UP: पूर्व जिलामंत्री दीपाली तिवारी के गंभीर आरोप, BJP जिलाध्यक्ष को घेरा, पार्टी के शीर्ष नेतृत्व पर उठाए सवाल
Mahoba News: भाजपा की पूर्व जिलामंत्री दीपाली तिवारी ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर दावा किया कि उन्हें पार्टी की ओर से मतदाता सूची से विशिष्ट वर्गों (मुस्लिम और यादव) के नाम कटवाने का निर्देश दिया गया था। विरोध करने पर उन पर दबाव बनाया गया, जिसके बाद उन्होंने काम करने से मना कर दिया।
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महोबा जिले में भाजपा की पूर्व जिलामंत्री दीपाली तिवारी ने भाजपा जिलाध्यक्ष पर एक बार फिर गंभीर आरोप लगाए हैं। फेसबुक पर वीडियो पोस्ट कर कहा कि कुछ दिन पहले भाजपा की ओर से मेरी ड्यूटी सरकारी विद्यालय में मतदाता घटाने व बढ़ाने में लगाई गई थी।
कहा कि पार्टी कार्यकर्ताओं ने फॉर्म सात दिया, जिसमें मतदाताओं के नाम कटवाने थे। उसमें मुस्लिम और कुछ यादव समाज के लोगों के नाम थे। वह बीएलओ से मिलीं, तो उसने कहा कि जिन लोगों के आप नाम कटवाने आई हैं। वह काफी समय से महोबा के निवासी हैं।
कहा गया- शीर्ष नेतृत्व का आदेश है
आप ऐसा क्यों कर रही हैं। इसके बाद वह जिलाध्यक्ष व जनप्रतिनिधियों से मिलीं और कहा कि किसी का अधिकार छीनना गलत है, जिस पर उल्टा कहा गया कि शीर्ष नेतृत्व का आदेश है। तब मैंने काम करने से मना कर दिया। पूर्व में जिलाध्यक्ष पर लगाए आरोपों में हुए समझौते का भी उन्होंने वीडियो में जिक्र किया।
जिलाध्यक्ष को बचाने का लगाया आरोप
उन्होंने एक उपमुख्यमंत्री पर जिलाध्यक्ष को बचाने का आरोप लगाया। कहा कि ऐसे उपमुख्यमंत्री को वह स्टूल उखाड़कर फेंकना चाहती हैं। भाजपा जिलाध्यक्ष मोहनलाल कुशवाहा का कहना है कि यह उनके अपने विचार हैं। इस मामले से उनका कोई लेना-देना नहीं है।