{"_id":"698ce58a2c17274768033aad","slug":"10-people-convicted-of-murderous-assault-and-robbery-sentenced-to-life-imprisonment-kaushambi-news-c-261-1-pr11004-136390-2026-02-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kaushambi News: जानलेवा हमले व लूट के 10 दोषियों को उम्रकैद की सजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kaushambi News: जानलेवा हमले व लूट के 10 दोषियों को उम्रकैद की सजा
संवाद न्यूज एजेंसी, कौशांबी
Updated Thu, 12 Feb 2026 01:54 AM IST
विज्ञापन
विज्ञापन
प्राथमिक विद्यालय सुरसेनी परिसर में 2019 में हुई जानलेवा हमले व लूट की घटना में बुधवार को न्यायालय ने फैसला सुनाया। अपर जनपद एवं सत्र न्यायाधीश, न्यायालय कक्ष संख्या-3 शरीन जैदी ने मामले के 10 अभियुक्तों को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही सभी पर 35-35 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया।
अभियोजन के अनुसार वादी राजेंद्र द्विवेदी ने ग्राम पंचायत में कराए गए विकास कार्यों की जांच की मांग की थी। इसपर जांच के लिए गांव में टीम पहुंची थी। तहरीर के मुताबिक घटना के दिन उनके भाई मनोज द्विवेदी प्राथमिक विद्यालय सुरसेनी में बैठे थे। उसी दौरान जांच अधिकारियों ने फोन पर सूचना दी कि विकास कार्यों की जांच के लिए टीम गांव आ रही है।
इसी बीच आरोपी ज्ञानेंद्र कुमार उर्फ कमिशन, सुधीर कुमार, आनंद शुक्ला उर्फ बजरंगी, दीपक मिश्रा, काशी प्रसाद शुक्ला, संजीव शुक्ला, रोहित शुक्ला, विजय मिश्रा, विनोद मिश्रा व प्रदीप मिश्रा मौके पर पहुंच गए। सभी ने अवैध शस्त्रों से जान से मारने की नीयत से मनोज द्विवेदी पर हमला कर दिया। हमलावरों ने मारपीट व गोलीबारी करते हुए नकदी व अन्य सामान भी लूट लिया।
घटना में मनोज द्विवेदी गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस ने तहरीर पर प्राथमिकी दर्ज कर विवेचना पूर्ण करते हुए आरोपपत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से अपर जिला शासकीय अधिवक्ता अनिल चौधरी ने 13 गवाहों को पेश किया।
ठोस साक्ष्यों के आधार पर आरोप सिद्ध पाए गए। न्यायालय ने उपलब्ध साक्ष्यों व गवाहों के बयानों के आधार पर सभी 10 अभियुक्तों को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। इसके साथ ही प्रत्येक पर 35-35 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।
Trending Videos
अभियोजन के अनुसार वादी राजेंद्र द्विवेदी ने ग्राम पंचायत में कराए गए विकास कार्यों की जांच की मांग की थी। इसपर जांच के लिए गांव में टीम पहुंची थी। तहरीर के मुताबिक घटना के दिन उनके भाई मनोज द्विवेदी प्राथमिक विद्यालय सुरसेनी में बैठे थे। उसी दौरान जांच अधिकारियों ने फोन पर सूचना दी कि विकास कार्यों की जांच के लिए टीम गांव आ रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन
इसी बीच आरोपी ज्ञानेंद्र कुमार उर्फ कमिशन, सुधीर कुमार, आनंद शुक्ला उर्फ बजरंगी, दीपक मिश्रा, काशी प्रसाद शुक्ला, संजीव शुक्ला, रोहित शुक्ला, विजय मिश्रा, विनोद मिश्रा व प्रदीप मिश्रा मौके पर पहुंच गए। सभी ने अवैध शस्त्रों से जान से मारने की नीयत से मनोज द्विवेदी पर हमला कर दिया। हमलावरों ने मारपीट व गोलीबारी करते हुए नकदी व अन्य सामान भी लूट लिया।
घटना में मनोज द्विवेदी गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें तत्काल अस्पताल में भर्ती कराया गया। पुलिस ने तहरीर पर प्राथमिकी दर्ज कर विवेचना पूर्ण करते हुए आरोपपत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से अपर जिला शासकीय अधिवक्ता अनिल चौधरी ने 13 गवाहों को पेश किया।
ठोस साक्ष्यों के आधार पर आरोप सिद्ध पाए गए। न्यायालय ने उपलब्ध साक्ष्यों व गवाहों के बयानों के आधार पर सभी 10 अभियुक्तों को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। इसके साथ ही प्रत्येक पर 35-35 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।
