Kanpur: दिल्ली अग्निकांड से सबक, अब 1500 से अधिक बेसमेंट का होगा सर्वे, मानकों की अनदेखी पर होगी सीलिंग
Kanpur News: कानपुर विकास प्राधिकरण शहर के 1500 से अधिक व्यावसायिक बेसमेंट का सर्वे कराएगा। अग्नि सुरक्षा मानकों की अनदेखी और फायर एनओसी न होने पर सीलिंग की कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, नगर निगम के लॉन में भी आयोजनों के दौरान दमकल सुरक्षा अनिवार्य कर दी गई है।
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दिल्ली के एक भोजनालय में आग लगने की घटना के बाद कानपुर विकास प्राधिकरण के अधिकारी सक्रिय हो गए हैं। शहर में करीब 1500 से अधिक भवनों के तहखानों में चल रही व्यावसायिक गतिविधियों का सर्वेक्षण कराया जाएगा। गलत पाए जाने और आग बुझाने के इंतजाम न होने पर इन तहखानों को सील करने की कार्रवाई की जाएगी।
शहर के घनी आबादी वाले इलाकों में 1500 से अधिक बहुमंजिला इमारतों के तहखानों में व्यावसायिक गतिविधियां संचालित हो रही हैं। इनमें आने-जाने का एक ही रास्ता होता है। कई जगह आग बुझाने के उपकरण नहीं हैं और दमकल विभाग से अनापत्ति प्रमाण पत्र भी नहीं लिया गया है।
गली-गली में खुले हैं भोजनालय
आपातकालीन स्थिति में तहखानों से सुरक्षित निकल पाना संभव नहीं हो पाता है। इन तहखानों में भोजनालय, नमकीन, बनियान और चप्पल के कारखाने तक चल रहे हैं। भोजनालय तो गली-गली में खुले हैं। दिल्ली में 21 लोगों की मौत के बाद केडीए अधिकारी अभियान चलाने की बात कह रहे हैं।
इन इलाकों में बेसमेंट
चमनगंज, कुली बाजार, बेकनगंज, बाबूपुरवा, मेस्टन रोड, गोविंदनगर, काकादेव, जाजमऊ, गुमटी नंबर-5, निरालानगर, सचान चौराहा, बर्रा-2, किदवईनगर आदि।
लाॅन देने के पहले लेते एनओसी
शहर में नगर निगम के छह लॉन हैं। इनमें से तीन मोतीझील तो इतने ही बृजेंद्र स्वरूप पार्क में हैं जिन्हें प्रदर्शनी, मेले या वैवाहिक कार्यक्रम के लिए किराए पर दिया जाता है। नियमानुसार इनमें टैंकर बना होना चाहिए लेकिन ऐसा नहीं है। अधिकारियों ने बताया कि किराए पर लॉन देने से पहले पार्टी से दमकल विभाग की एनओसी ली जाती है जिसके बाद दमकल गाड़ी भी कार्यक्रम के दौरान लॉन के बाहर खड़ी की जाती है।
पिछले साल दिल्ली की एक अन्य घटना के बाद अभियान चलाया गया था। बेसमेंट में मिले रेस्टोरेंट सील किए गए थे जो आज तक बंद हैं। अब फिर से अभियान चला कर इनका सर्वे कराया जाएगा। जहां कमियां मिलेंगी, कार्रवाई की जाएगी। -अभय पांडे, सचिव केडीए