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Mirzapur News: प्रमाणित उपस्थिति पर अड़े एसडीओ, पांच जेई का जुलाई का वेतन रोका
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-अहरौरा बांध व नहरों पर तैनात जेई बोले- छह वर्षों में पहली बार मांगी गई प्रमाणित उपस्थिति
संवाद न्यूज एजेंसी
अहरौरा। सिंचाई विभाग में प्रमाणित उपस्थिति के लिए विवाद गहरा गया है। उपखंड अधिकारी (एसडीओ) सिंचाई ऋतुराज पांडेय ने अहरौरा बांध एवं विभिन्न नहरों पर तैनात पांच जूनियर इंजीनियरों का जुलाई माह का वेतन रोक दिया है। विभागीय स्तर पर इस कार्रवाई के बाद अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच खींचतान तेज हो गई है।
अहरौरा बांध व विभिन्न नहरों पर तैनात जेई ओमप्रकाश राय, आनंद कुमार, सर्वजीत कुमार, अश्वनी यादव और मनोज कुमार सिंह का जुलाई का वेतन रोक दिया गया है। एसडीओ का कहना है कि संबंधित जूनियर इंजीनियरों ने अपनी स्व-प्रमाणित उपस्थिति उपलब्ध नहीं कराई, उनकी उपस्थिति प्रमाणित नहीं हो सकी। वेतन जारी नहीं किया जा सका। वहीं, जूनियर इंजीनियर ओमप्रकाश राय का कहना है कि वह पिछले छह वर्षों से इसी डिवीजन और अहरौरा बांध पर कार्यरत हैं। इस दौरान कभी भी इस प्रकार की प्रमाणित उपस्थिति नहीं मांगी गई। आरोप है कि वर्तमान एसडीओ ने नया नियम लागू किया है, जिससे कर्मचारियों को अनावश्यक परेशानी हो रही है। उधर, एसडीओ सिंचाई ऋतुराज पांडेय ने बताया कि सभी जूनियर इंजीनियरों से प्रमाणित उपस्थिति मांगी गई थी, लेकिन निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया। इसी कारण जुलाई माह का वेतन अस्थायी रूप से रोका गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि आवश्यक औपचारिकताएं पूरी होने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
वर्जन
पांचों जूनियर इंजीनियर डिवीजन के अलग-अलग खंडों में कार्यरत हैं, जिनकी अधिकतर उपस्थिति क्षेत्र में नहीं रहती है। वे अपनी उपस्थिति दर्ज करा दें, उनकी उपस्थिति मान ली जाएगी।
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-ऋतुराज पांडेय, सहायक अभियंता सिंचाई खंड चुनार तृतीय अहरौरा बांध।
वर्जन
संबंधित जूनियर इंजीनियरों का पत्र प्राप्त हुआ है। इस मामले की गहनता के साथ जांच कराई जाएगी, जो भी दोषी होगा उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
-हरिशंकर प्रसाद, अधिशासी अभियंता सिंचाई खंड चुनार।
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संवाद न्यूज एजेंसी
अहरौरा। सिंचाई विभाग में प्रमाणित उपस्थिति के लिए विवाद गहरा गया है। उपखंड अधिकारी (एसडीओ) सिंचाई ऋतुराज पांडेय ने अहरौरा बांध एवं विभिन्न नहरों पर तैनात पांच जूनियर इंजीनियरों का जुलाई माह का वेतन रोक दिया है। विभागीय स्तर पर इस कार्रवाई के बाद अधिकारियों और कर्मचारियों के बीच खींचतान तेज हो गई है।
अहरौरा बांध व विभिन्न नहरों पर तैनात जेई ओमप्रकाश राय, आनंद कुमार, सर्वजीत कुमार, अश्वनी यादव और मनोज कुमार सिंह का जुलाई का वेतन रोक दिया गया है। एसडीओ का कहना है कि संबंधित जूनियर इंजीनियरों ने अपनी स्व-प्रमाणित उपस्थिति उपलब्ध नहीं कराई, उनकी उपस्थिति प्रमाणित नहीं हो सकी। वेतन जारी नहीं किया जा सका। वहीं, जूनियर इंजीनियर ओमप्रकाश राय का कहना है कि वह पिछले छह वर्षों से इसी डिवीजन और अहरौरा बांध पर कार्यरत हैं। इस दौरान कभी भी इस प्रकार की प्रमाणित उपस्थिति नहीं मांगी गई। आरोप है कि वर्तमान एसडीओ ने नया नियम लागू किया है, जिससे कर्मचारियों को अनावश्यक परेशानी हो रही है। उधर, एसडीओ सिंचाई ऋतुराज पांडेय ने बताया कि सभी जूनियर इंजीनियरों से प्रमाणित उपस्थिति मांगी गई थी, लेकिन निर्धारित प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया। इसी कारण जुलाई माह का वेतन अस्थायी रूप से रोका गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि आवश्यक औपचारिकताएं पूरी होने के बाद नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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पांचों जूनियर इंजीनियर डिवीजन के अलग-अलग खंडों में कार्यरत हैं, जिनकी अधिकतर उपस्थिति क्षेत्र में नहीं रहती है। वे अपनी उपस्थिति दर्ज करा दें, उनकी उपस्थिति मान ली जाएगी।
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-ऋतुराज पांडेय, सहायक अभियंता सिंचाई खंड चुनार तृतीय अहरौरा बांध।
वर्जन
संबंधित जूनियर इंजीनियरों का पत्र प्राप्त हुआ है। इस मामले की गहनता के साथ जांच कराई जाएगी, जो भी दोषी होगा उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
-हरिशंकर प्रसाद, अधिशासी अभियंता सिंचाई खंड चुनार।