्यमिता को बढ़ावा दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे प्रयास स्थानीय स्तर पर सूक्ष्म उद्यमों को सशक्त बनाकर उन्हें स्थाई आजीविका के अवसरों में परिवर्तित कर रहे हैं।
उन्होंने आश्वस्त किया कि जिला प्रशासन इस प्रकार की पहलों को निरंतर समर्थन देता रहेगा, जिससे ग्रामीण उद्यमों को व्यापक बाजार से जोड़कर उनके विस्तार को गति दी जा सके। सीडीओ हिमांशु गौतम ने बताया कि पिछले एक वर्ष में जिले और मुरादनगर से 50 से अधिक स्वयं सहायता समूहों की 400 महिलाओं को प्रशिक्षित किया गया है।
इसके परिणामस्वरूप 80 से अधिक महिला नेतृत्व वाले उद्यम स्थापित हुए हैं और 200 महिलाएं सक्रिय रूप से इन उद्यमों से जुड़ी हैं।