सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   Cyber Fraud Gang that stole Rs 8.38 lakh by sending APK files busted two including kingpin arrested in Varanas

Cyber Fraud: एपीके फाइल भेजकर 8.38 लाख उड़ाने वाले गैंग का पर्दाफाश, सरगना समेत दो गिरफ्तार

अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी। Published by: Pragati Chand Updated Tue, 10 Mar 2026 02:24 PM IST
विज्ञापन
सार

Varanasi News: ट्रोजन व एसएमएस फॉरवर्डर एपीके फाइल भेजकर बैंक खाते से 8.38 लाख की साइबर ठगी करने वाले गैंग का पर्दाफाश करते हुए साइब क्राइम पुलिस ने सरगना समेत दो को गिरफ्तार किया है। 

Cyber Fraud Gang that stole Rs 8.38 lakh by sending APK files busted two including kingpin arrested in Varanas
सरगना समेत दो गिरफ्तार - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार

साइबर क्राइम पुलिस ने ट्रोजन व एसएमएस फॉरवर्डर आधारित एपीके फाइल भेजकर बैंक खातों से पैसे उड़ाने वाले अंतरराज्यीय साइबर ठग गिरोह का पर्दाफाश करते हुए उसके सरगना समेत दो अपराधियों को पश्चिम बंगाल के अंडाल रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से छह आईफोन, नौ एंड्रायड मोबाइल फोन और 1,52,100 रुपये नकद बरामद किए हैं।

Trending Videos


पुलिस के अनुसार, 5 जनवरी 2026 को रामनगर थाना क्षेत्र के मछरहट्टा निवासी अनूप गुप्ता ने साइबर क्राइम थाना वाराणसी में शिकायत दर्ज कराई थी कि साइबर अपराधियों ने उनके बैंक खाते को हैक कर 8,38,402 रुपये की ठगी कर ली। इस मामले में थाना साइबर क्राइम में मुकदमा संख्या 02/2026 धारा 318(4) बीएनएस व 66डी आईटी एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज किया गया, जिसमें बाद में धारा 61(2), 317(2), 338, 336(3) और 340(2) बीएनएस की बढ़ोत्तरी की गई। 
विज्ञापन
विज्ञापन


मामले की विवेचना प्रभारी निरीक्षक उदयबीर सिंह कर रहे थे। टीम ने इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस और डिजिटल फुटप्रिंट के आधार पर कार्रवाई करते हुए पश्चिम बंगाल के अंडाल रेलवे स्टेशन से दो शातिर साइबर अपराधियों को गिरफ्तार किया। 

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान नागेश्वर मंडल (30) निवासी ग्राम भादुर थाना अंडाल जिला पश्चिमी बर्धमान (हाल पता) व मूल निवासी मोहनपुर थाना नरायनपुर जिला जामताड़ा झारखंड तथा अक्षय मंडल उर्फ पिंटू (24) निवासी ग्राम भादुर थाना अंडाल जिला पश्चिमी बर्धमान (हाल पता) व मूल निवासी सियाताड़ थाना करमाटांड़ जिला जामताड़ा झारखंड के रूप में हुई है।

ऐसे करते थे साइबर ठगी

पुलिस के अनुसार, आरोपी पहले बैंक और आरटीओ चालान भुगतान से संबंधित फर्जी डिजिटल फ्लायर बनाकर लोगों को एक कूटरचित एपीके फाइल के साथ भेजते थे। जैसे ही पीड़ित उस एप्लीकेशन को मोबाइल में इंस्टॉल करता था, उसका मोबाइल एक्सेस और आने वाले सभी एसएमएस ठगों के पास पहुंच जाते थे।

इसके बाद आरोपी एसएमएस बॉम्बर के जरिए सैकड़ों टारगेटेड यूजर को मैसेज भेजकर भ्रम की स्थिति पैदा करते थे। इसी दौरान वे पीड़ित के बैंक खाते से ट्रांजेक्शन कर पैसे निकाल लेते थे। ठगी की रकम टेलीग्राम बॉट के माध्यम से म्यूल बैंक खातों में ट्रांसफर कर दी जाती थी और फिर कार्डलेस पेमेंट के जरिए नकद निकाली जाती थी।

पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी नागेश्वर मंडल के खिलाफ झारखंड के साइबर क्राइम थाना जामताड़ा में भी धोखाधड़ी और आईटी एक्ट की विभिन्न धाराओं में पहले से मुकदमा दर्ज है। पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश कर रही है।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed