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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Sonebhadra News ›   Banned Armenian app Jangi used in Sonbhadra link to interstate drug network found

UP: प्रतिबंधित आर्मेनियाई एप 'जंगी' का सोनभद्र में इस्तेमाल, अंतरराज्यीय ड्रग नेटवर्क से मिला कनेक्शन

Wed, 12 Aug 2026 09:28 AM IST
Pragati Chand कौशलेंद्र पांडेय, संवाद न्यूज एजेंसी, सोनभद्र।
कौशलेंद्र पांडेय, संवाद न्यूज एजेंसी, सोनभद्र। Published by: Pragati Chand Updated Wed, 12 Aug 2026 09:28 AM IST
सार

Sonbhadra News: सोनभद्र जिले में प्रतिबंधित आर्मेनियाई एप 'जंगी' का  इस्तेमाल किया जा रहा है। इसका खुलासा ओबरा के मेडिकल स्टोर संचालक रितेश जायसवाल की गिरफ्तारी के बाद मामले का हुआ है।

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Banned Armenian app Jangi used in Sonbhadra link to interstate drug network found
प्रतिबंधित एप का सोनभद्र में हो रहा इस्तेमाल - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

Sonbhadra News: प्रतिबंधित आर्मेनियाई एप जंगी का सोनभद्र में इस्तेमाल हो रहा है। आतंकी कनेक्शन उजागर होने के बाद वर्ष 2023 में जिन 14 मोबाइल एप को केंद्र सरकार ने प्रतिबंधित किया था, उसमें जंगी एप भी शामिल था। ओबरा के मेडिकल स्टोर संचालक रितेश जायसवाल की गिरफ्तारी के बाद मामले का खुलासा हुआ है।

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जांच में सामने आई ये बात
पुलिस की जांच में पता चला कि इसका इस्तेमाल सोनभद्र और यहां से सटे सीमावर्ती राज्यों में ड्रग तस्करी के लिए हो रहा है। कोडीन कफ सिरप तस्करी में भी इस एप के इस्तेमाल के संकेत मिले हैं। चार राज्यों से सटे सोनभद्र में पहली बार इस तरह की गतिविधि होने पर अभिसूचना इकाइयों को अलर्ट किया गया है। खुलासे के लिए पुलिस टीमें गठित की गई हैं।
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9 अगस्त को ओबरा पुलिस को सूचना मिली थी कि जंगी एप के जरिये प्रयागराज से हेरोइन की खेप ओबरा पहुंचाई जा रही है और आरोपी अपने घर और मेडिकल स्टोर से इसकी विक्री करता है। इसके बाद पुलिस ने मोहल्ला रविदास नगर निवासी रितेश जायसवाल के चोपन रोड स्थित सुमन मेडिकल स्टोर पर छापा मारा।

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सीओ ओबरा प्रभात राय ने बताया कि पुलिस ने 27.10 ग्राम हेरोइन के साथ रितेश जायसवाल को गिरफ्तार किया था। उसकी निशानदेही पर कोडीनयुक्त कफ सिरप की 100 एमएल वाली 207 शीशियां बरामद कीं। एविल इंजेक्शन की भी 650 शीशियां मिलीं। इनकी कीमत लगभग 3.28 लाख रुपये है।  

अधिकारी बोले
जंगी जैसे एप का तोड़ अभी नहीं निकल पाया है। इसका फायदा उठाकर एप का इस्तेमाल आपराधिक गतिविधियों के लिए किया जा रहा है। सोनभद्र में इसका इस्तेमाल ड्रग तस्करी के लिए किए जाने का प्रकरण सामने आया है। कफ सिरप तस्करी में भी इसके जांच दबिश में जुटी हुई हैं। इस्तेमाल के संकेत मिले हैं। इससे जुड़े नेटवर्क के बारे में पुलिस टीमें लगातार जांच- दबिश में जुटी है। -अभिषेक वर्मा, एसपी 

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