Shamli Weather: मौसम ने ली फिर करवट, बूंदाबांदी से ठंडक, तापमान तीन डिग्री गिरा, फसलों को नुकसान
हल्की बूंदाबांदी से मौसम ठंडा हो गया और तापमान में तीन डिग्री की गिरावट दर्ज की गई। मौसम वैज्ञानिकों ने अगले दो दिन कहीं-कहीं बारिश की संभावना जताई है।
विस्तार
सुबह हल्की बूंदाबांदी के साथ मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली। बूंदाबांदी के कारण तापमान में गिरावट दर्ज की गई और मौसम ठंडा हो गया। बदलते मौसम का असर फसलों और लोगों की सेहत पर भी दिखाई देने लगा है।
बूंदाबांदी से तापमान में गिरावट
दिन निकलते ही हल्की बूंदाबांदी शुरू हो गई, जिससे मौसम में ठंडक महसूस हुई। दोपहर करीब 12 बजे के बाद एक बार फिर बूंदाबांदी हुई, जिसके चलते तापमान में गिरावट दर्ज की गई।
अधिकतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 18 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि बृहस्पतिवार को अधिकतम तापमान 31 और न्यूनतम 21 डिग्री सेल्सियस था। इस तरह न्यूनतम तापमान में करीब तीन डिग्री सेल्सियस की कमी आई है। इन दिनों जिले में मौसम लगातार बदल रहा है। कभी तेज धूप से गर्मी का अहसास होता है तो कभी बादल और बूंदाबांदी से ठंडक महसूस हो रही है।
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अगले दो दिन बारिश की संभावना
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में अगले दो दिन कहीं-कहीं बारिश और गरज चमक के साथ बौछारें पड़ सकती हैं। इससे तापमान में और गिरावट आने की संभावना जताई जा रही है।
फसलों को नुकसान की आशंका
कृषि विज्ञान केंद्र के प्रभारी डॉ. संदीप चौधरी के अनुसार बारिश और तेज हवाओं के कारण गेहूं, सरसों और सब्जी की फसलों को नुकसान हो सकता है। इससे दानों की गुणवत्ता प्रभावित होने की आशंका है। उन्होंने किसानों को सलाह दी है कि इस स्थिति में फसलों की पलेवा न करें। साथ ही सब्जी की फसलों को रोगों से बचाने के लिए कीटनाशक का छिड़काव करें और आम की फसल पर भी रोग नियंत्रण के लिए स्प्रे करें।
वायरल बुखार के मरीज बढ़े
बदलते मौसम का असर लोगों की सेहत पर भी पड़ रहा है। जिले में वायरल बुखार के मरीज बढ़ने लगे हैं। जिला अस्पताल में प्रतिदिन करीब 500 मरीज बुखार, खांसी और जुकाम की शिकायत लेकर पहुंच रहे हैं।
जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. किशोर कुमार आहूजा के अनुसार बुखार तीन से पांच दिन में ठीक हो रहा है, लेकिन खांसी कई बार 15 दिन तक भी परेशान कर रही है। कई मरीजों को बुखार उतरने के बाद भी लंबे समय तक खांसी बनी रहती है, जिससे रात की नींद भी प्रभावित हो रही है।
इन बातों का रखें ध्यान
चिकित्सकों ने लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी है। बारिश में भीगने से बचें। ठंडी और खट्टी चीजों जैसे दही, मट्ठा और कोल्ड ड्रिंक का सेवन न करें। फ्रिज में रखी चीजों को तुरंत न खाएं, पहले उन्हें सामान्य तापमान पर आने दें। गीले कपड़े पहनने से बचें और हरी व ताजी सब्जियों का सेवन करें। किसी भी दवा का सेवन चिकित्सक की सलाह से ही करें।