{"_id":"69f3c3a42629f456090ca2f0","slug":"due-to-the-storm-and-rain-33-kv-power-supply-was-disrupted-electricity-was-cut-off-in-more-than-five-hundred-villages-kushinagar-news-c-205-1-ksh1049-158978-2026-05-01","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kushinagar News: आंधी-बारिश से 33 केवी की आपूर्ति ठप, पांच सौ से अधिक गांवों की बत्ती गुल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kushinagar News: आंधी-बारिश से 33 केवी की आपूर्ति ठप, पांच सौ से अधिक गांवों की बत्ती गुल
संवाद न्यूज एजेंसी, कुशीनगर
Updated Fri, 01 May 2026 02:33 AM IST
विज्ञापन
जौरा बाजार में पेड़ की मोटी डाल सड़क पर गिरने से आवागमन बाधित।स्रोत-सोशल मीडिया
विज्ञापन
पडरौना। जिले में बुधवार की शाम आंधी-बारिश ने पांच सौ से अधिक गांवों के 5.50 लाख आबादी की बत्ती गुल कर दी। 33 केवी लाइन के तार व पोल पर पेड़ गिर जाने से फॉल्ट ढूंढ़ने और उन्हें ठीक करने में निगम को मशक्कत करनी पड़ रही है। पेट्रोलिंग के दौरान एक के बाद एक मिल रहे टूटे पोल, क्षतिग्रस्त तार व उपकरणों को ठीक करने में समय लगने से आपूर्ति बहाल होने का इंतजार भी बढ़ता जा रहा है।
बुधवार की शाम आई तेज हवा के साथ आंधी व बारिश ने बिजली व्यवस्था को तहस-नहस कर दिया है। हवा की रफ्तार इतनी तेज थी कि कई स्थानों पर 33 केवी लाइन पर पेड़ों की डालियां गिर गईं। इससे टूटने के साथ ही कई जगहों पर पोल क्षतिग्रस्त हो गए हैं। उपकेंद्रों से बिजली की आपूर्ति नहीं हो पा रही है। निगम के अनुसार, बुधवार रात आंधी-बारिश बंद होने के बाद से ही टीमें फाल्ट को चिह्नित करने के लिए पेट्रोलिंग कर रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि मौजूदा समय में 33 केवी की लाइन में आई दिक्कतों को प्राथमिकता के आधार पर दूर किया जा रहा है, ताकि उपकेंद्रों तक बिजली की आपूर्ति सुचारु कराई जा सके।
0
लाखों की आबादी प्रभावित
24 घंटे बाद बृहस्पतिवार को भी बिजली की आपूर्ति पूरी तरह बहाल नहीं हो सकी है। विभागीय जिम्मेदारों का कहना है कि नुकसान का दायरा अधिक है। क्षतिग्रस्त पोलों को खड़ा करने और टूटे तारों को जोड़ने के लिए अतिरिक्त लेबर और संसाधनों को लगाया गया है।
0
वर्जन:
उपकेंद्रों की बिजली आपूर्ति कराया जाना प्राथमिकता है। इसमें 33 केवी लाइन को पहले चालू करना है। तेज आंधी और बारिश के चलते काफी जगहों पर पेड़ों की डालियां पोलों और तारों पर गिर गई हैं। जिसे बिना मरम्मत बिजली की आपूर्ति नहीं हो सकती है। इसे पूरी तरह से ठीक करने में समय लगेगा। जहां पर काम पूरा हो जाएगा,वहां की आपूर्ति शुरू कर दी जाएगी। -राकेश मोहन, एसई, विद्युत वितरण मंडल, कुशीनगर
जिले में सभी 33 केवी बिजली घर की सप्लाई शुरू हो गई हैं। 11 केवीए आंशिक रूप से बाकी हैं। 80 प्रतिशत चालू कर दी गई हैं। आंधी-बारिश में करीब 130 पोल डैमेज हुए थे जिसमें 40 पोल लग गए हैं। बाकी को सही कराया जा रहा है। -दुर्गेश यादव, एक्सईएन,कुशीनगर
0
पोल व तार पर गिरी डाल, आपूर्ति ठप
तमकुहीरोड। सेवरही क्षेत्र में बुधवार शाम आई तेज आंधी व बारिश से विद्युत आपूर्ति व्यवस्था ठप हो गई। इससे करीब 100 गावों की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। आपूर्ति बहाल कराए जाने के लिए विभागीय कर्मचारी बृहस्पतिवार की सुबह से ही जुटे हुए हैं।
तेज आंधी के चलते अहिरौलीदान,खलवा टोला, चखनी, मेंहदिया सहित कई गांवों में बिजली के पोल व तार छतिग्रस्त होकर गिर गए। तरयासुजान विद्युत उपकेंद्र से संचालित सरया, बेदूपार व कोईंदी फीडर से जुड़े सुमही संतपट्टी, मेहदिया, गौरी इब्राहिम, मिश्रौली, जगदीशपुर, दोमाठ, पिपराघाट, राजपुर खाश, जंगली पट्टी, महाबीर नगर समेत 100 गांवों की बिजली गुल हो गई। जेई विकास कुमार साहनी ने कहा कि पहले 33 हजार लाइन को ठीक कराया जा रहा है। इसे ठीक कराए जाने के बाद ही फीडरों से संबंधित क्षतिग्रस्त खंभों को सही करा कर आपूर्ति बहाल कराई जाएगी। संवाद
0
बिजली के खंभे टूटे, बेपटरी हुई बिजली आपूर्ति
पटहेरवा। क्षेत्र में बुधवार की शाम आई आंधी व बारिश के चलते जगह जगह पेड़ों के डालियां बिजली के खंभों व तारों पर गिर गईं। इससे बिजली आपूर्ति पूरी तरह ठप पड़ गई। हालात यह है कि बीते करीब 24 घंटे बाद भी पटहेरवा उपकेंद्र के करीब 40 गांव पूरी रात अंधेरे में रहे।
पटहेरवा विद्युत उपकेंद्र के गगलवा चैन पट्टी में आंधी से उखड़े पेड़ की जद में आकर बिजली के दो खंभे क्षतिग्रस्त हो गए हैं। बृहस्पतिवार को देर शाम तक बिजली की आपूर्ति नहीं हो पाई थी। मरम्मत कार्य पूरा कराकर राजापाकड़ से पटहेरवा उपकेंद्र तक सप्लाई चालू कराई गई है, लेकिन बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी है। जेई संदीप मिश्रा ने कहा कि कई जगहों पर पेड़ों की डालियां टूट कर गिरने से बिजली के खंभे क्षतिग्रस्त हो गए हैं। बिना मरम्मत किए बिजली की आपूर्ति नहीं की जा सकती है। लगातार काम किया जा रहा है,ताकि जल्द से जल्द आपूर्ति चालू कराई जा सके। संवाद
तेज आंधी व बारिश से जनजीवन प्रभावित
जौरा बाजार। फाजिलनगर क्षेत्र में बुधवार शाम के बाद अचानक मौसम में परिवर्तन के बीच तेज आंधी व बारिश के चलते लोगों की परेशानियां बढ़ गईं। बुधवार शाम लगभग पांच बजे मौसम अचानक करवट ले लिया। तेज गरज चमक के साथ आंधी व बारिश के साथ ओले पड़े। इससे जोकवा-सोनबरसा मार्ग पर पेड़ की डाल गिर जाने से आवागमन घंटों प्रभावित रहा। राहगीरों को काफी परेशानी हुई। आसपास के लोगों ने रास्ते से गिरी डाल हटवाकर आवागमन चालू कराया। संवाद
खंभा टूटा, दुकान पर गिरा पेड़
पिपराघाट। आंधी-बारिश से कई जगहों पर बिजली के खंभे टूट गए। मोबाइल की दुकान पर पेड़ गिर गया। शादी के लिए हुई सजावट बारिश के चलते धूमि हो गई। इसके बावजूद निगम की तरफ से अब तक कोई बिजली आपूर्ति चालू कराए जाने के लिए विभागीय कर्मचारी नहीं पहुंचे हैं। बुधवार रात से ही करीब 100 घरों की बिजली गुल है। संवाद
50 गांवों के लोगों ने अंधेरे में गुजारी रात
मंसाछापर। आंधी-बारिश के चलते विशुनपुरा ब्लॉक के मनिकौरा और जरार उपकेंद्र से जुड़े करीब 50 गांवों की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। पूरी रात लोगों ने अंधेरे में रात गुजारी। गुरुवार शाम तक अधिकतर गांवों में आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी। ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
जरार उपकेंद्र से जुड़े कुछ गांवों में गुरुवार शाम तक आंशिक रूप से आपूर्ति बहाल कर दी गई, लेकिन कई गांव अब भी अंधेरे में डूबे रहे। बिजली गुल रहने से घरों में लगे इनवर्टर जवाब दे गए। इससे लोगों की मुश्किलें और बढ़ गईं। बिजली न होने के कारण पेयजल समेत अन्य जरूरी कार्य प्रभावित हो गए। ग्रामीणों को रात अंधेरे में गुजारनी पड़ी और दिन में भी बिजली न रहने से दैनिक जीवन अस्त-व्यस्त रहा।मनिकौरा गांव के अवर अभियंता जवाहर प्रसाद ने बताया कि 33 केवीए लाइन को दुरुस्त कर दिया गया है और स्थानीय फॉल्ट को ठीक किया जा रहा है। जल्दी ही आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी।
वहीं, जरार उपकेंद्र के अवर अभियंता पीएन कश्यप ने बताया कि दोपहर बाद आपूर्ति बहाल कर दी गई है। हालांकि ग्रामीणों का कहना है कि अब भी कई गांवों में बिजली नहीं पहुंच सकी है, जिससे लोगों में नाराजगी है।
साखोपार फीडर की बिजली गुल
जानकीनगर। आंधी व बारिश के बाद गुल हुई साखोपार फीडर की बिजली बृहस्पतिवार शाम 24 घंटे बाद भी चालू नहीं हो पाई। घरों में लगे पंखे, बल्ब, कूलर, इनवर्टर बेमतलब साबित हो रहे हैं। संवाद
Trending Videos
बुधवार की शाम आई तेज हवा के साथ आंधी व बारिश ने बिजली व्यवस्था को तहस-नहस कर दिया है। हवा की रफ्तार इतनी तेज थी कि कई स्थानों पर 33 केवी लाइन पर पेड़ों की डालियां गिर गईं। इससे टूटने के साथ ही कई जगहों पर पोल क्षतिग्रस्त हो गए हैं। उपकेंद्रों से बिजली की आपूर्ति नहीं हो पा रही है। निगम के अनुसार, बुधवार रात आंधी-बारिश बंद होने के बाद से ही टीमें फाल्ट को चिह्नित करने के लिए पेट्रोलिंग कर रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि मौजूदा समय में 33 केवी की लाइन में आई दिक्कतों को प्राथमिकता के आधार पर दूर किया जा रहा है, ताकि उपकेंद्रों तक बिजली की आपूर्ति सुचारु कराई जा सके।
विज्ञापन
विज्ञापन
0
लाखों की आबादी प्रभावित
24 घंटे बाद बृहस्पतिवार को भी बिजली की आपूर्ति पूरी तरह बहाल नहीं हो सकी है। विभागीय जिम्मेदारों का कहना है कि नुकसान का दायरा अधिक है। क्षतिग्रस्त पोलों को खड़ा करने और टूटे तारों को जोड़ने के लिए अतिरिक्त लेबर और संसाधनों को लगाया गया है।
0
वर्जन:
उपकेंद्रों की बिजली आपूर्ति कराया जाना प्राथमिकता है। इसमें 33 केवी लाइन को पहले चालू करना है। तेज आंधी और बारिश के चलते काफी जगहों पर पेड़ों की डालियां पोलों और तारों पर गिर गई हैं। जिसे बिना मरम्मत बिजली की आपूर्ति नहीं हो सकती है। इसे पूरी तरह से ठीक करने में समय लगेगा। जहां पर काम पूरा हो जाएगा,वहां की आपूर्ति शुरू कर दी जाएगी। -राकेश मोहन, एसई, विद्युत वितरण मंडल, कुशीनगर
जिले में सभी 33 केवी बिजली घर की सप्लाई शुरू हो गई हैं। 11 केवीए आंशिक रूप से बाकी हैं। 80 प्रतिशत चालू कर दी गई हैं। आंधी-बारिश में करीब 130 पोल डैमेज हुए थे जिसमें 40 पोल लग गए हैं। बाकी को सही कराया जा रहा है। -दुर्गेश यादव, एक्सईएन,कुशीनगर
0
पोल व तार पर गिरी डाल, आपूर्ति ठप
तमकुहीरोड। सेवरही क्षेत्र में बुधवार शाम आई तेज आंधी व बारिश से विद्युत आपूर्ति व्यवस्था ठप हो गई। इससे करीब 100 गावों की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। आपूर्ति बहाल कराए जाने के लिए विभागीय कर्मचारी बृहस्पतिवार की सुबह से ही जुटे हुए हैं।
तेज आंधी के चलते अहिरौलीदान,खलवा टोला, चखनी, मेंहदिया सहित कई गांवों में बिजली के पोल व तार छतिग्रस्त होकर गिर गए। तरयासुजान विद्युत उपकेंद्र से संचालित सरया, बेदूपार व कोईंदी फीडर से जुड़े सुमही संतपट्टी, मेहदिया, गौरी इब्राहिम, मिश्रौली, जगदीशपुर, दोमाठ, पिपराघाट, राजपुर खाश, जंगली पट्टी, महाबीर नगर समेत 100 गांवों की बिजली गुल हो गई। जेई विकास कुमार साहनी ने कहा कि पहले 33 हजार लाइन को ठीक कराया जा रहा है। इसे ठीक कराए जाने के बाद ही फीडरों से संबंधित क्षतिग्रस्त खंभों को सही करा कर आपूर्ति बहाल कराई जाएगी। संवाद
0
बिजली के खंभे टूटे, बेपटरी हुई बिजली आपूर्ति
पटहेरवा। क्षेत्र में बुधवार की शाम आई आंधी व बारिश के चलते जगह जगह पेड़ों के डालियां बिजली के खंभों व तारों पर गिर गईं। इससे बिजली आपूर्ति पूरी तरह ठप पड़ गई। हालात यह है कि बीते करीब 24 घंटे बाद भी पटहेरवा उपकेंद्र के करीब 40 गांव पूरी रात अंधेरे में रहे।
पटहेरवा विद्युत उपकेंद्र के गगलवा चैन पट्टी में आंधी से उखड़े पेड़ की जद में आकर बिजली के दो खंभे क्षतिग्रस्त हो गए हैं। बृहस्पतिवार को देर शाम तक बिजली की आपूर्ति नहीं हो पाई थी। मरम्मत कार्य पूरा कराकर राजापाकड़ से पटहेरवा उपकेंद्र तक सप्लाई चालू कराई गई है, लेकिन बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी है। जेई संदीप मिश्रा ने कहा कि कई जगहों पर पेड़ों की डालियां टूट कर गिरने से बिजली के खंभे क्षतिग्रस्त हो गए हैं। बिना मरम्मत किए बिजली की आपूर्ति नहीं की जा सकती है। लगातार काम किया जा रहा है,ताकि जल्द से जल्द आपूर्ति चालू कराई जा सके। संवाद
तेज आंधी व बारिश से जनजीवन प्रभावित
जौरा बाजार। फाजिलनगर क्षेत्र में बुधवार शाम के बाद अचानक मौसम में परिवर्तन के बीच तेज आंधी व बारिश के चलते लोगों की परेशानियां बढ़ गईं। बुधवार शाम लगभग पांच बजे मौसम अचानक करवट ले लिया। तेज गरज चमक के साथ आंधी व बारिश के साथ ओले पड़े। इससे जोकवा-सोनबरसा मार्ग पर पेड़ की डाल गिर जाने से आवागमन घंटों प्रभावित रहा। राहगीरों को काफी परेशानी हुई। आसपास के लोगों ने रास्ते से गिरी डाल हटवाकर आवागमन चालू कराया। संवाद
खंभा टूटा, दुकान पर गिरा पेड़
पिपराघाट। आंधी-बारिश से कई जगहों पर बिजली के खंभे टूट गए। मोबाइल की दुकान पर पेड़ गिर गया। शादी के लिए हुई सजावट बारिश के चलते धूमि हो गई। इसके बावजूद निगम की तरफ से अब तक कोई बिजली आपूर्ति चालू कराए जाने के लिए विभागीय कर्मचारी नहीं पहुंचे हैं। बुधवार रात से ही करीब 100 घरों की बिजली गुल है। संवाद
50 गांवों के लोगों ने अंधेरे में गुजारी रात
मंसाछापर। आंधी-बारिश के चलते विशुनपुरा ब्लॉक के मनिकौरा और जरार उपकेंद्र से जुड़े करीब 50 गांवों की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। पूरी रात लोगों ने अंधेरे में रात गुजारी। गुरुवार शाम तक अधिकतर गांवों में आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी। ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
जरार उपकेंद्र से जुड़े कुछ गांवों में गुरुवार शाम तक आंशिक रूप से आपूर्ति बहाल कर दी गई, लेकिन कई गांव अब भी अंधेरे में डूबे रहे। बिजली गुल रहने से घरों में लगे इनवर्टर जवाब दे गए। इससे लोगों की मुश्किलें और बढ़ गईं। बिजली न होने के कारण पेयजल समेत अन्य जरूरी कार्य प्रभावित हो गए। ग्रामीणों को रात अंधेरे में गुजारनी पड़ी और दिन में भी बिजली न रहने से दैनिक जीवन अस्त-व्यस्त रहा।मनिकौरा गांव के अवर अभियंता जवाहर प्रसाद ने बताया कि 33 केवीए लाइन को दुरुस्त कर दिया गया है और स्थानीय फॉल्ट को ठीक किया जा रहा है। जल्दी ही आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी।
वहीं, जरार उपकेंद्र के अवर अभियंता पीएन कश्यप ने बताया कि दोपहर बाद आपूर्ति बहाल कर दी गई है। हालांकि ग्रामीणों का कहना है कि अब भी कई गांवों में बिजली नहीं पहुंच सकी है, जिससे लोगों में नाराजगी है।
साखोपार फीडर की बिजली गुल
जानकीनगर। आंधी व बारिश के बाद गुल हुई साखोपार फीडर की बिजली बृहस्पतिवार शाम 24 घंटे बाद भी चालू नहीं हो पाई। घरों में लगे पंखे, बल्ब, कूलर, इनवर्टर बेमतलब साबित हो रहे हैं। संवाद

जौरा बाजार में पेड़ की मोटी डाल सड़क पर गिरने से आवागमन बाधित।स्रोत-सोशल मीडिया

जौरा बाजार में पेड़ की मोटी डाल सड़क पर गिरने से आवागमन बाधित।स्रोत-सोशल मीडिया

जौरा बाजार में पेड़ की मोटी डाल सड़क पर गिरने से आवागमन बाधित।स्रोत-सोशल मीडिया

जौरा बाजार में पेड़ की मोटी डाल सड़क पर गिरने से आवागमन बाधित।स्रोत-सोशल मीडिया

जौरा बाजार में पेड़ की मोटी डाल सड़क पर गिरने से आवागमन बाधित।स्रोत-सोशल मीडिया
