UP: मां की आंखों का तारा था अंकित, तेज रफ्तार कार ने एक झटके में छीन ली जिंदगी; गांव की आंखें हुईं नम
Ballia News: बलिया के फेफना थाना क्षेत्र में रसड़ा-बलिया मार्ग पर एकौनी गांव के पास गुरुवार सुबह अनियंत्रित कार सड़क किनारे झोपड़ी में घुस गई। हादसे में झोपड़ी में मौजूद 10 वर्षीय अंकित कुमार की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद परिवार में कोहराम मच गया। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजकर जांच शुरू कर दी है।
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UP News: बलिया के फेफना थाना क्षेत्र के रसड़ा-बलिया मार्ग पर स्थित एकौनी गांव के सामने बृहस्पतिवार सुबह हुए एक दर्दनाक सड़क हादसे में 10 वर्षीय बालक अंकित कुमार की मौत हो गई। तेज रफ्तार कार अनियंत्रित होकर सड़क किनारे बनी झोपड़ी में जा घुसी, जिसकी चपेट में आने से मासूम की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद पूरे गांव में शोक की लहर दौड़ गई और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
जानकारी के अनुसार रसड़ा की ओर से बलिया जा रही एक कार एकौनी गांव के समीप अचानक अनियंत्रित हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक चालक वाहन पर नियंत्रण नहीं रख सका, जिसके बाद कार सड़क किनारे स्थित एक झोपड़ी से जा टकराई। हादसे के समय झोपड़ी में मौजूद अंकित कुमार (10) पुत्र भोला तुरहा गंभीर रूप से घायल हो गया। टक्कर इतनी भीषण थी कि उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
घटना के बाद क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। आसपास मौजूद ग्रामीण तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे और कार चालक को पकड़ लिया। सूचना मिलने पर फेफना थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने बालक के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया, जबकि दुर्घटनाग्रस्त कार को भी अपने कब्जे में ले लिया है।
परिवार का इकलौता दुलारा था अंकित
हादसे की जानकारी मिलने पर थाना प्रभारी अखिलेश चंद्र पांडेय तथा क्षेत्राधिकारी सदर राकेश कुमार सिंह भी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर उन्हें ढांढस बंधाया और निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया। पुलिस दुर्घटना के कारणों की जांच कर रही है तथा चालक से भी पूछताछ की जा रही है।
अंकित कुमार एकौनी स्थित विद्यालय का छात्र था। वह तीन भाइयों और एक बहन में सबसे छोटा था और परिवार का बेहद दुलारा माना जाता था। उसकी अचानक हुई मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। मां, पिता और अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव के लोगों की आंखें भी नम हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से सड़क सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने और तेज रफ्तार वाहनों पर प्रभावी नियंत्रण लगाने की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसी दर्दनाक घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।