{"_id":"6a68eef69dd0a0b1ac078eb2","slug":"rising-water-levels-in-the-ganges-leave-people-alarmed-memories-of-past-devastation-revived-hardoi-news-c-213-1-hra1001-153925-2026-07-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Hardoi News: गंगा में जलस्तर वृद्धि से लोग सहमे, पिछली तबाही की यादें ताजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Hardoi News: गंगा में जलस्तर वृद्धि से लोग सहमे, पिछली तबाही की यादें ताजा
विज्ञापन
फोटो-12- बिलग्राम के राजघाट पर बढ़ा पानी। संवाद
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हरदोई/बिलग्राम। गंगा नदी के पानी में मंगलवार को पांच सेंटीमीटर की बढ़ोतरी दर्ज की गई। इससे राजघाट के आसपास और कटरी क्षेत्र के लोगों की बाढ़ की आशंका से चिंता बढ़ गई है। पिछले वर्षों आई बाढ़ और तमाम परेशानियों को लेकर ग्रामीण चिंतित हैं। वहीं रामगंगा और गर्रा नदी में पानी कम होने से कटियारी क्षेत्र में हालात नियंत्रण में हैं। रामगंगा और गर्रा में पानी कम होने से अन्य नदियों के भी पानी में कमी आई है।
गंगा, रामगंगा और गर्रा नदियों में छोड़े जाने वाले पानी से जिले में प्रवाहित गंभीरी और नीलम नदियों के साथ ही बरसाती नालों में भी पानी बढ़ने लगता है। इससे पानी का दायरा अधिक क्षेत्र में फैल जाता है। पानी नदियों के किनारों से बाहर होने पर फसलों को प्रभावित करता है। कटियारी क्षेत्र में रविवार को राम गंगा और गर्रा नदी का पानी फसलों तक पहुंच गया था लेकिन सोमवार से पानी कम होने से फसलों से पानी निकल गया है।
बिलग्राम क्षेत्र में राजघाट, रामपुर मझियारा घाट समेत घाटों पर गंगा नदी का पानी बढ़ा है। राजघाट पर नदी का फैलाव अधिक होने के कारण पानी घाटों में ही है, बाहर नहीं निकला है। निचले गांवों में नदी के पानी ने ग्रामीणों की चिंता बढ़ा दी है। पुनना पुरवा, जरेला, कटरी छिबरामऊ, कटरी परसोला, मक्कू पुरवा समेत बड़ा क्षेत्र गंगा नदी की बाढ़ से प्रभावित होता है।
विज्ञापन
हालांकि अभी नदी में पानी का फैलाव नहीं है फिर भी गंगा में पानी बढ़ने से कटरी के पूरे इलाके में लोग डरे हुए हैं। तहसीलदार यशवंत सिंह ने बताया कि अभी बाढ़ का खतरा नहीं है। पानी नदी की एक सीमा पर प्रवाहित हो रहा है। प्रशासन निगाह बनाए हुए है और प्रत्येक स्थिति से निपटने की तैयारी हो चुकी है।
-- -
बैराजों से छोड़े गए पानी पर एक नजर
पहाड़ों पर हो रही बरसात और बैराजों से नदियों में पानी छोड़ा जा रहा है। इससे गंगा नदी में फर्रुखाबाद के पांचाल घाट पर पांच सेंटीमीटर की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। गंगा का पानी 136.25 मीटर गेज पर पहुंच गया है। राजघाट पर तीन सेंटीमीटर पानी कम होने के साथ ही 124.59 मीटर गेज पर प्रवाहित हो रहा है। गंगा नदी में हरिद्वार बैराज से 82,957 क्यूसेक पानी और नरौरा बैराज से 46,443 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। वहीं रामगंगा नदी का पानी शाहजहांपुर के डबरी घाट पर 25 सेंटीमीटर कम हुआ और पानी 134.92 मीटर पर आ गया है। गर्रा नदी के पानी में 20 सेंटीमीटर की कमी आई है और पानी 144.45 मीटर पर आ गया है।
विज्ञापन
गंगा, रामगंगा और गर्रा नदियों में छोड़े जाने वाले पानी से जिले में प्रवाहित गंभीरी और नीलम नदियों के साथ ही बरसाती नालों में भी पानी बढ़ने लगता है। इससे पानी का दायरा अधिक क्षेत्र में फैल जाता है। पानी नदियों के किनारों से बाहर होने पर फसलों को प्रभावित करता है। कटियारी क्षेत्र में रविवार को राम गंगा और गर्रा नदी का पानी फसलों तक पहुंच गया था लेकिन सोमवार से पानी कम होने से फसलों से पानी निकल गया है।
विज्ञापन
बिलग्राम क्षेत्र में राजघाट, रामपुर मझियारा घाट समेत घाटों पर गंगा नदी का पानी बढ़ा है। राजघाट पर नदी का फैलाव अधिक होने के कारण पानी घाटों में ही है, बाहर नहीं निकला है। निचले गांवों में नदी के पानी ने ग्रामीणों की चिंता बढ़ा दी है। पुनना पुरवा, जरेला, कटरी छिबरामऊ, कटरी परसोला, मक्कू पुरवा समेत बड़ा क्षेत्र गंगा नदी की बाढ़ से प्रभावित होता है।
विज्ञापन
हालांकि अभी नदी में पानी का फैलाव नहीं है फिर भी गंगा में पानी बढ़ने से कटरी के पूरे इलाके में लोग डरे हुए हैं। तहसीलदार यशवंत सिंह ने बताया कि अभी बाढ़ का खतरा नहीं है। पानी नदी की एक सीमा पर प्रवाहित हो रहा है। प्रशासन निगाह बनाए हुए है और प्रत्येक स्थिति से निपटने की तैयारी हो चुकी है।
बैराजों से छोड़े गए पानी पर एक नजर
पहाड़ों पर हो रही बरसात और बैराजों से नदियों में पानी छोड़ा जा रहा है। इससे गंगा नदी में फर्रुखाबाद के पांचाल घाट पर पांच सेंटीमीटर की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। गंगा का पानी 136.25 मीटर गेज पर पहुंच गया है। राजघाट पर तीन सेंटीमीटर पानी कम होने के साथ ही 124.59 मीटर गेज पर प्रवाहित हो रहा है। गंगा नदी में हरिद्वार बैराज से 82,957 क्यूसेक पानी और नरौरा बैराज से 46,443 क्यूसेक पानी छोड़ा गया है। वहीं रामगंगा नदी का पानी शाहजहांपुर के डबरी घाट पर 25 सेंटीमीटर कम हुआ और पानी 134.92 मीटर पर आ गया है। गर्रा नदी के पानी में 20 सेंटीमीटर की कमी आई है और पानी 144.45 मीटर पर आ गया है।