फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   Ganga water level rises in Varanasi 3,000 boats and darshan of Kashi Vishwanath via Ganga Dwar suspended

काशी में गंगा उफान पर: 3000 नावें थमीं, गंगा द्वार से काशी विश्वनाथ के दर्शन बंद; मणिकर्णिका तक पहुंचा पानी

Mon, 10 Aug 2026 11:44 AM IST
Pragati Chand अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।
अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी। Published by: Pragati Chand Updated Mon, 10 Aug 2026 11:44 AM IST
सार

Varanasi News: काशी में गंगा का जलस्तर दो सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से बढ़ रहा है। ऐसे में नावों का संचालन बंद कर दिया गया है। केवल क्रूज के संचालन की अनुमति दी गई है। 

विज्ञापन
Ganga water level rises in Varanasi 3,000 boats and darshan of Kashi Vishwanath via Ganga Dwar suspended
गंगा के बढ़ते जलस्तर के बीच नावों का संचालन बंद - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

गंगा का जलस्तर बढ़ने से रविवार की देर शाम से गंगा द्वार बंद कर दिया गया। अब गंगा द्वार से श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में दर्शन नहीं हो सकेंगे। दूसरी तरफ, सावन के दूसरे सोमवार यानी आज से गंगा में छोटी-बड़ी 3000 से ज्यादा नावों का संचालन भी बंद हो गया। सिर्फ क्रूज का ही संचालन हो सकेगा। 

विज्ञापन


जल पुलिस का कहना है कि दो सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से जलस्तर बढ़ रहा है। नावों का संचालन खतरनाक हो सकता है। श्रद्धालुओं की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जा सकता है। नावों के संचालन पर सख्ती से प्रतिबंध रहेगा। आदेशों की अनदेखी पर कार्रवाई होगी। 
विज्ञापन


पहाड़ों और मैदानी क्षेत्रों में बारिश से गंगा का जलस्तर रविवार को 63.78 मीटर पहुंच गया जो चेतावनी बिंदु के निशान से 6.48 मीटर नीचे है। चेतावनी का निशान 70.24 मीटर है। पानी घाट की सीढ़ियों के ऊपर तक पहुंच गया है। इससे नए और पुराने 90 घाटों का आपसी संपर्क टूट गया है। सीढ़ियों के रास्ते एक से दूसरे घाट तक नहीं जाया जा सकेगा। पानी ललिता घाट के ऊपर काशी विश्वनाथ मंदिर के गंगा द्वार तक पहुंच गया। 
विज्ञापन
विज्ञापन


इसे भी पढ़ें; सावन 2026: श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं देना प्रशासन की प्राथमिकता, विश्वनाथ धाम का निरीक्षण कर बोले डीएम

इसी तरह दशाश्वमेध घाट के ऊपरी हिस्से में पानी आ गया है। घाट पर बैठ कर अब गंगा आरती नहीं देखी जा सकेगी। जलस्तर बढ़ने की वजह से आरती स्थल शनिवार को ही बदल गया था। रविवार को भी आरती स्थल पांच फीट और पीछे करना पड़ा। वहीं, मणिकर्णिका घाट तक पानी पहुंच गया है। जलस्तर ऐसे ही बढ़ता रहा तो शवदाह स्थल बदलना पड़ेगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed