{"_id":"6a39a68cfe282085c90b5bbe","slug":"the-eyes-of-the-devotees-welled-up-with-tears-upon-seeing-the-cradle-of-ali-asghar-siddharthnagar-news-c-227-1-sgkp1033-160200-2026-06-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Siddharthnagar News: गहवारे अली असगर को देखकर नम हो गई अकीदतमंदों की आंखें","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Siddharthnagar News: गहवारे अली असगर को देखकर नम हो गई अकीदतमंदों की आंखें
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Tue, 23 Jun 2026 02:48 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
सिद्धार्थनगर। मुहर्रम की छठी के मौके पर सोमवार को हल्लौर कस्बा स्थित इमाम बारगाह और लोगों के घरों पर मर्सिया मजलिस आयोजित की गई। देर शाम कस्बे में स्थित रौजा अली असगर से गहवारा अली असगर और अलम का जुलूस निकाला गया। इसमें भारी संख्या में लोग शामिल हुए और नौहा पढ़कर मातम करके अली असगर की शहादत को याद किया।
मजलिस को मौलाना मोहम्मद जहीर जैदी और जाकिर जमाल हैदर, अजीम हैदर ने संबोधित करते हुए छह माह के अली असगर की शहादत को बयान किया, जिसे सुनकर मजलिस में मौजूद सभी अकीदतमंद रो पड़े। इस दौरान कस्बे में जगह-जगह सबील और चाय का स्टाॅल लगाया गया था। हल्लौर के अलावा भटगवा, जमौतिया, नऊंवा गांव, हटवा बुजुर्ग, रामभारी, पिपरा, वासा और बेवा आदि स्थानों पर भी छठी मुहर्रम पर मरसिया मजलिस आयोजित कर नौहा-मातम किया।
-- -
अलम का मातमी जुलूस आज
मुहर्रम की सातवीं पर मंगलवार की सुबह 8 बजे से हल्लौर स्थित दरगाह हजरत अब्बास से अलम का मातमी जुलूस कस्बे की दोनों अंजुमनों द्वारा अलग-अलग निकाला जाएगा। पूरे कस्बे में गश्त की जाएगी। रात में इमाम बारगाह वक्फ शाह आलमगीर सानी में पहुंच कर समाप्त होगा। वहीं, रात्रि 10 बजे कस्बे के इमाम बारगाह वक्फ शाह आलमगीर सानी से अलम और मेहंदी का जुलूस निकाला जाएगा जो पूरे कस्बे में भ्रमण कर देर रात्रि दो बजे समाप्त होगा।
विज्ञापन
मजलिस को मौलाना मोहम्मद जहीर जैदी और जाकिर जमाल हैदर, अजीम हैदर ने संबोधित करते हुए छह माह के अली असगर की शहादत को बयान किया, जिसे सुनकर मजलिस में मौजूद सभी अकीदतमंद रो पड़े। इस दौरान कस्बे में जगह-जगह सबील और चाय का स्टाॅल लगाया गया था। हल्लौर के अलावा भटगवा, जमौतिया, नऊंवा गांव, हटवा बुजुर्ग, रामभारी, पिपरा, वासा और बेवा आदि स्थानों पर भी छठी मुहर्रम पर मरसिया मजलिस आयोजित कर नौहा-मातम किया।
विज्ञापन
विज्ञापन
अलम का मातमी जुलूस आज
मुहर्रम की सातवीं पर मंगलवार की सुबह 8 बजे से हल्लौर स्थित दरगाह हजरत अब्बास से अलम का मातमी जुलूस कस्बे की दोनों अंजुमनों द्वारा अलग-अलग निकाला जाएगा। पूरे कस्बे में गश्त की जाएगी। रात में इमाम बारगाह वक्फ शाह आलमगीर सानी में पहुंच कर समाप्त होगा। वहीं, रात्रि 10 बजे कस्बे के इमाम बारगाह वक्फ शाह आलमगीर सानी से अलम और मेहंदी का जुलूस निकाला जाएगा जो पूरे कस्बे में भ्रमण कर देर रात्रि दो बजे समाप्त होगा।