सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Mau News ›   Five gynecologists were deployed but not even one was found in the room till 10 o'clock.

Mau News: पांच महिला रोग विशेषज्ञ की तैनाती 10 बजे तक कक्ष में एक भी नहीं मिलीं

Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Thu, 26 Mar 2026 12:15 AM IST
विज्ञापन
Five gynecologists were deployed but not even one was found in the room till 10 o'clock.
विज्ञापन
ओपीडी के निर्धारित समय से एक घंटे 56 मिनट बाद भी महिला चिकित्सकों के कक्ष में बंद रहा ताला
Trending Videos

एसएनसीयू वार्ड में 11: 57 बजे तक नहीं बदला गया था चिकित्सक का ड्यूटी चार्ट

फोटो -
संवाद न्यूज एजेंसी
मऊ। पांच मंजिला का आलीशन भवन, 100 बेड मरीजों की क्षमता लेकिन बाल रोग चिकित्सकों के लिए पर्याप्त कमरे की व्यवस्था नदारद है। यह हाल है जिला महिला अस्पताल का, यहां बालरोग विशेषज्ञ के नौ डॉक्टरों की तैनाती ताे हैं लेकिन इसमें ओपीडी में दो या तीन डॉक्टर मिलते हैं।
यहां ओपीडी में दो ही बालरोग विशेषज्ञों के चेंबर हैं। बुधवार को टीम ने यहां ओपीडी से लेकर एसएनसीयू वार्ड में इन आठ चिकित्सकों में महज दो ही ड्यूटी पर मिले है, जबकि ड्यूटी रोस्टर पर आठ डॉक्टरों की तैनाती दिखी।
विज्ञापन
विज्ञापन

टीम ने पाया कि अस्पताल की ओपीडी का समय सुबह आठ बजे होने के करीब एक घंटा 56 मिनट बाद भी चिकित्सकों के कमरे में ताले बंद थे। मरीज काउंटर से पर्ची कटाने के बाद चेंबर के बाहर बैठकर चिकित्सक का इंतजार कर रहे थे।
टीम सुबह करीब 9:49 बजे अस्पताल पहुंची कमरा नंबर तीन में कोई चिकित्सक नहीं था, कमरे में स्वास्थ्यकर्मी मौजूद थे। वहीं 9:50 बजे डा. माया राय और डा. आसमां मुनीर का कमरा भी बंद था।
9:55 बजे डॉ. चंद्रा सिन्हा का कमरा खुला था, लेकिन कमरे में कोई चिकित्सक नहीं थे। आलम यह था कि 9: 56 बजे तक चिकित्सालय प्रबंधक डा. मिथिलेश रस्तोगी के कमरे में भी ताला बंद था।
आंकड़े के अनुसार पांच मंजिला अस्पताल में पांच महिला रोग विशेषज्ञ है, लेकिन करीब दस बजे तक कोई भी मौजूद नहीं था। बाल रोग के नौ चिकित्सक है, चार की तैनाती एसएनसीयू वार्ड में है, पांच को ओपीडी में मरीजों का उपचार करना है, लेकिन मात्र दो ओपीडी कक्ष में यह चिकित्सक बच्चों का उपचार करते है।
अस्पताल के एसएनसीयू वार्ड में 15 नवजात बच्चे भर्ती थे, लेकिन सुबह 11:57 बजे तक उसका ड्यूटी चार्ट तक नहीं बदला गया था। बोर्ड पर डा. प्रवीण सिंह का नाम दर्ज था, जबकि डॉ. समीर ड्यूटी पर थे। बाल रोग विभाग की ओपीडी में भी पांच चिकित्सक तैनात है, जबकि मौके पर सिर्फ डॉ. मरियम शबनम मौजूद रही।
--------------------
19 करोड़ से बना हैं पांच मंजिला महिला अस्पताल
नगर के बाल निकेतन तिराहा के पास 100 बेड के जिला महिला अस्पताल का निर्माण अगस्त 2017 में 19.54 करोड़ रुपये बनकर तैयार किया था।इस भवन में मुख्य अस्पताल, ओपीडी, इमरजेंसी और मैटरनिटी विंग सहित लगभग 4500 वर्ग फीट में है। अस्पताल के निर्माण के बाद से लोगों को आस जगी थी कि महिलाओं और नवजात के उपचार के लिए सहूलियत मिलेगी। करीब नौ साल बाद भी चिकित्सकों की उदासीन कार्यप्रणाली से लोगों को इसका सही लाभ नहीं मिल रहा है।
--------------------------
महिला अस्पताल में 22 पद 14 चिकित्सक की है तैनाती
जिला महिला अस्पताल में चिकित्सक के कुल 22 पद हैं, अभी वर्तमान में 14 चिकित्सक की तैनाती की गई है। इसमें वरिष्ठ परामर्शदाता स्त्री रोग विशेषज्ञ के रूप में डॉ. चंद्रा सिन्हा हैं। वरिष्ठ परामर्शदाता बाल रोग विशेषज्ञ के रूप में डॉ. उमाकांत सान्याल, डॉ. संदीप श्रीवास्तव और डॉ. ताहिर अली की तैनाती है। स्त्री रोग विशेषज्ञ वाक आउट के रूप में डॉ. आशमा मुनीर है। संविदा पर डॉ. स्वाति गुप्ता, डॉ. माया राय, डॉ. शिवांगी राय तैनात है। संविदा पर बाल रोग विशेषज्ञ के तौर पर डॉ. सुरेंद्र राय, डॉ. कंचनलता आजाद, डॉ. प्रवीण कुमार सिंह, डॉ. आफरीन बारी, डॉ. समीर सिंह की तैनाती है। रेडियोलाजिस्ट के तौर पर डॉ. संजय काशीवाले और एनेस्थिसिया के लिए डॉ. प्रकाश चंद्र झा की तैनाती है।
कोट---
अस्पताल में मरीजों का समय से उपचार प्राथमिकता है, जो भी चिकित्सक देर से आए थे, उनसे जानकारी ली जाएगी। चेतावनी के बाद भी कार्यप्रणाली में सुधार नहीं होने पर कार्रवाई होगी। -नीलेश कुमार श्रीवास्तव, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक, जिला महिला अस्पताल
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed