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Hathras News: दो दिन में खाली बोरे जमा कराएं उचित दर विक्रेता
संवाद न्यूज एजेंसी, हाथरस
Updated Wed, 22 Apr 2026 02:39 AM IST
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प्रतीकात्मक चित्र।
- फोटो : Archive
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गेहूं खरीद प्रक्रिया में बोरों की कमी बाधा बनी हुई है। लिहाजा जिला पूर्ति अधिकारी ने जिले के सभी उचित दर विक्रेताओं (कोटेदारों) को सख्त निर्देश जारी किए हैं कि खाद्यान्न वितरण के बाद बचे खाली बोरों को सुरक्षित रखते हुए दो दिन के भीतर संबंधित कार्यालयों में जमा कराएं।
बोरे न होने की वजह से सरकारी क्रय केंद्रों पर गेहूं खरीद नहीं हो पा रही है। इस बारे में अमर उजाला में खबर प्रकाशित की गई थी। अब बोरों की कमी को दूर करने के लिए तंत्र की नींद खुली हैं। कोटेदारों से स्पष्ट कहा गया है कि वितरण के बाद खाली हुए बोरों की न तो बिक्री की जाएगी और न ही इन्हें किसी अन्य व्यक्ति को दिया जाएगा।
उन्होंने कहा है कि बोरों को सुरक्षित रखने की जिम्मेदारी कोटेदारों की होगी, ताकि वे कटे-फटे न हों। यदि इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही पाई गई, तो संबंधित विक्रेता के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। प्रशासन ने कोटेदारों के लिए प्रोत्साहन राशि का भी प्रावधान किया है। उचित दर विक्रेताओं द्वारा विभाग को वापस किए गए बोरों के बदले उन्हें 30 रुपये प्रति बोरा की दर से भुगतान किया जाएगा। यह राशि सीधे उनके बैंक खाते में ऑनलाइन ट्रांसफर की जाएगी।
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बोरे न होने की वजह से सरकारी क्रय केंद्रों पर गेहूं खरीद नहीं हो पा रही है। इस बारे में अमर उजाला में खबर प्रकाशित की गई थी। अब बोरों की कमी को दूर करने के लिए तंत्र की नींद खुली हैं। कोटेदारों से स्पष्ट कहा गया है कि वितरण के बाद खाली हुए बोरों की न तो बिक्री की जाएगी और न ही इन्हें किसी अन्य व्यक्ति को दिया जाएगा।
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उन्होंने कहा है कि बोरों को सुरक्षित रखने की जिम्मेदारी कोटेदारों की होगी, ताकि वे कटे-फटे न हों। यदि इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही पाई गई, तो संबंधित विक्रेता के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। प्रशासन ने कोटेदारों के लिए प्रोत्साहन राशि का भी प्रावधान किया है। उचित दर विक्रेताओं द्वारा विभाग को वापस किए गए बोरों के बदले उन्हें 30 रुपये प्रति बोरा की दर से भुगतान किया जाएगा। यह राशि सीधे उनके बैंक खाते में ऑनलाइन ट्रांसफर की जाएगी।

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