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Lakhimpur Kheri News: मासूम के हत्यारे को आजीवन कारावास की सजा
संवाद न्यूज एजेंसी, लखीमपुर खीरी
Updated Fri, 10 Apr 2026 11:12 PM IST
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लखीमपुर खीरी। सात साल के मासूम की गर्दन दबाकर निर्मम हत्या करने के 11 साल पुराने मामले में एडीजे रेनू सिंह ने दोषी को उम्रकैद की सजा सुनाई है। साथ ही उस पर 60 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। वहीं, अन्य दो नाबालिग आरोपियों की सुनवाई किशोर न्याय बोर्ड में चल रही है।
अभियोजन पक्ष ने बताया कि निघासन थाना क्षेत्र के गांव प्रीतमपुरवा निवासी दीपू उर्फ रियासत का रिश्ता गांव में ही वारिस की पुत्री सईबुन्निशा के वहां तय हुआ था, लेकिन कुछ समय बाद ही रिश्ता टूट गया। इससे दीपू उर्फ रियासत शाह ने अपना अपमान मान लिया। रंजिश रखने के बाद भी उसने ऊपरी दिखावा हमदर्दी का बनाए रखा।
इसी बीच नौ जुलाई 2015 की शाम करीब सवा सात बजे वह वारिस के सात साल के लड़के सोहेल को बहाने से अपने साथ लिए चला गया। कुछ ही दूरी पर ले जाकर सुनसान देखकर उसकी गर्दन दबाकर हत्या कर दी। बाद में सुबूत मिटाने के लिए कुछ ही दूरी पर बह रही नहर में मासूम सोहेल का शव डाल दिया। इधर, परिजनों ने काफी खोजबीन के बाद भी सोहेल का पता ठिकाना नहीं लगा।
दूसरे दिन लाश नहर में उतराती हुई पाई गई। पोस्टमाॅर्टम में गर्दन दबाकर हत्या किए जाने की पुष्टि हुई, जिसके बाद मासूम के पिता वारिस ने गांव के ही दीपू शाह उर्फ रियासत के साथ ही उसके दो साथियों को नामजद किया था। पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। सुनवाई के दौरान दीपू उर्फ रियासत के दोनों हत्यारोपी साथी नाबालिग मिले तो उनकी फाइल अलग करते हुए किशोर न्याय बोर्ड भेज दी गई। शुक्रवार को एडीजे रेनू सिंह ने आरोपी दीपू उर्फ रियासत को दोषी साबित पाते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है साथ ही उस पर 60 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।
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अभियोजन पक्ष ने बताया कि निघासन थाना क्षेत्र के गांव प्रीतमपुरवा निवासी दीपू उर्फ रियासत का रिश्ता गांव में ही वारिस की पुत्री सईबुन्निशा के वहां तय हुआ था, लेकिन कुछ समय बाद ही रिश्ता टूट गया। इससे दीपू उर्फ रियासत शाह ने अपना अपमान मान लिया। रंजिश रखने के बाद भी उसने ऊपरी दिखावा हमदर्दी का बनाए रखा।
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इसी बीच नौ जुलाई 2015 की शाम करीब सवा सात बजे वह वारिस के सात साल के लड़के सोहेल को बहाने से अपने साथ लिए चला गया। कुछ ही दूरी पर ले जाकर सुनसान देखकर उसकी गर्दन दबाकर हत्या कर दी। बाद में सुबूत मिटाने के लिए कुछ ही दूरी पर बह रही नहर में मासूम सोहेल का शव डाल दिया। इधर, परिजनों ने काफी खोजबीन के बाद भी सोहेल का पता ठिकाना नहीं लगा।
दूसरे दिन लाश नहर में उतराती हुई पाई गई। पोस्टमाॅर्टम में गर्दन दबाकर हत्या किए जाने की पुष्टि हुई, जिसके बाद मासूम के पिता वारिस ने गांव के ही दीपू शाह उर्फ रियासत के साथ ही उसके दो साथियों को नामजद किया था। पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। सुनवाई के दौरान दीपू उर्फ रियासत के दोनों हत्यारोपी साथी नाबालिग मिले तो उनकी फाइल अलग करते हुए किशोर न्याय बोर्ड भेज दी गई। शुक्रवार को एडीजे रेनू सिंह ने आरोपी दीपू उर्फ रियासत को दोषी साबित पाते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है साथ ही उस पर 60 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है।