{"_id":"69764cd3afbe0a50d70e1823","slug":"kanpur-vinod-agarwal-who-had-reward-of-rs-50-000-on-his-head-has-been-arrested-in-codeine-cough-syrup-case-2026-01-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kanpur: कोडीन कफ सिरप मामले में 50 हजार का इनामी विनोद अग्रवाल गिरफ्तार, पुलिस ने जारी किया था लुक आउट नोटिस","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kanpur: कोडीन कफ सिरप मामले में 50 हजार का इनामी विनोद अग्रवाल गिरफ्तार, पुलिस ने जारी किया था लुक आउट नोटिस
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कानपुर
Published by: शिखा पांडेय
Updated Sun, 25 Jan 2026 10:36 PM IST
विज्ञापन
सार
Kanpur News: क्राइम ब्रांच और थाना कलक्टरगंज पुलिस टीम ने आरोपी को पकड़ा। रिपोर्ट दर्ज होने के बाद से फरार था।
विनोद अग्रवाल
- फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
विस्तार
प्रतिबंधित कोडीन कफ सिरप मामले के 12 मुख्य साजिशकर्ताओं में से एक विनोद अग्रवाल को क्राइम ब्रांच व थाना कलक्टरगंज पुलिस टीम ने गिरफ्तार कर लिया है। उसे रविवार को हरियाणा के महेंद्रगढ़ जिले से पकड़ा गया है। उस पर 50 हजार का इनाम था। फीलखाना थाना क्षेत्र के पटकापुर निवासी विनोद अग्रवाल मेसर्स अग्रवाल ब्रदर्स का संचालक है। उस पर 65 से ज्यादा फर्जी फर्म बनाकर यूपी हरियाणा, दिल्ली व राजस्थान समेत 12 राज्यों में प्रतिबंधित दवाओं की बिक्री करने का आरोप है। खाद्य आयुक्त की चार टीमों ने बिरहाना रोड स्थित उसकी दुकान और कोपरगंज स्थित गोदाम में छापा मारकर करोड़ों रुपये का कोडीन युक्त कफ सिरप और ट्रामाडोल टैबलेट्स जब्त की थीं।
जांच से पता चला कि आरोपी औषधि लाइसेंस की आड़ में एनडीपीएस श्रेणी से संबंधित दवाओं की लंबे समय से बिक्री कर रहा था। इसके बाद औषधि निरीक्षक ने कलक्टरगंज थाने में आरोपी विनोद और उसके बेटे शिवम अग्रवाल आदि के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उनकी फर्म के पास बिक्री और वितरण से जुड़े साक्ष्य नहीं मिले थे। इसके बाद 12 नवंबर से आरोपी पिता-पुत्र भूमिगत हो गए थे। तीन जनवरी को हरियाणा में कारोबारी साझेदार के घर वाईफाई से व्हाट्सएप चलाया था। तभी क्राइम ब्रांच को उसके वहां होने का सुराग मिला। टीम पहुंचने से पहले उसने ठिकाना बदल लिया पर टीम ने जाल बिछाकर उसे पकड़ लिया।
पहले थाना पुलिस अब एसआईटी कर रही जांच
करीब दो माह पहले एक के बाद एक कई मेडिकल स्टोर में प्रतिबंधित दवाएं मिलने के बाद औषधि निरीक्षकों ने कलक्टरगंज थाने में चार, रायपुरवा, कल्याणपुर, हनुमंत विहार थाने में एक-एक रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इनमें अनमोल गुप्ता, मंजू शर्मा, अभिषेक शर्मा व वेद प्रकाश शिवहरे और सुमित केसरवानी आदि को आरोपी बनाया गया। पहले मामले की विवेचना थाना स्तर पर हो रही थी। इसके बाद एसआईटी का गठन किया गया और विवेचना क्राइम ब्रांच को स्थानांतरित कर दी गई थी। इसके बाद से क्राइम ब्रांच आरोपी की तलाश में जुट गई थी। कलक्टरगंज थानाध्यक्ष विनय तिवारी ने बताया कि आरोपी को सोमवार को न्यायालय में पेश कर जेल भेजा जाएगा।
Trending Videos
जांच से पता चला कि आरोपी औषधि लाइसेंस की आड़ में एनडीपीएस श्रेणी से संबंधित दवाओं की लंबे समय से बिक्री कर रहा था। इसके बाद औषधि निरीक्षक ने कलक्टरगंज थाने में आरोपी विनोद और उसके बेटे शिवम अग्रवाल आदि के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उनकी फर्म के पास बिक्री और वितरण से जुड़े साक्ष्य नहीं मिले थे। इसके बाद 12 नवंबर से आरोपी पिता-पुत्र भूमिगत हो गए थे। तीन जनवरी को हरियाणा में कारोबारी साझेदार के घर वाईफाई से व्हाट्सएप चलाया था। तभी क्राइम ब्रांच को उसके वहां होने का सुराग मिला। टीम पहुंचने से पहले उसने ठिकाना बदल लिया पर टीम ने जाल बिछाकर उसे पकड़ लिया।
विज्ञापन
विज्ञापन
पहले थाना पुलिस अब एसआईटी कर रही जांच
करीब दो माह पहले एक के बाद एक कई मेडिकल स्टोर में प्रतिबंधित दवाएं मिलने के बाद औषधि निरीक्षकों ने कलक्टरगंज थाने में चार, रायपुरवा, कल्याणपुर, हनुमंत विहार थाने में एक-एक रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इनमें अनमोल गुप्ता, मंजू शर्मा, अभिषेक शर्मा व वेद प्रकाश शिवहरे और सुमित केसरवानी आदि को आरोपी बनाया गया। पहले मामले की विवेचना थाना स्तर पर हो रही थी। इसके बाद एसआईटी का गठन किया गया और विवेचना क्राइम ब्रांच को स्थानांतरित कर दी गई थी। इसके बाद से क्राइम ब्रांच आरोपी की तलाश में जुट गई थी। कलक्टरगंज थानाध्यक्ष विनय तिवारी ने बताया कि आरोपी को सोमवार को न्यायालय में पेश कर जेल भेजा जाएगा।
विनोद अग्रवाल को हरियाणा के महेंद्रगढ़ जिले के नारनौल से गिरफ्तार किया गया है। अन्य आरोपियों की भी तलाश में टीमें लगी हैं। - श्रवण कुमार सिंह, डीसीपी क्राइम
