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Rampur News: प्रसव के दौरान नवजात की मौत, परिजनों का हंगामा
Fri, 07 Aug 2026 01:44 AM IST
मुरादाबाद ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रामपुर
संवाद न्यूज एजेंसी, रामपुर
Updated Fri, 07 Aug 2026 01:44 AM IST
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स्वार। सीएचसी स्वार में बृहस्पतिवार को प्रसव के दौरान नवजात की मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों ने अस्पताल परिसर में हंगामा किया और स्टाफ नर्स पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए। सीएचसी अधीक्षक ने बताया कि अभी तक कोई लिखित शिकायत नहीं मिली है। शिकायत मिलने पर जांच कराई जाएगी।
बथुआखेड़ा निवासी उजमा को बुधवार सुबह करीब 11 बजे प्रसव पीड़ा होने पर सीएचसी स्वार में भर्ती कराया गया था। प्रसूता की मामी रफीकन का आरोप है कि दिन की ड्यूटी पर तैनात स्टाफ नर्स ने शाम करीब छह बजे उजमा को लेबर रूम में ले जाकर सामान्य प्रसव कराया।
उनका कहना है कि पर्याप्त प्रसव पीड़ा न होने के बावजूद जल्दबाजी में प्रसव कराया गया, जिससे करीब तीन किलो 800 ग्राम वजन के नवजात की तत्काल मौत हो गई।
परिजनों का आरोप है कि प्रसव के दौरान लापरवाही बरती गई। दवाओं के नाम पर 500 रुपये भी लिए गए और कुछ दवाएं बाहर से मंगाई गईं। नवजात की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल परिसर में हंगामा किया। बाद में वे प्रसूता को अपने साथ घर ले गए।
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नवजात की मौत की सूचना मिली है। परिजनों से बातचीत हुई है, लेकिन अभी तक कोई लिखित शिकायत नहीं मिली है। शिकायत मिलने पर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। प्रथम दृष्टया प्रसूता को समय से भर्ती कर चिकित्सकीय देखरेख में रखा गया था, फिर भी सभी तथ्यों की जांच कराई जाएगी। -डॉ. सतीश, सीएचसी अधीक्षक
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बथुआखेड़ा निवासी उजमा को बुधवार सुबह करीब 11 बजे प्रसव पीड़ा होने पर सीएचसी स्वार में भर्ती कराया गया था। प्रसूता की मामी रफीकन का आरोप है कि दिन की ड्यूटी पर तैनात स्टाफ नर्स ने शाम करीब छह बजे उजमा को लेबर रूम में ले जाकर सामान्य प्रसव कराया।
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उनका कहना है कि पर्याप्त प्रसव पीड़ा न होने के बावजूद जल्दबाजी में प्रसव कराया गया, जिससे करीब तीन किलो 800 ग्राम वजन के नवजात की तत्काल मौत हो गई।
परिजनों का आरोप है कि प्रसव के दौरान लापरवाही बरती गई। दवाओं के नाम पर 500 रुपये भी लिए गए और कुछ दवाएं बाहर से मंगाई गईं। नवजात की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल परिसर में हंगामा किया। बाद में वे प्रसूता को अपने साथ घर ले गए।
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नवजात की मौत की सूचना मिली है। परिजनों से बातचीत हुई है, लेकिन अभी तक कोई लिखित शिकायत नहीं मिली है। शिकायत मिलने पर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। प्रथम दृष्टया प्रसूता को समय से भर्ती कर चिकित्सकीय देखरेख में रखा गया था, फिर भी सभी तथ्यों की जांच कराई जाएगी। -डॉ. सतीश, सीएचसी अधीक्षक