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Mahoba News: नौ गांवों के 500 ट्यूबवेलों की बिजली आपूर्ति चार दिन से ठप
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कुलपहाड़ (महोबा)। चार दिन पहले आंधी, बारिश से क्षतिग्रस्त हुईं बिजली लाइनों को अभी तक दुरुस्त नहीं कराया गया। ऐसे में तहसील क्षेत्र के नौ गांवों के 500 ट्यूबवेलों की बिजली आपूर्ति चार दिन से ठप है। इससे किसान परेशान हैं। शिकायत के बाद भी जिम्मेदार कोई ध्यान नहीं दे रहे हैं।
कुलपहाड़ बिजली उपकेंद्र से सुगिरा फीडर के विभिन्न गांवों के ट्यूबवेलों को बिजली आपूर्ति दी जाती है। चार दिन पहले आई आंधी व बारिश से बिजली की केबल व पोल क्षतिग्रस्त हो गए थे। तभी से सुगिरा, बूढ़ी, बागौल, पनारा, भटेवरा, गोरखा, छेदीमऊ समेत नौ गांवों में स्थित करीब 500 ट्यूबवेलों की बिजली आपूर्ति ठप है। ऐसे में किसानों को पानी के लिए तरसना पड़ रहा है। किसानों ने बिजली निगम के अवर अभियंता समेत उच्चाधिकारियों को कई बार अवगत कराया लेकिन आपूर्ति बहाल नहीं हुई।
हरिशंकर, मनमोहन, जयप्रकाश, रविकरण, महिपाल, सुबोध, मुन्ना आदि किसानों ने बताया कि खेतों में पानी का एकमात्र स्रोत ट्यूबवेल हैं। चार दिन से बिजली आपूर्ति न होने से किसानों को गांव से पीने का पानी खेतों में ले जाना पड़ रहा है। जायद की फसल बोने वाले किसानों का कहना है कि बिजली आपूर्ति न होने से ट्यूबवेल ठप हैं। इससे उनकी मूंग, ककड़ी, खीरा, तरबूज, खरबूज आदि की फसल को पानी नहीं मिल रहा है। उन्होंने जिलाधिकारी से बिजली आपूर्ति बहाल कराने की मांग की है। उधर, बिजली निगम के अवर अभियंता गोपाल सिंह का कहना है की लाइनमैन सीमित संख्या में है। आंधी तूफान आने की वजह से कई जगह बिजली लाइन में खराबी आ गई थी, जिसको सुधारने के प्रयास किए जा रहे हैं।
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कुलपहाड़ बिजली उपकेंद्र से सुगिरा फीडर के विभिन्न गांवों के ट्यूबवेलों को बिजली आपूर्ति दी जाती है। चार दिन पहले आई आंधी व बारिश से बिजली की केबल व पोल क्षतिग्रस्त हो गए थे। तभी से सुगिरा, बूढ़ी, बागौल, पनारा, भटेवरा, गोरखा, छेदीमऊ समेत नौ गांवों में स्थित करीब 500 ट्यूबवेलों की बिजली आपूर्ति ठप है। ऐसे में किसानों को पानी के लिए तरसना पड़ रहा है। किसानों ने बिजली निगम के अवर अभियंता समेत उच्चाधिकारियों को कई बार अवगत कराया लेकिन आपूर्ति बहाल नहीं हुई।
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हरिशंकर, मनमोहन, जयप्रकाश, रविकरण, महिपाल, सुबोध, मुन्ना आदि किसानों ने बताया कि खेतों में पानी का एकमात्र स्रोत ट्यूबवेल हैं। चार दिन से बिजली आपूर्ति न होने से किसानों को गांव से पीने का पानी खेतों में ले जाना पड़ रहा है। जायद की फसल बोने वाले किसानों का कहना है कि बिजली आपूर्ति न होने से ट्यूबवेल ठप हैं। इससे उनकी मूंग, ककड़ी, खीरा, तरबूज, खरबूज आदि की फसल को पानी नहीं मिल रहा है। उन्होंने जिलाधिकारी से बिजली आपूर्ति बहाल कराने की मांग की है। उधर, बिजली निगम के अवर अभियंता गोपाल सिंह का कहना है की लाइनमैन सीमित संख्या में है। आंधी तूफान आने की वजह से कई जगह बिजली लाइन में खराबी आ गई थी, जिसको सुधारने के प्रयास किए जा रहे हैं।